Health

बालों की ग्रोथ से लेकर अच्छी नींद तक, हर समस्या का समाधान नहीं हैं वेलनेस गमीज! खाने से पहले जान लें ये बातें

दिल्ली: आजकल बाजार में वेलनेस गमीज का चलन तेजी से बढ़ रहा है. बालों की सेहत से लेकर नींद, तनाव और शरीर में पोषक तत्वों की कमी दूर करने तक के लिए अलग-अलग तरह की गमीज़ बेची जा रही हैं. इसका स्वाद अच्छा होता है और इन्हें खाने का तरीका भी आसान है. यही वजह है कि कई लोग इन्हें सामान्य कैंडी की तरह इस्तेमाल करने लगते हैं, लेकिन क्या हर वेलनेस गमी शरीर के लिए सुरक्षित होती है. क्या आयुर्वेदिक होने या नेचुरल होने का मतलब है कि इससे कोई नुकसान नहीं हो सकता है. इस बारे में आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. सायली हेडाऊ ने जरूरी बातें बताई हैं. आइये जानते हैं इसके बारे में.

क्या हर वेलनेस गमी सुरक्षित होती है

डॉ. सायली हेडाऊ के मुताबिक, यह मानना बिल्कुल गलत है कि हर वेलनेस गमी या आयुर्वेदिक प्रोडक्ट पूरी तरह सुरक्षित होता है. उसका कोई साइड इफेक्ट नहीं हो सकता है. किसी भी प्रोडक्ट का इस्तेमाल करने से पहले उसकी सामग्री और गुणवत्ता के बारे में जानकारी होना जरूरी है. सिर्फ आयुर्वेदिक या नेचुरल होने के आधार पर किसी उत्पाद को पूरी तरह सुरक्षित नहीं माना जा सकता है.

गमी खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान

डॉ. हेडाऊ सलाह देती हैं कि किसी भी वेलनेस गमी को खरीदने या इस्तेमाल करने से पहले उसके पैकेट पर दी गई. जानकारी ध्यान से पढ़ें. उसमें कौन-कौन से इनग्रेडिएंट्स का इस्तेमाल किया गया है, उनकी मात्रा कितनी है और उत्पाद के निर्माण में जरूरी गुणवत्ता मानकों का पालन किया गया है या नहीं, इन बातों की जांच करना जरूरी है.

इसके अलावा, यह भी देखना चाहिए कि उत्पाद के पास संबंधित नियमों के तहत जरूरी लाइसेंस या अनुमति है या नहीं. आयुर्वेदिक उत्पादों के मामले में निर्माण प्रक्रिया और शोधन की गुणवत्ता भी महत्वपूर्ण हो सकती है. इसलिए केवल विज्ञापन या पैकेट पर किए गए दावों के आधार पर किसी प्रोडक्ट को अपनी दिनचर्या में शामिल नहीं करना चाहिए.

डॉक्टर की सलाह के बिना न करें इस्तेमाल

कई लोग सोशल मीडिया पर किसी वेलनेस गमी के बारे में देखकर या दूसरों को उसका इस्तेमाल करते हुए देखकर उसे खरीद लेते हैं, लेकिन हर व्यक्ति की शारीरिक जरूरतें अलग होती हैं. जो उत्पाद किसी एक व्यक्ति के लिए उपयोगी हो सकता है, जरूरी नहीं कि वह दूसरे के लिए भी सही हो. डॉ. हेडाऊ के मुताबिक, किसी भी गमी या आयुर्वेदिक उत्पाद का इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है.

क्योंकि डॉक्टर व्यक्ति की जरूरत के हिसाब से बता सकते हैं कि संबंधित उत्पाद उसके लिए उपयोगी है या नहीं और उसकी सामग्री से किसी तरह का जोखिम हो सकता है या नहीं. कुछ उत्पादों में मौजूद इनग्रेडिएंट्स अन्य दवाओं के साथ प्रतिक्रिया कर सकते हैं. इसके अलावा, किसी खास तत्व का बहुत अधिक सेवन करने या किसी उत्पाद का गलत तरीके से इस्तेमाल करने से समस्याएं हो सकती हैं. इसलिए, गमीज़ को केवल स्वादिष्ट या आसानी से खाई जा सकने वाली चीज़ों के रूप में नहीं देखना चाहिए. इसके हमेशा डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए.

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj