बरसात के मौसम में पेट से जुड़ी परेशानियां क्यों बढ़ जाती हैं? डॉक्टर से जानें 5 सबसे बड़ी वजह

Last Updated:June 23, 2026, 17:23 IST
Monsoon Health Alert: मानसून के दौरान पेट से जुड़ी समस्याएं जैसे गैस, अपच, दस्त और फूड पॉइजनिंग के मामले बढ़ जाते हैं. डॉक्टर्स के अनुसार दूषित पानी, खराब खाना, बढ़ते बैक्टीरिया और कमजोर पाचन तंत्र इसके कारण हो सकते हैं. बरसात में पेट को स्वस्थ रखने के लिए खान-पान में विशेष ध्यान रखना चाहिए.बरसात में बैक्टीरिया और वायरस का प्रकोप बढ़ जाता है, जिससे पेट की समस्याएं भी बढ़ जाती हैं.
Rainy Season and Stomach Problems: बरसात के मौसम में खानपान का विशेष ध्यान रखना चाहिए. इस मौसम में जरा सी लापरवाही से कई समस्याएं पैदा हो सकती हैं. खासकर बारिश में पेट से जुड़ी परेशानियां जैसे अपच, गैस, दस्त, फूड पॉइजनिंग और पेट दर्द के मामले काफी बढ़ जाते हैं. डॉक्टर्स की मानें तो मानसून के दौरान वातावरण में बढ़ी नमी और संक्रमण फैलाने वाले सूक्ष्मजीवों की सक्रियता बढ़ जाती है. इससे खाने-पीने की चीजें जल्दी खराब होने लगती हैं और पानी में भी कंटामिनेशन का खतरा बढ़ जाता है. जब लोग कंटामिनेटेड चीजों का सेवन करते हैं, तो इससे तबीयत बिगड़ जाती है.
नई दिल्ली के सर गंगाराम हॉस्पिटल के गैस्ट्रो डिपार्टमेंट के चेयरमैन डॉ. अनिल अरोड़ा ने को बताया बरसात में पानी के दूषित होने का खतरा बढ़ जाता है. कई बार घरों में आने वाले पानी में बारिश या सीवर का पानी मिल जाता है. ऐसे पानी के सेवन से बैक्टीरिया, वायरस और पैरासाइट शरीर में घुस सकते हैं. इससे दस्त, उल्टी और पेट के इंफेक्शन की समस्या हो सकती है. बरसात में चाट, पकौड़े और अन्य स्ट्रीट फूड खाने का मन ज्यादा करता है. खुले में रखी खाने-पीने की चीजों में बैक्टीरिया तेजी से पनप सकते हैं. खाना साफ-सफाई से तैयार न किया गया हो, तो फूड पॉइजनिंग और अन्य समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है.
डॉक्टर अरोड़ा का मानना है कि मानसून के दौरान पाचन तंत्र काफी सेंसिटिव हो सकता है. इस मौसम में भारी, तला-भुना और मसालेदार खाना खाने से अपच, गैस और पेट फूलने जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं. बरसात में वातावरण में नमी ज्यादा होने के कारण बैक्टीरिया और फंगस तेजी से बढ़ सकते हैं. यही वजह है कि खाना जल्दी खराब होने लगता है. लंबे समय तक रखा हुआ या ठीक से स्टोर न किया गया खाना पेट के संक्रमण का कारण बन सकता है. बच्चे, बुजुर्ग और कमजोर इम्यूनिटी वाले लोगों को मानसून में पेट के इंफेक्शन का रिस्क ज्यादा होता है. ऐसे लोगों को खाने और पानी की स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना चाहिए.
एक्सपर्ट के मुताबिक बरसात के मौसम में केवल साफ और सुरक्षित पानी का सेवन करें. बाहर के कटे हुए फल और खुले में रखा खाना खाने से बचें. खाने को ताजा और अच्छी तरह पकाकर ही खाएं. हाथों की स्वच्छता का ध्यान रखें और खाने से पहले हाथ जरूर धोएं. अगर दस्त, उल्टी, पेट दर्द या बुखार की समस्या हो, शरीर में पानी की कमी महसूस हो या स्थिति गंभीर लगे, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए. समय पर इलाज कराना बेहद जरूरी होता है.
सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.About the Authorअमित उपाध्याय
अमित उपाध्याय हिंदी की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें
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