Rajasthan

IMD का अलर्ट! जयपुर-अजमेर समेत 31 जिलों में गरजेंगे बादल, जानें अपने जिले का हाल

जयपुर. राजस्थान में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ता नजर आ रहा है. आईएमडी के अनुसार, अगले 2 से 3 दिनों के दौरान मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं. इस दौरान उत्तर अरब सागर, गुजरात के कुछ और हिस्सों, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के शेष क्षेत्रों के साथ उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ इलाकों में भी मानसून आगे बढ़ने की संभावना है. इसका असर राजस्थान में भी देखने को मिलेगा, जहां आगामी 4 से 5 दिनों तक 31 से अधिक जिलों में मेघगर्जन के साथ बारिश, वज्रपात और तेज हवा चलने की संभावना को लेकर अलर्ट जारी किया गया है.

जयपुर मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार, वर्तमान में उत्तर प्रदेश के मध्य भाग से पश्चिम विदर्भ तक मध्य प्रदेश के ऊपर 1.5 किलोमीटर की ऊंचाई पर ट्रफ (द्रोणिका) सक्रिय बनी हुई है. इसके अलावा उत्तर गुजरात और आसपास के क्षेत्रों के ऊपर 3.1 से 5.8 किलोमीटर की ऊंचाई के बीच ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है. वहीं हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों के ऊपर इसी ऊंचाई पर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है. इन मौसमी प्रणालियों के कारण उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में बारिश की गतिविधियों को मजबूती मिल रही है. राजस्थान में भी दो से तीनों में मानसून जोर पकड़ सकता है.

मौसम विभाग ने सोमवार के लिए पूर्वी राजस्थान के 26 और पश्चिमी राजस्थान के 5 जिलों में मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है.

जयपुर में बादल छाए रहने के साथ बारिश की संभावना

जयपुर मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार, सोमवार को जयपुर में मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा. दिनभर आंशिक से लेकर घने बादल छाए रहने की संभावना है. मानसूनी गतिविधियां सक्रिय रहने के कारण शहर में एक या एक से अधिक दौर में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में तेज बारिश भी दर्ज होने की संभावना है. मौसम विभाग ने मेघगर्जन और वज्रपात को लेकर भी सतर्क रहने की सलाह दी है. इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं. बारिश के प्रभाव से अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिल सकती है. मौसम विभाग ने खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी है.

राजस्थान के 6 संभागों में अगले 4-5 दिन बारिश के आसार

आईएमडी के अनुसार, बीकानेर, जयपुर, भरतपुर, उदयपुर, अजमेर और कोटा संभाग के कई हिस्सों में अगले चार से पांच दिनों तक मेघगर्जन के साथ मध्यम से कहीं-कहीं तेज बारिश होने की प्रबल संभावना है. पूर्वी राजस्थान में मानसूनी गतिविधियां अधिक सक्रिय रहने का अनुमान है, जबकि पश्चिमी राजस्थान में भी कई स्थानों पर बारिश दर्ज हो सकती है. हालांकि पश्चिमी जिलों में कुछ स्थानों पर गर्मी और उमस का असर बना रह सकता है.

आईएमडी के अनुसार, अगले 2 से 3 दिनों में मानसून के और सक्रिय होने की संभावना है.

31 जिलों के लिए बारिश, वज्रपात और तेज हवा का अलर्ट

मौसम विभाग ने 29 जून यानी साेमवार को पूर्वी राजस्थान के 26 और पश्चिमी राजस्थान के 5 जिलों के लिए मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवा का अलर्ट जारी किया है. पूर्वी राजस्थान के अजमेर, बांसवाड़ा, अलवर, बारां, ब्यावर, भरतपुर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, डूंगरपुर, प्रतापगढ़, सलूंबर, राजसमंद, सिरोही, टोंक, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटा, कोटपूतली-बहरोड़, सवाई माधोपुर, सीकर और उदयपुर में मेघगर्जन के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने और वज्रपात की संभावना है. वहीं पश्चिमी राजस्थान के चूरू, पाली, श्रीगंगानगर, डीडवाना-कुचामन और हनुमानगढ़ में मेघगर्जन के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं.

लोगों से सावधानी बरतने की अपील

मौसम विभाग का कहना है कि सक्रिय हो रहे मानसून से किसानों को खरीफ फसलों की बुवाई में राहत मिलेगी और कृषि कार्यों को गति मिलेगी. वहीं लोगों को मेघगर्जन और वज्रपात के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी गई है. निचले इलाकों में जलभराव और फिसलन की स्थिति भी बन सकती है. मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां और अधिक मजबूत होने की संभावना है.

राजस्थान में अगले कितने दिनों तक बारिश की संभावना है

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, राजस्थान में अगले 4 से 5 दिनों तक मानसूनी गतिविधियां सक्रिय रहने की संभावना है. इस दौरान राज्य के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, कहीं-कहीं तेज बारिश, मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाएं चल सकती हैं. विशेष रूप से पूर्वी राजस्थान में बारिश का असर अधिक रहने का अनुमान है, जबकि पश्चिमी राजस्थान के कई हिस्सों में भी अच्छी बारिश दर्ज हो सकती है.

किन जिलों के लिए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है

मौसम विभाग ने पूर्वी राजस्थान के 26 और पश्चिमी राजस्थान के 5 जिलों के लिए मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है. जयपुर, अजमेर, कोटा, उदयपुर, भरतपुर, बांसवाड़ा, अलवर, भीलवाड़ा, टोंक, सीकर, सवाई माधोपुर समेत कई जिलों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और बारिश की संभावना जताई गई है.

जयपुर में सोमवार को मौसम कैसा रहने का अनुमान है

जयपुर में सोमवार को दिनभर आंशिक से घने बादल छाए रहने की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार, शहर में एक या एक से अधिक दौर में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में तेज बारिश भी दर्ज हो सकती है. इसके साथ मेघगर्जन, वज्रपात और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की भी संभावना है.

राजस्थान में बारिश बढ़ने की मुख्य वजह क्या है

राजस्थान में बारिश की गतिविधियां कई सक्रिय मौसमी प्रणालियों के कारण बढ़ रही हैं. मध्य प्रदेश के ऊपर सक्रिय ट्रफ, उत्तर गुजरात के ऊपर बने ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण और हरियाणा के ऊपर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य में नमी बढ़ रही है. यही कारण है कि पूर्वी और दक्षिणी राजस्थान में मानसून अधिक सक्रिय हो गया है और आने वाले दिनों में बारिश की संभावना बनी हुई है.

मौसम विभाग ने लोगों को क्या सलाह दी है

मौसम विभाग ने लोगों से मेघगर्जन और वज्रपात के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है. खराब मौसम के समय खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है. साथ ही तेज बारिश के दौरान निचले इलाकों में जलभराव और फिसलन की स्थिति बन सकती है, इसलिए अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है.

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj