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Kuldeep Yadav Test career: क्या कुलदीप यादव का टेस्ट करियर भी खत्म, जहां जडेजा-सुथार बने बाजीगर, वहां क्यों निकला ‘चाइनामैन’ का बम फुस्सी

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क्या कुलदीप का टेस्ट करियर भी खत्म? जड्डू-सुथार के आगे चाइनामैन की कहानी फीकी

Last Updated:August 20, 2026, 10:36 IST

Kuldeep Yadav: गॉल टेस्ट में कुलदीप यादव इतने बेअसर साबित हुए कि जो श्रीलंकाई बल्लेबाज मानव सुथार और रवींद्र जडेजा को खेलने में हिचक रहे थे वह उनके खिलाफ आसानी से रन बनाए जा रहे थे, लेकिन क्या इसे कुलदीप के टेस्ट करियर का अंत मान लें? क्या टी-20 के बाद वह भारतीय टेस्ट टीम से भी धीरे-धीरे दरकिनार कर दिए जाएंगे. कोलंबो टेस्ट उनके करियर का अहम पड़ाव होगा. कुलदीप ने भारत के लिए 19 टेस्ट में 80 विकेट लिए हैं.क्या कुलदीप का टेस्ट करियर भी खत्म? जड्डू-सुथार के आगे चाइनामैन की कहानी फीकीZoomकुलदीप यादव के टेस्ट करियर पर सवालिया निशान

गॉल टेस्ट मैच शुरू होने से पहले कुलदीप यादव के प्रति क्रिकेट फैंस का जो सॉफ्ट कॉर्नर था वो अब धीरे-धीरे चिढ़ में बदल रहा है. जो सहानुभूति थी वो नफरत में तब्दील हो रही है. पहले लोग कह रहे थे कि कुलदीप यादव के साथ अन्याय होता है. इतने सीनियर प्लेयर को मैच नहीं खिलाया जाता. प्लेइंग इलेवन में शामिल नहीं किया जाता. मगर श्रीलंका के खिलाफ जिस गॉल के मैदान पर 20 में से 15 विकेट स्पिनर्स को मिले, वहां कुलदीप यादव बेहद फीके और हल्के नजर आए.

जड्डू-सुथार को 14 तो कुलदीप को सिर्फ एक विकेट क्यों?19 अगस्त को खत्म हुए दो टेस्ट मैच की सीरीज के पहले मुकाबले में भारत ने श्रीलंका को 165 रन के बड़े अंतर से हराया. जितनी बड़ी भारत की ये जीत थी, उतना ही बड़ा सवाल कुलदीप यादव के प्रदर्शन को लेकर खड़ा हो चुका है. जिस पिच पर दो लेफ्ट आर्म ऑर्थोडॉक्स स्पिनर्स रवींद्र जडेजा (चार विकेट) और मानव सुथार (10 विकेट) ने श्रीलंकाई बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया, वहां कुलदीप फ्लॉप क्यों हो गए?

मुरली कार्तिक ने कुलदीप यादव की वकालत की.

क्या कुलदीप यादव के तर्कश में तीर खत्म?बाएं हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव ने पहली पारी में 14 ओवर में 65 रन देकर एक विकेट लिया. दूसरी पारी में वह विकेट के लिए तरसते रहे. यह प्रदर्शन इसलिए भी चुभता है क्योंकि एक्सपर्ट मान रहे थे कि गॉल की कंडीशन कुलदीप यादव के लिए बिलकुल मुफीद है. कुलदीप यादव की सबसे बड़ी ताकत बल्लेबाज के दिमाग से खेलना है, लेकिन इस टेस्ट में न वह सही गुगली फेंक पाए, न गेंद को तेजी घूमा पाए.

सिर्फ टर्न नहीं बात कंट्रोल की भी तो हैगॉल में रवींद्र जडेजा और मानव सुथार ने सिर्फ गेंद टर्न करके विकेट हासिल नहीं किया बल्कि दोनों लगातार सही लाइन और लैंथ पर भी फेंकते रहे, जिससे बल्लेबाजों पर दबाव बना और फिर विकेट मिले जबकि कुलदीप की चुनौती अलग है. वह पारंपरिक फिंगर स्पिनर नहीं हैं. कुलदीप तभी असरदार साबित होंगे, जब वह हवा में बदलाव करेंगे. उनकी रिस्ट पोजिशन सही होगी. पिच पर पड़ने के बाद उनकी गेंद टर्न होगी. अगर वह लैंथ से थोड़ा सा भी चूकते हैं तो बल्लेबाजों के लिए उन्हें पढ़ना आसान हो जाता है. गॉल में शायद यही हुआ.

क्या कुलदीप का टेस्ट करियर भी खत्म?आप मानें या न माने कुलदीप यादव को टेस्ट क्रिकेट में कभी वह निरंतरता मिली ही नहीं, जिसकी एक एक्सपर्ट स्पिनर को जरूरत होती है. यानी समस्या यह भी है कि कुलदीप को जिस भी मैच में मौका मिलता है वह खुद को साबित करने वाली पोजिशन में ही होते हैं. टेस्ट क्रिकेट में यह आदर्श परिस्थिति नहीं है. गॉल टेस्ट में भी वह लंबे स्पैल नहीं कर रहे थे. कप्तान उन्हें सिर्फ तभी गेंद थमा रहा था, तब पहले से पार्टनरशिप जम चुकी थी और उन्हें विकेट चाहिए थे. कूकूबुरा बॉल वैसे भी पुरानी होने के बाद कुलदीप यादव जैसे स्पिनर के लिए हमेशा मुश्किल होगी.

अब खुद का करियर बचाने की लड़ाईकुलदीप यादव की लड़ाई अब सिर्फ रवींद्र जडेजा से नहीं है. मानव सुथार ने गॉल में जिस तरह गेंदबाजी की है, उसने टीम मैनेजमेंट के सामने एक नया और ताजा विकल्प खड़ा कर दिया है. इतना ही नहीं स्क्वॉड में शामिल किए गए ऑफ स्पिनर सारांश जैन भी बेसब्री से अपने टेस्ट डेब्यू का इंतजार कर रहे हैं, जिनका घरेलू क्रिकेट में रिकॉर्ड शानदार है और वह बॉल के साथ लोअर ऑर्डर में बैट से भी योगदान दे सकते हैं. यही कुलदीप के लिए सबसे बड़ा खतरा है. टी-20 के लिए तो टीम इंडिया वैसे भी उन पर भरोसा नहीं जताती. कुलदीप के लिए अगला टेस्ट सिर्फ एक और मैच नहीं होगा. यह तय करने की दिशा में बड़ा कदम होगा कि वह भारत के फ्रंटलाइन स्पिनर होंगे या सिर्फ स्पिन विकल्प.

About the AuthorAnshul TalmaleDeputy News Editor

अंशुल तलमले फरवरी 2025 से नेटवर्क18 ग्रुप में डिप्टी न्यूज एडिटर की जर्सी पहनकर स्पोर्ट्स डेस्क की कप्तानी कर रहे हैं. यहां स्पोर्ट्स कंटेंट प्लानिंग, एडिटोरियल डायरेक्शन एंड स्ट्रे…

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New Delhi,Delhi

First Published :

August 20, 2026, 10:36 IST

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