आधार से जन आधार तक कई सुविधाएं एक जगह, कोटा ग्रामीण के जनसेवा शिविर में लोगों को मिला बड़ा फायदा

कोटा: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अपने संसदीय क्षेत्र के ग्रामीण अंचल में जन कल्याणकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत का जायजा लेने के लिए कोटा ग्रामीण के गंदीफली में आयोजित ‘सांसद जन सेवा शिविर’ का औचक निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने शिविर में मौजूद आमजन की समस्याओं को व्यक्तिगत रूप से सुना और मौके पर मौजूद अधिकारियों को उनके तुरंत समाधान के निर्देश दिए.
मध्य प्रदेश की सीमा से सटे सुदूर ग्रामीण इलाकों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने के उद्देश्य से इस अभियान की शुरुआत की गई है. इसके तहत विभिन्न ग्रामीण अंचलों में सिलसिलेवार शिविरों का आयोजन किया जा रहा है.
एक ही छत के नीचे मिल रहा योजनाओं का लाभगंदीफली में आयोजित शिविर के दौरान लाभार्थियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. इस पहल का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को अलग-अलग दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति दिलाना है. इन शिविरों के माध्यम से लोगों को एक ही छत के नीचे विभिन्न विभागों की सेवाएं और सभी तरह की सुविधाएं सुलभ कराई जा रही हैं. शिविरों में विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी आपसी समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं, जिससे पात्र परिवारों के दस्तावेजों का ऑन-द-पॉइंट सत्यापन, त्रुटि-सुधार (करेक्शन) और नवीन पंजीकरण की प्रक्रिया सुगम हो गई है. आमजन को विभिन्न सरकारी जनकल्याणकारी योजनाओं से सीधे जोड़ने के लिए यह अभियान एक प्रभावी माध्यम साबित हो रहा है.
शिविर में उपलब्ध प्रमुख सेवाएंगंदीफली के इस शिविर में ग्रामीण अंचल के लोगों की सुविधा के लिए कई महत्वपूर्ण काउंटर स्थापित किए गए थे, जहां निम्नलिखित सेवाएं एक ही स्थान पर प्रदान की गईं:
पहचान और दस्तावेज सेवाएं: शिविर में [Aadhaar Redacted] बनवाने और उनमें संशोधन, तथा जन आधार कार्ड बनवाने व उनमें नाम-पते की त्रुटियों को सुधारने की विशेष सुविधा दी गई.
खाद्य सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा: गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए खाद्य सुरक्षा पात्रता का सत्यापन किया गया. साथ ही, वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांगजन जैसी सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के लिए नए पंजीकरण किए गए.
स्वास्थ्य सेवाएं: शिविर में स्वास्थ्य विभाग की सहभागिता से लाभार्थियों की निशुल्क स्वास्थ्य जांच की गई तथा चिकित्सकों के परामर्श के बाद जरूरतमंद मरीजों को आवश्यक दवाइयां भी निशुल्क वितरित की गईं.
त्वरित निस्तारण के निर्देशनिरीक्षण के दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अधिकारियों से साफ कहा कि सरकार की मंशा अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने की है. इसमें किसी भी प्रकार की प्रशासनिक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने शिविर में आए बुजुर्गों, महिलाओं और युवाओं से बातचीत कर योजनाओं की जमीनी स्थिति की जानकारी ली. इस प्रकार के जन सेवा शिविरों के आयोजन से सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों का समय और पैसा दोनों बच रहा है, साथ ही सरकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ पारदर्शिता के साथ सीधे पत्रु लाभार्थियों तक पहुंच रहा है.



