Cancer Prevention Tips: तंबाकू-सिगरेट की आदत पड़ सकती है भारी, डॉक्टर ने बताया कैंसर से बचने का तरीका

Last Updated:September 12, 2026, 21:06 IST
आगरा: गुटका, तंबाकू, सिगरेट और शराब का सेवन स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकता है. आगरा जिला अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक आशीष मित्तल के अनुसार, मुंह में लंबे समय तक रहने वाला घाव, सफेद या लाल दाग, लगातार खांसी, निगलने में परेशानी और अचानक वजन कम होना जैसे बदलावों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. समय पर जांच और स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर गंभीर बीमारियों के खतरे को कम किया जा सकता है.
आगरा: उत्तर प्रदेश के आगरा में कैंसर के मामलों को लेकर चिकित्सकों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. जिला अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक आशीष मित्तल के अनुसार, गुटका, तंबाकू, सिगरेट और शराब जैसी आदतें कैंसर का खतरा बढ़ा सकती हैं. खासकर मुंह, गले और फेफड़ों से जुड़े कैंसर के मामलों में इनका सेवन एक प्रमुख जोखिम कारक माना जाता है.
डॉ. मित्तल ने बताया कि शरीर में लंबे समय तक बने रहने वाले असामान्य बदलावों को सामान्य समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. कैंसर के शुरुआती संकेतों में मुंह में लंबे समय तक न भरने वाला घाव, सफेद या लाल दाग, लगातार खांसी, आवाज में बदलाव, निगलने में परेशानी, शरीर में असामान्य गांठ, अचानक वजन कम होना, लगातार कमजोरी और बिना किसी स्पष्ट कारण के दर्द शामिल हो सकते हैं. हालांकि, ये लक्षण अन्य बीमारियों में भी दिखाई दे सकते हैं, इसलिए ऐसे लक्षण होने पर डॉक्टर की सलाह लेकर जरूरी जांच कराना महत्वपूर्ण है.
उन्होंने कहा कि कैंसर से बचाव के लिए तंबाकू, गुटका और धूम्रपान से पूरी तरह दूरी बनानी चाहिए. शराब के सेवन से भी बचना चाहिए. इसके साथ घर का ताजा और पौष्टिक भोजन, नियमित व्यायाम और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच पर ध्यान देना जरूरी है. कैंसर की पहचान शुरुआती अवस्था में होने पर इलाज की संभावना बेहतर हो सकती है, इसलिए किसी भी संदिग्ध लक्षण को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.
Add as Preferred Source on Google
आगरा के जिला अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक आशीष मित्तल ने युवाओं और किशोरों में बढ़ती तंबाकू और नशे की आदतों को लेकर भी चिंता जताई. उन्होंने बताया कि गुटका, तंबाकू और सिगरेट का लगातार सेवन मुंह के कैंसर समेत कई गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ा सकता है. कम उम्र में कई युवा गलत संगत में पड़कर गुटका, सिगरेट और शराब जैसी चीजों का सेवन शुरू कर देते हैं. शुरुआत में इसे शौक या फैशन समझा जाता है, लेकिन धीरे-धीरे यह आदत गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकती है.
डॉ. मित्तल के मुताबिक, कम उम्र में नशे की शुरुआत भविष्य में शरीर पर बुरा असर डाल सकती है. मुंह में लंबे समय तक रहने वाले घाव, सफेद या लाल दाग, जलन और निगलने में परेशानी जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की.
चिकित्सक ने कहा कि कैंसर हो या कोई अन्य गंभीर बीमारी, समय रहते पहचान और उपचार मिलने से मरीज को बेहतर इलाज मिल सकता है. बीमारी के लक्षणों को नजरअंदाज करना कई बार गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है. उन्होंने लोगों को स्वस्थ खानपान अपनाने की सलाह देते हुए बाहर के अस्वच्छ भोजन और अत्यधिक पैकेटबंद खाद्य पदार्थों के सेवन से बचने को कहा. शरीर को स्वस्थ रखने के लिए घर का ताजा और पौष्टिक भोजन जरूरी है. उन्होंने लोगों से साल में कम से कम एक बार सामान्य स्वास्थ्य जांच कराने की भी अपील की, ताकि किसी बीमारी का पता शुरुआती चरण में लगाया जा सके. डॉ. मित्तल के अनुसार, जिला अस्पताल में कई आवश्यक जांचें निशुल्क उपलब्ध हैं. ऐसे में लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहते हुए समय पर जांच और चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए.
न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।First Published :
September 12, 2026, 21:06 IST



