Health Tips: हर महीने बढ़ रहे हैं पीरियड्स से पहले के लक्षण तो न करें इग्नोर, डॉक्टर से ले सलाह

Last Updated:September 20, 2026, 15:25 IST
Premenstrual Symptoms: पीरियड्स से कुछ दिन पहले महिलाओं के शरीर में मूड स्विंग, पेट फूलना, बार-बार खाने की इच्छा, सिरदर्द और दर्द जैसे बदलाव हो सकते हैं. लेकिन अगर ये लक्षण हर महीने बढ़ रहे हैं या रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित कर रहे हैं, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है. पीरियड्स में देरी, जल्दी आना या दो पीरियड्स के बीच अचानक ब्लीडिंग होना भी ध्यान देने योग्य संकेत हैं. महिलाओं को अपने शरीर के बदलावों और लक्षणों के पैटर्न पर नजर रखनी चाहिए.
नई दिल्ली: महिला स्वास्थ्य को लेकर आयुर्वेदिक फिजिशियन डॉ. पूजा बताती हैं कि पीरियड्स से कुछ दिन पहले महिलाओं के शरीर में कई तरह के बदलाव महसूस हो सकते हैं. किसी को मूड स्विंग की समस्या होती है. वहीं, कुछ महिलाओं को पेट फूलने की शिकायत रहती है. कुछ महिलाओं को बार-बार कुछ खाने का मन करता है. इसके अलावा सिरदर्द, माइग्रेन या सर्वाइकल एरिया में दर्द जैसी परेशानियां भी हो सकती हैं.
हर महीने लक्षण परेशान कर रहे हैं तो ध्यान देंडॉ. पूजा के मुताबिक, कई बार ये लक्षण सामान्य हो सकते हैं. लेकिन अगर हर महीने इनकी परेशानी बनी रहती है और रोजमर्रा की जिंदगी पर असर पड़ने लगता है, तो इन्हें सिर्फ पीरियड्स से पहले होने वाला सामान्य बदलाव मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. अगर हर साइकिल में लक्षण पहले से ज्यादा बढ़ रहे हैं या दर्द, सिरदर्द और दूसरी परेशानियां आपकी दिनचर्या को प्रभावित कर रही हैं, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है.
पीरियड्स के पैटर्न में बदलाव भी है जरूरी संकेतडॉ. पूजा बताती हैं कि सिर्फ पीरियड्स से पहले होने वाले लक्षणों पर ही ध्यान नहीं देना चाहिए. पीरियड्स के पैटर्न में होने वाले बदलाव भी महत्वपूर्ण हो सकते हैं. अगर पहले पीरियड्स एक तय समय पर आते थे, लेकिन अब बार-बार देरी हो रही है या पीरियड्स बहुत जल्दी आने लगे हैं, तो इसकी वजह समझना जरूरी है. इसी तरह अगर दो पीरियड्स के बीच अचानक ब्लीडिंग होने लगे, तो इसे भी सामान्य मानकर टालना नहीं चाहिए. ऐसे बदलावों के पीछे अलग-अलग कारण हो सकते हैं. इसलिए सही वजह जानने के लिए डॉक्टर से उचित जांच और सलाह लेना बेहतर रहता है.
अपने शरीर के संकेतों को समझेंहर महिला का शरीर अलग होता है. इसी वजह से पीरियड्स से पहले होने वाले लक्षण भी अलग-अलग हो सकते हैं. डॉ. पूजा के अनुसार, महिलाओं को अपने शरीर में होने वाले बदलावों को समझना चाहिए. यह भी ध्यान देना चाहिए कि कोई लक्षण कब और कितनी बार हो रहा है. हर बार कोई लक्षण किसी बीमारी का संकेत हो, यह जरूरी नहीं है. लेकिन अगर कोई परेशानी लगातार हो रही है, बढ़ रही है या आपकी रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर रही है, तो उसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. ऐसी स्थिति में डॉक्टर से सही सलाह लेना जरूरी है.
About the AuthorAmita kishor
न्यूज़18इंडिया में कार्यरत हैं. आजतक से रिपोर्टर के तौर पर करियर की शुरुआत फिर सहारा समय, ज़ी मीडिया, न्यूज नेशन और टाइम्स इंटरनेट होते हुए नेटवर्क 18 से जुड़ी. टीवी और डिजिटल न्यूज़ दोनों विधाओं में काम करने क…
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September 20, 2026, 15:25 IST



