दौसा में सिर्फ 15 मिनट की बारिश ने खोली नगर परिषद की पोल, गांधी सर्किल से गांधी तिराहे तक पानी ही पानी

Last Updated:August 12, 2026, 19:37 IST
Dausa Waterlogging: दौसा में बुधवार को हुई झमाझम बारिश ने नगर परिषद की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए. महज 15 मिनट की बारिश के बाद ही गांधी सर्किल और गांधी तिराहे पर भारी जलभराव हो गया. सड़क पर पानी भरने से वाहन चालकों और पैदल राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. स्थानीय लोगों के अनुसार मानसून से पहले नालों की समुचित सफाई नहीं होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो गया. शहर की हृदयस्थली माने जाने वाले गांधी तिराहे के हालात ने जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी.
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दौसा में सिर्फ 15 मिनट की बारिश ने खोली नगर परिषद की पोल
दौसा. मानसून के साथ ही राजस्थान के दौसा जिले में हुई झमाझम बारिश ने नगर परिषद के रखरखाव और तैयारियों के तमाम दावों की हवा निकाल दी है. सिर्फ 15 मिनट की तेज बारिश ने जिला प्रशासन और नगर परिषद के जमीनी इंतजामों को पानी-पानी कर दिया. बारिश के रुकते ही शहर के चौराहे जलमग्न नजर आने लगे, जिससे नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.
दौसा शहर के सबसे व्यस्त और मुख्य व्यावसायिक केंद्र यानी गांधी सर्किल और गांधी तिराहे पर बारिश का पानी इस कदर भर गया कि पूरा इलाका किसी तालाब जैसा नजर आने लगा. ‘शहर की हृदय स्थली’ कहे जाने वाले इस क्षेत्र में 15 मिनट की बारिश के बाद ही लबालब पानी जमा हो गया. गांधी सर्किल के चारों ओर दूर-दूर तक केवल पानी ही पानी दिखाई दे रहा था, जिससे कुछ ही देर में पूरा इलाका पूरी तरह बेहाल हो गया.
नालों की अधूरी सफाई बनी आफत की मुख्य वजहहर साल मानसून के शुरू होने से पहले नगर परिषद नालों और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने का बड़ा दावा करती है. मानसून पूर्व बैठकों में अभियानों की बड़ी-बड़ी बातें कही जाती हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट नजर आती है. नालों की समय पर सफाई न होने के कारण बारिश के पानी की निकासी पूरी तरह अवरुद्ध हो गई. नालों में जमा कचरा और गाद पानी के तेज बहाव के रास्ते में रुकावट बन गए, जिसके परिणामस्वरूप पानी सड़कों पर जमा हो गया.
वाहन चालकों और पैदल राहगीरों की बढ़ीं भारी मुश्किलेंगांधी तिराहा शहर का मुख्य केंद्र है, जहाँ से हजारों वाहनों और पैदल यात्रियों का गुजरना होता है. अचानक हुए जलभराव के कारण सड़कों पर कई फीट पानी जमा हो गया. दोपहिया वाहनों के इंजनों में पानी घुसने से गाड़ियां रास्ते में ही बंद हो गईं, जिसके चलते लोगों को बारिश में गाड़ियां धक्का मारकर ले जानी पड़ीं. वहीं चार पहिया वाहनों की रफ्तार पर अचानक ब्रेक लग गया, जिससे जगह-जगह लंबा ट्रैफिक जाम लग गया. सड़कों पर पैदल चलने वाले राहगीरों के लिए सड़क पार करना जोखिम भरा काम बन गया, क्योंकि जलभराव के चलते गड्ढों और नालों का अंतर समझ पाना नामुमकिन हो रहा था.
नगर परिषद पर उठे सवालसिर्फ 15 मिनट की बारिश में शहर के दिल कहे जाने वाले इलाके का ऐसा हाल देखकर स्थानीय निवासियों और व्यापारियों में गुस्सा फूट पड़ा है. लोगों का कहना है कि जब मानसून की शुरुआती और मामूली बारिश में शहर का यह हाल है, तो आने वाले दिनों में भारी बारिश होने पर स्थिति कितनी भयानक होगी, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है. जनता अब नगर परिषद के अधिकारियों से सीधे सवाल कर रही है कि मानसून पूर्व सफाई के नाम पर कागजों में दिखाए गए दावों और बजट की असल हकीकत क्या है. यदि जल्द ही जल निकासी के पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए, तो जनता को पूरे मानसून भारी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा.
About the AuthorJagriti Dubey
मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…
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Dausa,Rajasthan
First Published :
August 12, 2026, 19:37 IST



