राजस्थान पुलिस ने बुर्का पहनकर किडनैपर्स को दबोचा, कारोबारी का अपहरण कर मांगी थी डेढ़ करोड़ रुपये की फिरौती

Last Updated:April 20, 2026, 12:01 IST
Churu Kidnapping Case : चूरू पुलिस ने रतननगर थाना इलाके से किडनैप किए गए सब्जी कारोबारी को महज 48 घंटे में सुरक्षित रूप से बिना कोई फरौती दिए छुड़वा लिया है. पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. किडनैपर्स को पकड़ने के लिए पुलिस को बुर्का तक पहनना पड़ा. पुलिस ने किडनैपर्स को दबोचने के लिए करीब डेढ़ सौ सीसीटीवी कैमरों को खंगाला. 
बुर्का पहने चूरू पुलिस के पुलिसकर्मी (इनसेट-छुड़ाया गया व्यापारी).
चूरू. चूरू जिले के रतननगर थाना इलाके से 55 साल के सब्जी व्यापारी रुक्मानंद माली के अपहरण और डेढ़ करोड़ रुपये की फिरौती मांगने के सनसनीखेज मामले का चूरू पुलिस ने महज 48 घंटे में पर्दाफाश कर दिया है. पुलिस ने हरियाणा में दबिश देकर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर अपहृत रुक्मानंद को सकुशल छुड़वा लिया है. आरोपियों से पूछताछ की जा रही है. पुलिस ने किडनैपर्स की खोजबीन के लिए करीब 150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले. रुपये देने के बहाने किडनैपर्स को बुलाकर उनको दबोच लिया गया.
जानकारी के अनुसार 17 अप्रैल की रात करीब 9:15 बजे रतननगर निवासी रुक्मानंद माली अपनी सब्जी की दुकान से घर लौट रहे थे. उसी दौरान बदमाशों ने योजनाबद्ध तरीके से उनका अपहरण कर लिया. बदमाश उन्हें कार में बिठाकर ले गए. अपहरणकर्ता रतननगर इलाके में कभी ब्लैक स्कॉर्पियो, कभी स्प्लेंडर और कभी एचएफ डीलक्स बाइक का उपयोग कर अपनी लोकेशन बदलने में लगे रहे. शुरुआत में पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की ताकि अपहरणकर्ताओं को भनक न लगे. बाद में रुक्मानंद के बेटे प्रकाश के पास फोन आया और डेढ़ करोड़ रुपये की फिरौती मांगी गई.
150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए
बदमाशों ने धमकी दी कि रकम नहीं पहुंची तो रुक्मानंद को जान से मार दिया जाएगा. इसके बाद पुलिस ने अपहरण का केस दर्ज कर अपना ‘सीक्रेट ऑपरेशन’ शुरू किया. एसपी निश्चय प्रसाद के निर्देशन में डीएसटी, रतननगर थाना, कोतवाली थाना और साइबर टीम की संयुक्त टीम बनाई गई. करीब 150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए. साइबर एक्सपर्ट और मुखबिर तंत्र की मदद से बदमाशों की लोकेशन हरियाणा की ओर ट्रेस हुई. पुलिस ने लोहारू, फतेहपुर, रामगढ़ शेखावाटी, महम, भिवानी और रोहतक तक उनका लगातार पीछा किया.
आरोपियों ने भिवानी में फिरौती लेने की शर्त रखीअपहरणकर्ताओं ने भिवानी में फिरौती लेने की शर्त रखी और कहा कि केवल तीन लोग ही कैंपर गाड़ी में रकम लेकर आएं. इसी दौरान एसआई किशनाराम विश्नोई ने अपनी सूझबूझ और अनुभव से पूरी रणनीति तैयार की. उन्होंने कांस्टेबल नवीन कुमार और ओमप्रकाश के साथ ब्लैक बुर्का पहनकर महिला का वेश धारण किया ताकि घेराबंदी करने के दौरान बदमाशों को शक न हो. बाद में खुद सफेद चोला-पायजामा और सिर पर साफा बांधकर वीडियो कॉल के जरिए अपहर्ताओं का विश्वास जीता.
सीकर और इंदौर के रहने वाले हैं किडनैपर्स
आरोपियों ने जैसे ही फिरौती लेने के लिए लोकेशन तय की तो पुलिस की अलग-अलग टीमों ने वहां पहुंचकर पहले से घेराबंदी कर ली. सही समय पर कार्रवाई करते हुए हरियाणा में दो आरोपियों को दबोच लिया गया. उनकी निशानदेही पर रोहतक क्षेत्र के पास से रुक्मानंद को सकुशल छुड़ा लिया गया. पुलिस ने इस मामले में मनोज व्यास (39) निवासी रामगढ़ शेखावाटी जिला सीकर और आशीष पांचाल (33) निवासी इंदौर मध्यप्रदेश को गिरफ्तार किया है. अन्य आरोपियों की तलाश जारी है.
बिश्नोई पहले सीबीआई में रह चुके हैंएसपी के मुताबिक इस पूरे ऑपरेशन में एसआई किशना राम विश्नोई की निर्णायक भूमिका रही. वहीं कांस्टेबल नवीन कुमार, डीएसटी के पुष्पेंद्र सिंह, विकास कुमार, साइबर एक्सपर्ट रमाकांत और अन्य टीम सदस्यों ने भी लगातार 48 घंटे तक बिना रुके कार्रवाई कर सफलता दिलाई. किशनाराम बिश्नोई पहले सीबीआई में रह चुके हैं.
About the AuthorSandeep Rathore
संदीप राठौड़ ने वर्ष 2000 में भास्कर सुमूह से पत्रकारिता की जयपुर से शुरुआत की. बाद में कोटा और भीलवाड़ा में राजस्थान पत्रिका के रेजीडेंट एडिटर की जिम्मेदारी निभाई. 2017 से के साथ नए सफर की शुरुआत की. वर…और पढ़ें
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Location :
Churu,Churu,Rajasthan
First Published :
April 20, 2026, 12:01 IST



