Business

जेवर एयरपोर्ट-यमुना एक्सप्रेसवे पर प्लॉट, खरीदने से पहले खतरे भी जान लें, ‘सोना दिखाकर पीतल न थमा दें’ | yamuna expressway plots| noida international airport plots| buying plot risk in jewar

Last Updated:February 20, 2026, 13:45 IST

Noida international airport Plots: नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और यमुना एक्‍सप्रेसवे पर प‍िछले कुछ सालों में प्‍लॉट और जमीनों की कीमतें 500 परसेंट से भी ज्‍यादा बढ़ गई हैं, ऐसे में बेहतर र‍िटर्न के मुनाफे को देखते हुए अगर आप भी यहां प्‍लॉट खरीदने या न‍िवेश करने की सोच रहे हैं तो सबसे पहले यहां मौजूद खतरों के बारे में भी जान लें, फ‍िर न‍िवेश करें, क्रेडाई एक्‍सपर्ट द‍िनेश से जानें..
जेवर एयरपोर्ट-यमुना एक्सप्रेसवे पर प्लॉट, 'सोना दिखाकर पीतल न थमा दें',...Zoomजेवर एयरपोर्ट और यमुना एक्‍सप्रेसवे के पास प्‍लॉट खरीदना चाहते हैं तो ये खबर जरूर पढ़ें.

Noida airport-yamuna expressway plots: एनसीआर में प्लॉट खरीदने के लिए इस समय सबसे बड़ा हॉटस्पॉट नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) और यमुना एक्सप्रेसवे का इलाका बन गया है. जल्द ही एयरपोर्ट के शुरू होने की संभावनाओं और एक्सप्रेसवे कनेक्टिविटी के कारण इस बेल्ट में जमीन और प्लॉट की कीमतों में पिछले कुछ वर्षों में तेज उछाल देखा गया है. आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में प्लॉटिंग हो रही है और कॉलोनियां काटी जा रही हैं. कई जगहों पर सस्ते प्लॉट्स के दावे किए जा रहे हैं. बढ़ती कीमतों और अच्छे रिटर्न की संभावना को देखते हुए लोग यहां इन्वेस्ट करने के लिए उतावले भी हो रहे हैं.

रियल एस्टेट कंसल्टेंसी फर्मों की रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2020 के बाद से यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में प्लॉट की कीमतों में कई जगह 4 से 5 गुना तक वृद्धि दर्ज की गई है. जेवर एयरपोर्ट, फिल्म सिटी, और इंडस्ट्रियल हब के कारण, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में प्लॉट की कीमतों में 4 से 6 गुना (लगभग 536% तक) की भारी वृद्धि हुई है. जबकि कुछ सेक्टरों में रेट 1,500–2,000 रुपये प्रति वर्गफुट से बढ़कर 9,000–10,000 रुपये प्रति वर्गफुट तक पहुंच गए हैं.

वहीं अपार्टमेंट सेगमेंट की बात करें तो यहां भी 120 से 150 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखी गई है. विशेषज्ञ इसे इंफ्रास्ट्रक्चर आधारित ग्रोथ मानते हैं. हालांकि एक हकीकत यह भी है कि इन दोनों इलाकों में जितनी तेजी से ग्रोथ हो रही है और पैसा बढ़ रहा है, उतना ही रिस्क भी मौजूद है. यहां सोना दिखाकर पीतल थमाने के कई मामले भी सामने आ चुके हैं, इतना ही नहीं कई जगहों पर बुल्डोजर भी चलाए गए हैं. आइए एक्सपर्ट्स से जानते हैं खतरों के बारे में…

क्रेडाई वेस्टर्न यूपी के अध्यक्ष दिनेश गुप्ता कहते हैं कि जेवर एयरपोर्ट और यमुना एक्सप्रेसवे बेल्ट में इन्वेस्टमेंट की सबसे बड़ी ताकत इंफ्रास्ट्रक्चर-ड्रिवन ग्रोथ है. इस इलाके में एयरपोर्ट, लॉजिस्टिक्स हब और इंडस्ट्रियल क्लस्टर आने से जमीन की मांग बढ़ रही है और कीमतें भी आगे बढ़ेंगी. हालांकि जिन सेक्टरों में यीडा (YEIDA) का अप्रूव्ड लेआउट, क्लियर लैंड यूज और रजिस्ट्री की सुविधा है, वहां रिस्क अपेक्षाकृत कम है.

कहां है रिस्क?

. रेंटल यील्ड सीमितवे कहते हैं कि एयरपोर्ट या एक्सप्रेसवे के आसपास प्लॉट या जमीन खरीदने वाले लोंगों को ये समझने की जरूरत है कि यहां अभी रेंटल यील्ड यानि किराए से होने वाली कमाई सीमित है. ऐस में रिटर्न मुख्य रूप से लंबी अवधि पर निर्भर करेगा.
. इलाकों में अनधिकृत प्लॉटिंगयहां कृषि भूमि पर अवैध कटान, अधूरी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और ओवर-सप्लाई जैसे फैक्टर जोखिम बढ़ा सकते हैं. इससे बचने के लिए ड्यू डिलिजेंस, डेवलपर की ट्रैक रिकॉर्ड जांच और मास्टर प्लान की स्पष्ट समझ बेहद जरूरी है.
लोकल प्लॉटिंग में निवेश से बचेंयमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) इस इलाके में औद्योगिक और आवासीय विकास के लिए बड़े स्तर पर भूमि अधिग्रहण और सेक्टर प्लानिंग कर रहा है. अगर यीडा के सेक्टरों में निवेश किया जाता है तो उसका रिस्क थोड़ा कम है. लोकल स्तर पर प्लॉट और बिना स्वीकृति वाली जमीन में कई बार धोखाधड़ी के चांसेज हो सकते हैं.
 लॉन्ग टर्म प्ले को समझेंदिनेश कहते हैं कि यहां अभी जमीन आधारित निवेश लॉन्ग टर्म प्ले है, अगर आपको वास्तविक बेहतर रिटर्न चाहिए तो 5 से 8 साल की अवधि तक इंतजार करना पड़ेगा.
.आधारभूत ढांचे की कमीकई सेक्टरों में अभी सामाजिक ढांचा जैसे स्कूल, अस्पताल और सार्वजनिक परिवहन पूरी तरह विकसित नहीं हुआ है. इससे तत्काल रिहायशी मांग सीमित रह सकती है और रिटर्न पर भी असर हो सकता है.

क्या करें निवेशक?. केवल यीडा से स्वीकृत प्लॉट ही खरीदें.. जमीन का टाइटल और लेआउट प्लान जांचें. माइक्रो-लोकेशन और भविष्य की कनेक्टिविटी समझें. कम से कम 5 साल का निवेश नजरिया रखें. सस्ते प्लॉट के झांसे में न आएंरेरा पंजीकृत प्रोजेक्ट में लेना सुरक्षित और बेहतर विकल्प होगाडेवलपर्स की क्या है राय?काउंटी ग्रुप के डायरेक्टर अमित मोदी कहते हैं कि डेटा स्पष्ट दिखाता है कि एयरपोर्ट और एक्सप्रेसवे के चलते प्रॉपर्टी वैल्यू में मजबूत वृद्धि हुई है लेकिन निवेशकों को केवल तेजी देखकर निर्णय नहीं लेना चाहिए. प्राधिकरण से स्वीकृत प्रोजेक्ट और मजबूत मास्टर प्लान वाले क्षेत्रों को प्राथमिकता देनी चाहिए.वहीं मिगसन ग्रुप के एमडी यश मिगलानी कहते हैं कि यह क्षेत्र इंफ्रास्ट्रक्चर आधारित ग्रोथ का उदाहरण है हालांकि, जमीन में निवेश धैर्य मांगता है. जो निवेशक लंबी अवधि का नजरिया रखते हैं, उन्हें बेहतर अवसर मिल सकते हैं.

एसकेए ग्रुप के डायरेक्टर संजय शर्मा की मानें तो आज का खरीदार जागरूक है और केवल रेट नहीं, बल्कि कनेक्टिविटी और भविष्य की सुविधाओं को भी देख रहा है. यमुना एक्सप्रेसवे में संभावनाएं हैं, लेकिन माइक्रो-लोकेशन का चुनाव बेहद अहम है. सिक्का ग्रुप के चेयरमैन हरविंदर सिंह सिक्का का कहना है कि हर प्लॉट एक जैसा रिटर्न नहीं देता. सही लोकेशन और कानूनी रूप से सुरक्षित निवेश ही भविष्य में मूल्य वृद्धि सुनिश्चित कर सकता है. जबकि अंसल हाउसिंग के कुशाग्र अंसल का कहना है कि एयरपोर्ट के आसपास की जमीन में दिलचस्पी बढ़ी है, लेकिन इसे शॉर्ट टर्म कमाई का जरिया समझना सही नहीं होगा. इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ-साथ सामाजिक सुविधाओं का विकास भी समय लेगा.

ऐसे में जेवर एयरपोर्ट और यमुना एक्सप्रेसवे बेल्ट में संभावनाएं मजबूत हैं और आंकड़े तेजी की पुष्टि करते हैं, लेकिन यह बाजार अभी भी विकास के दौर में है. ऐसे में सोच-समझकर और पूरी जांच के बाद किया गया निवेश ही सुरक्षित और लाभदायक साबित हो सकता है.

About the Authorप्रिया गौतमSenior Correspondent

अमर उजाला एनसीआर में रिपोर्टिंग से करियर की शुरुआत करने वाली प्रिया गौतम ने हिंदुस्तान दिल्ली में संवाददाता का काम किया. इसके बाद Hindi..com में वरिष्ठ संवाददाता के तौर पर काम कर रही हैं. हेल्थ एंड लाइफस्…और पढ़ें

न्यूजलेटर

अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज

खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में

सबमिट करें

Location :

Noida,Gautam Buddha Nagar,Uttar Pradesh

First Published :

February 20, 2026, 13:31 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj