Rajasthan

कोटा का प्रसिद्ध हनुमान मंदिर क्यों कहलाता है चमत्कारों का धाम? यहां दर्शन करने दूर-दूर से आते हैं श्रद्धालु

Last Updated:June 16, 2026, 19:44 IST

Kota Famous Hanuman Mandir: कोटा शहर में स्थित प्रसिद्ध हनुमान मंदिर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और विश्वास का प्रमुख केंद्र माना जाता है. यह मंदिर न केवल धार्मिक महत्व रखता है, बल्कि अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान के कारण भी लोगों को आकर्षित करता है. मंगलवार और शनिवार को यहां विशेष रूप से बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं और हनुमान जी से सुख-समृद्धि तथा संकटों से मुक्ति की प्रार्थना करते हैं. मंदिर परिसर का शांत और आध्यात्मिक वातावरण श्रद्धालुओं को मानसिक शांति प्रदान करता है. स्थानीय लोगों के बीच यह मान्यता भी प्रचलित है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थनाएं अवश्य पूरी होती हैं. धार्मिक आयोजनों, सुंदरकांड पाठ और विशेष पूजा-अर्चना के दौरान मंदिर में भव्य माहौल देखने को मिलता है.

गोदावरी धाम हनुमान मंदिर, कोटा (राजस्थान) चंबल नदी के पावन तट पर स्थित एक प्राचीन एवं चमत्कारी मंदिर है. यह मंदिर अपनी जागृत हनुमान प्रतिमा के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध है, जहाँ श्रद्धालु प्रेत बाधा, नकारात्मक ऊर्जा और मानसिक कष्टों से मुक्ति की कामना लेकर आते हैं. दक्षिण भारतीय शैली में निर्मित यह मंदिर अपनी अनूठी वास्तुकला के कारण भी आकर्षण का केंद्र है. यहाँ मंगलवार और शनिवार को विशेष आरती का आयोजन होता है, जिसमें बड़ी संख्या में भक्त शामिल होते हैं. सच्ची श्रद्धा से की गई प्रार्थना से मनोकामनाओं की पूर्ति का विश्वास भक्तों में गहरा है.

कोटा के बाहरी क्षेत्र में चंबल के खूबसूरत नजारों के बीच स्थित है. प्रकृति प्रेमियों और आध्यात्मिक शांति चाहने वालों के लिए यह एक उत्तम स्थान है. अनुभव: शाम की आरती के समय शंखों और घंटों की गूंज के साथ नदी का शांत किनारा एक दिव्य अनुभूति प्रदान करता है. प्रमुखता: यहाँ दर्शन के साथ-साथ लोग पिकनिक और शांतिपूर्ण समय बिताने भी आते हैं.

कोटा की धार्मिक पहचान में रंगबाड़ी बालाजी मंदिर का विशेष स्थान है. लगभग 400 वर्ष पुराने इस मंदिर में विराजमान दक्षिणमुखी बालाजी महाराज के दर्शन के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु आते हैं. मंदिर की प्राचीन वास्तुकला और आध्यात्मिक वातावरण भक्तों को आकर्षित करता है. मंगलवार और शनिवार को यहां विशेष पूजा-अर्चना होती है. हाड़ौती क्षेत्र की आस्था का यह प्रमुख केंद्र केवल धार्मिक स्थल ही नहीं, बल्कि कोटा की सांस्कृतिक विरासत का भी प्रतीक है. जो भी श्रद्धालु यहां पहुंचता है, वह बालाजी महाराज के दर्शन कर मन की शांति और नई ऊर्जा का अनुभव करता है.

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आप शहर के शोर-शराबे से दूर एकांत में ईश्वर का ध्यान करना चाहते हैं, तो कराई के बालाजी सबसे उपयुक्त स्थान है. प्राकृतिक सौंदर्य की बात करें तो चंबल नदी के किनारे चट्टानी और जंगली इलाके में स्थित यह मंदिर शांति का पर्याय है. विशेषता: यहाँ का सकारात्मक वातावरण और प्राकृतिक सुंदरता भक्तों को बार-बार अपनी ओर आकर्षित करती है.

पुराने कोटा के रामपुरा क्षेत्र में स्थित मोरी के श्री हनुमान जी मंदिर शहर के ऐतिहासिक धार्मिक स्थलों में गिना जाता है. वर्षों पुराना यह मंदिर स्थानीय लोगों और व्यापारियों की गहरी आस्था का केंद्र है. मंदिर में प्रतिदिन भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं और विशेष पर्वों पर यहां भव्य आयोजन किए जाते हैं. श्रद्धालुओं का मानना है कि हनुमान जी की कृपा से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं और सुख-समृद्धि प्राप्त होती है. पुराने शहर की धार्मिक परंपराओं को संजोए हुए यह मंदिर आज भी लोगों को भक्ति और आध्यात्मिकता से जोड़ने का कार्य कर रहा है.

पुराने कोटा के रामपुरा क्षेत्र में स्थित मोरी के श्री हनुमान जी मंदिर शहर के ऐतिहासिक धार्मिक स्थलों में गिना जाता है. वर्षों पुराना यह मंदिर स्थानीय लोगों और व्यापारियों की गहरी आस्था का केंद्र है. मंदिर में प्रतिदिन भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं और विशेष पर्वों पर यहां भव्य आयोजन किए जाते हैं. श्रद्धालुओं का मानना है कि हनुमान जी की कृपा से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं और सुख-समृद्धि प्राप्त होती है. पुराने शहर की धार्मिक परंपराओं को संजोए हुए यह मंदिर आज भी लोगों को भक्ति और आध्यात्मिकता से जोड़ने का कार्य कर रहा है.

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