झोटवाड़ा में निकाय चुनाव का सियासी पारा चढ़ा, राठौड़ के आवास पर जुटे दावेदार, संगठन ने मांगा जमीनी फीडबैक

जयपुर. राजस्थान में आगामी निकाय चुनावों को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं. भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों में टिकट की दावेदारी को लेकर संभावित प्रत्याशियों की सक्रियता बढ़ गई है. झोटवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में रविवार को भी टिकट के दावेदारों और कार्यकर्ताओं का जमावड़ा देखने को मिला. मंत्री एवं झोटवाड़ा विधायक कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ के आवास पर सुबह से शाम तक अलग-अलग क्षेत्रों से आए कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों से मुलाकात का दौर चलता रहा. कई संभावित प्रत्याशी अपनी दावेदारी मजबूत करने के लिए राठौड़ से मुलाकात करते नजर आए.
वहीं संगठन के वरिष्ठ नेताओं से संपर्क साधकर राजनीतिक समीकरण बनाने की कवायद भी तेज हो गई है. राठौड़ ने कार्यकर्ताओं और संभावित प्रत्याशियों से स्थानीय परिस्थितियों, संगठन की स्थिति और चुनावी तैयारियों को लेकर जमीनी फीडबैक लिया. उन्होंने कहा कि भाजपा परिवार की पार्टी नहीं, बल्कि कार्यकर्ताओं की पार्टी है. प्रत्याशी चयन में संगठन, कार्यकर्ताओं की राय और जमीनी फीडबैक को महत्व दिया जाएगा. इस बीच झोटवाड़ा में संभावित प्रत्याशी वार्ड स्तर पर जनसंपर्क बढ़ाने में जुटे हैं. महिला दावेदार भी टिकट की दौड़ में सक्रिय हैं. अब सभी की नजरें भाजपा के प्रत्याशी चयन पर टिकी हैं.
कार्यकर्ताओं और दावेदारों से लिया फीडबैक
कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि पिछले सप्ताह से झोटवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के संभावित दावेदारों और कार्यकर्ताओं से लगातार मुलाकात की जा रही है. उन्होंने कहा कि सैकड़ों कार्यकर्ता कमल के निशान के साथ पार्टी के लिए काम कर रहे हैं. पार्टी जिसे भी प्रत्याशी तय करेगी, सभी कार्यकर्ता उसके साथ मिलकर चुनाव लड़ेंगे. राठौड़ के अनुसार प्रत्याशी चयन में संगठन की राय, कार्यकर्ताओं के सुझाव और जमीनी फीडबैक को प्राथमिकता दी जाएगी. उनका कहना है कि महत्वपूर्ण निर्णय संवाद और व्यापक सहमति के आधार पर होने चाहिए.
विकास कार्यों का भी किया जिक्र
राठौड़ ने झोटवाड़ा में पिछले ढाई वर्षों के दौरान हुए विकास कार्यों का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि शहरी मूलभूत सुविधाओं के विकास पर सरकार ने विशेष ध्यान दिया है. बाईपास क्षेत्र में ड्रेनेज और सीवरेज जैसी सुविधाओं की कमी थी, लेकिन अब इन पर तेजी से काम किया जा रहा है. हाईटेंशन लाइनों को अंडरग्राउंड करने के साथ सीवरेज लाइन, पानी की टंकियों और पाइपलाइन बिछाने के कार्य किए गए हैं. उन्होंने बताया कि पृथ्वीराज नगर में ड्रेनेज सिस्टम विकसित किया जा रहा है. सिरसी रोड क्षेत्र में करीब 60 करोड़ रुपये की लागत से ड्रेनेज व्यवस्था विकसित किए जाने का दावा भी किया. इसके अलावा चित्रकूट और वैशाली नगर क्षेत्र में सीवरेज और ड्रेनेज के काम का उल्लेख किया. जलभराव वाले क्षेत्रों में सीसी और सीमेंटेड सड़कों के निर्माण की भी जानकारी दी.
विपक्ष के आरोपों पर राठौड़ का पलटवार
विकास कार्यों को लेकर विपक्ष के आरोपों पर राठौड़ ने कहा कि काम के दौरान छोटी-मोटी समस्याएं सामने आना स्वाभाविक है. उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम सवाल उठाना है और यही लोकतंत्र की ताकत है. हालांकि सरकार केवल सवालों का जवाब नहीं दे रही, बल्कि धरातल पर काम करके दिखा रही है.
टिकट के लिए दावेदारों ने झोंकी ताकत
इधर, निकाय चुनाव में टिकट की दौड़ में शामिल दावेदार भी पूरी ताकत झोंक रहे हैं. संभावित प्रत्याशी अपने-अपने वार्ड में जनसंपर्क बढ़ाने के साथ समर्थकों को सक्रिय कर रहे हैं. दावेदार अपने वार्ड में सक्रियता, जनता के बीच पकड़ और संगठन के साथ जुड़ाव के आधार पर टिकट के लिए दावा जता रहे हैं. खास बात यह है कि महिला दावेदार भी पीछे नहीं हैं. कई महिलाएं पार्टी नेताओं से संपर्क साधने के साथ वार्ड में जनसंपर्क अभियान तेज कर रही हैं.
झोटवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के टिकट के लिए दावेदारों की संख्या लगातार बढ़ती नजर आ रही है. संभावित प्रत्याशियों की सक्रियता के बीच पार्टी के भीतर लॉबिंग, राजनीतिक समीकरण साधने और समर्थन जुटाने का दौर भी तेज हो गया है. अब निगाहें भाजपा के प्रत्याशी चयन पर टिकी हैं. पार्टी किस वार्ड में किस चेहरे पर भरोसा जताती है, यह आने वाले दिनों में साफ होगा.



