डेढ़ करोड़ का मुआवजा लेने के बाद भी मकान नहीं किया खाली, अटक गया SH-44 का काम

अलवर. राजस्थान के जिले अलवर के मालाखेड़ा में डेढ़ करोड़ रुपये का मुआवजा मिलने के बाद भी मकान खाली नहीं करने का आरोप लगा है. इसके चलते नटनी का बारा-मालाखेड़ा-मौजपुर SH-44 के निर्माण में परेशानियां आ रही हैं. विभाग का कहना है कि मकान हटाकर सड़क निर्माण शुरू करने की कोशिश की जाती है तो परिवार के लोग मौके पर पहुंचकर विरोध करते हैं और काम रुक जाता है.
मामले को लेकर राजस्थान स्टेट हाईवे पीआईयू जयपुर के प्रोजेक्ट डायरेक्टर देवेंद्र कुमार सिंघल ने मालाखेड़ा एसडीएम को पत्र भेजा है. इसमें उन्होंने पुलिस जाब्ता उपलब्ध कराने संबंधित लोगों को पाबंद करने की मांग की है.
डेढ़ करोड़ का मुआवजा, फिर भी मकान खाली नहीं करने का आरोप
सहायक अभियंता ईश्वर सिंह के अनुसार, मालाखेड़ा बायपास में सड़क निर्माण की जद में आने वाले मकान के लिए लक्ष्मण सिंह मीणा को करीब डेढ़ करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जा चुका है. विभाग का आरोप है कि मुआवजा मिलने के बाद भी मकान खाली नहीं किया गया.
निर्माण एजेंसी जब मौके पर काम शुरू करने का प्रयास करती है तो परिवार के लोग, जिनमें महिलाएं भी शामिल हैं, विरोध करते हैं. इससे सड़क निर्माण का काम रुक जाता है.
150 मीटर के हिस्से में अटका सड़क निर्माण
परियोजना निदेशक की ओर से भेजे गए पत्र के अनुसार, मालाखेड़ा-मौजपुर SH-44 के मालाखेड़ा बायपास में खसरा नंबर 5283/313, 5286/314 और 5289/315 के बीच परियोजना किलोमीटर 10+650 से 10+800 तक सड़क निर्माण कार्य रुका हुआ है.
विभाग ने लक्ष्मण सिंह मीणा, गजेन्द्र मीणा, विजेन्द्र मीणा और उनके परिवार के सदस्यों की ओर से निर्माण कार्य में बाधा उत्पन्न किए जाने की बात कही है. हालांकि, संबंधित परिवार का पक्ष इस जानकारी में उपलब्ध नहीं है.
ROB अधूरा और रेलवे फाटक बंद
SH-44 और मालाखेड़ा बायपास का काम अटकने का असर आम लोगों पर भी पड़ रहा है. क्षेत्र में आरओबी का निर्माण पूरा नहीं हुआ है, जबकि रेलवे फाटक LC-128 बंद रहने से वाहनों का दबाव बढ़ रहा है.
इसके चलते यहां रोजाना जाम की स्थिति बन रही है. वाहन चालकों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ रहा है. विभाग का कहना है कि निर्माण में आ रही बाधा दूर होने और पुलिस सहायता मिलने के बाद अधूरे काम को तेजी से पूरा कराया जा सकेगा.
SDM से पुलिस जाब्ता और पाबंदी की मांग
निर्माण कार्य में लगातार आ रही रुकावट को देखते हुए PWD ने प्रशासन से दखल की मांग की है. प्रोजेक्ट डायरेक्टर ने एसडीएम मालाखेड़ा से संबंधित लोगों को पाबंद कराने और राजकीय कार्य सुचारू रूप से जारी रखने के लिए मौके पर पुलिस जाब्ता उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है.



