कोटा में जेईई-एडवांस की पहली पारी खत्म, छात्रों बोले- मॉडरेट था पेपर, लेकिन फिजिक्स ने बढ़ाया दबाव

Last Updated:May 17, 2026, 15:24 IST
JEE Advanced 2026 Exam: कोटा में रविवार को आयोजित जेईई-एडवांस परीक्षा को लेकर छात्रों में खासा उत्साह देखने को मिला. शहर के चार परीक्षा केंद्रों पर हजारों अभ्यर्थी परीक्षा देने पहुंचे. पहली पारी समाप्त होने के बाद छात्रों ने पेपर को मॉडरेट लेकिन काफी लेंथी बताया. खासकर फिजिक्स सेक्शन में न्यूमेरिकल और कैलकुलेशन आधारित प्रश्नों ने छात्रों का अधिक समय लिया. कई छात्रों ने कहा कि टाइम मैनेजमेंट सबसे बड़ी चुनौती रहा. हालांकि अधिकांश अभ्यर्थियों ने पेपर को संतुलित बताया और अच्छे आईआईटी कॉलेज में चयन की उम्मीद जताई
ख़बरें फटाफट
कोटा. देश की सबसे कठिन और प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई-एडवांस रविवार को देशभर के 222 शहरों में आयोजित की जा रही है. इस परीक्षा को लेकर कोटा में भारी उत्साह देखने को मिला, जहां चार परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं और हजारों की संख्या में स्टूडेंट्स परीक्षा देने पहुंचे हैं. कोटा में इस बार परीक्षा ऑनलाइन मोड में कराई जा रही है. शहर में शिवज्योति इंस्टीट्यूट रणपुर, डिजिटल डेस्क रोड नंबर-2, परिकलक तलवंडी और वाइबल सोल्युशंस सुभाष नगर में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं. इन केंद्रों पर सुबह से ही अभ्यर्थियों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी.
सुरक्षा व्यवस्था और परीक्षा संचालन को लेकर प्रशासन की ओर से विशेष इंतजाम किए गए थे ताकि परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके. परीक्षा दो पारियों में आयोजित की जा रही है. पहली पारी सुबह 9 बजे से 12 बजे तक संपन्न हुई. वहीं दूसरी पारी दोपहर 2.30 बजे से शाम 5.30 बजे तक आयोजित की जाएगी. पहली पारी समाप्त होने के बाद छात्र परीक्षा केंद्रों से बाहर निकलते नजर आए और उन्होंने पेपर को लेकर अपनी प्रतिक्रियाएं साझा कीं. कई छात्रों ने पेपर को मॉडरेट लेवल का बताया जबकि कुछ ने इसे लंबा और समय लेने वाला कहा.
पहली पारी का पेपर मॉडरेट लेवल का रहा
छत्तीसगढ़ निवासी दिव्यांश अग्रवाल ने बताया कि पहली पारी का पेपर कुल मिलाकर मॉडरेट लेवल का रहा. उन्होंने कहा कि फिजिक्स के प्रश्न ठीक थे, लेकिन कई सवाल काफी समय लेने वाले साबित हुए. खासकर न्यूमेरिकल आधारित प्रश्नों में ज्यादा समय लगा, जिससे टाइम मैनेजमेंट चुनौतीपूर्ण हो गया.
फिजिक्स सेक्शन के प्रश्नों को हल करने में अधिक समय लगा
वहीं छत्तीसगढ़ के ही एक अन्य छात्र ब्रजनाथ पेतरा ने बताया कि पेपर मॉडरेट के साथ-साथ काफी लेंथी भी था. उन्होंने कहा कि फिजिक्स सेक्शन के प्रश्नों को हल करने में अधिक समय लगा, जिससे अन्य सेक्शन पर दबाव बढ़ गया. हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि उनका पेपर अच्छा गया है और उन्हें उम्मीद है कि वे अच्छे आईआईटी कॉलेज में चयन पा सकते हैं.
कुछ प्रश्नों में काफी कैलकुलेशन करना पड़ा
सवाई माधोपुर निवासी अनुज मीणा ने बताया कि फिजिक्स का भाग ठीक रहा, लेकिन कुछ प्रश्नों में काफी कैलकुलेशन करना पड़ा. उन्होंने कहा कि पेपर का स्तर मॉडरेट था और उन्होंने तैयारी के दौरान लगातार मेहनत की है. अनुज ने बताया कि वे रोजाना लगभग 8 घंटे तक पढ़ाई करते थे, जिसका उन्हें परीक्षा में फायदा मिला. उन्होंने कहा कि अब वे दूसरी पारी की परीक्षा के लिए मानसिक रूप से तैयार हैं.
About the Authordeep ranjan
दीप रंजन सिंह 2016 से मीडिया में जुड़े हुए हैं. हिंदुस्तान, दैनिक भास्कर, ईटीवी भारत और डेलीहंट में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. 2022 से हिंदी में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. एजुकेशन, कृषि, राजनीति, खेल, लाइफस्ट…और पढ़ें
न्यूजलेटर
अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज
खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में
सबमिट करें



