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Kachra Chutney I bhilwara news I rajasthan news I काचरे की चटनी बनाने की रेसिपी

Last Updated:June 26, 2026, 22:10 IST

Kachra Chutney: राजस्थान के मेवाड़ क्षेत्र की पारंपरिक काचरा की चटनी अपने तीखे, खट्टे और चटपटे स्वाद के लिए जानी जाती है. देसी काचरा फल से बनी यह चटनी हरी मिर्च, लहसुन और मसालों के साथ सिलबट्टे पर पीसकर तैयार की जाती है, जो इसे खास देसी खुशबू और स्वाद देती है. बाजरे की रोटी, दाल-बाटी या पराठे के साथ परोसी जाने वाली यह चटनी आज भी ग्रामीण रसोई की शान बनी हुई है और मेहमानों को खास तौर पर परोसी जाती है.

भीलवाड़ा. राजस्थान के मेवाड़ के लोगों को तीखा और चटपटा खाना हमेशा से पसंद रहा है. यहां की पारंपरिक रसोई में कई ऐसी देसी रेसिपी हैं, जो अपने अनोखे स्वाद के कारण आज भी लोगों की पहली पसंद बनी हुई हैं. इन्हीं में से एक है काचरा की चटनी हैं, यह चटनी राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों में मिलने वाले देसी छोटी काचरा से बनाई जाती है. इसका तीखा और चटपटा स्वाद साधारण भोजन को भी बेहद स्वादिष्ट बना देता है. काचरा एक जंगली फल होता है, जो खासतौर पर राजस्थान के सूखे और रेतीले क्षेत्रों में पाया जाता है. इसका स्वाद हल्का खट्टा होता है, इसलिए इससे बनी चटनी खाने में बेहद लाजवाब लगती है. पहले गांवों में लोग इसे तोड़कर घर लाते थे और ताजा चटनी तैयार करते थे. आज भी कई घरों में यह परंपरा कायम है और मेहमानों को खास तौर पर काचरा की चटनी परोसी जाती है.

भीलवाड़ा शहर के आर के कॉलोनी की रहने वाली नीतू सिंह चौहान ने बताया कि इस चटनी को बनाने के लिए सबसे पहले काचरा को अच्छी तरह धोकर छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लिया जाता है. इसके बाद इसमें हरी मिर्च, लहसुन, नमक, लाल मिर्च, जीरा और थोड़ा-सा धनिया मिलाकर सिलबट्टे या मिक्सर में पीस लिया जाता है. कई लोग इसमें स्वाद बढ़ाने के लिए थोड़ा दही या नींबू का रस भी मिलाते हैं. तैयार चटनी को बाजरे की रोटी, गेहूं की रोटी, दाल-बाटी या पराठों के साथ परोसा जाता है.

ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी काचरा की चटनी को पारंपरिक तरीके से सिलबट्टे पर पीसा जाता है. माना जाता है कि इस तरीके से बनी चटनी का स्वाद और खुशबू अलग ही होती है. यही वजह है कि मेवाड़ और राजस्थान के कई परिवार आज भी इस पुराने तरीके को अपनाते हैं. काचरा की चटनी केवल स्वाद ही नहीं, बल्कि देसी खानपान की पहचान भी है. यह राजस्थान की समृद्ध खाद्य परंपरा और स्थानीय स्वाद को दर्शाती है. अगर आपने अभी तक इस चटनी का स्वाद नहीं चखा है, तो एक बार जरूर आजमाएं. इसका तीखा, खट्टा और मसालेदार स्वाद आपको जरूर पसंद आएगा और यह आपके खाने का जायका कई गुना बढ़ा देगा.

About the AuthorMonali Paul

नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें

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