अब तक मखाने को समझते रहे प्रोटीन का बादशाह? पॉपकॉर्न की सच्चाई जानकर रह जाएंगे हैरान, जानें किसमें कितना है दम?

Makhana vs Popcorn: शाम की हल्की भूख हो या ऑफिस के बीच में कुछ हेल्दी खाने का मन, ज्यादातर लोग मखाना और पॉपकॉर्न के बीच उलझ जाते हैं. दोनों को ही हल्का, स्वादिष्ट और फिटनेस फ्रेंडली स्नैक माना जाता है, लेकिन सवाल यह है कि अगर आपका लक्ष्य ज्यादा प्रोटीन लेना, वजन नियंत्रित रखना या हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना है, तो इनमें से कौन-सा विकल्प बेहतर रहेगा? सोशल मीडिया पर भी मखाने को सुपरफूड और पॉपकॉर्न को हेल्दी स्नैक बताने वाले कई दावे किए जाते हैं. ऐसे में जरूरी है कि पोषण के आंकड़ों और खाने के सही तरीके के आधार पर फैसला किया जाए. आइए जानते हैं कि प्रोटीन, फाइबर, कैलोरी और ओवरऑल हेल्थ के लिहाज से मखाना और पॉपकॉर्न में किसका पलड़ा भारी है.
मखाना और पॉपकॉर्न में किसमें होता है ज्यादा प्रोटीन?
अगर केवल 100 ग्राम के पोषण मूल्य को देखा जाए, तो एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न में लगभग 12 से 13 ग्राम प्रोटीन पाया जाता है. वहीं मखाने में करीब 9 से 10 ग्राम प्रोटीन होता है. यानी प्रोटीन की बात करें तो पॉपकॉर्न थोड़ा आगे निकल जाता है. हालांकि केवल प्रोटीन देखकर किसी स्नैक को बेहतर नहीं कहा जा सकता. यह भी देखना जरूरी है कि उसमें कैलोरी, फाइबर, फैट और उसे बनाने का तरीका कैसा है. यही बातें तय करती हैं कि कोई चीज रोजाना खाने के लिए कितनी अच्छी है.
100 ग्राम में पोषण (लगभग)मखानाएयर-पॉप्ड पॉपकॉर्नप्रोटीन9–10 ग्राम12–13 ग्रामकैलोरी340–360 kcal380–390 kcalफाइबर7–8 ग्राम14–15 ग्रामफैट0.5–1 ग्राम4–5 ग्राम
मखाने और पॉपकॉर्न का पोषण अंतर
प्रोटीन के साथ फाइबर भी है अहम
एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न में फाइबर की मात्रा मखाने की तुलना में काफी अधिक होती है. अधिक फाइबर पाचन को बेहतर बनाने, पेट को लंबे समय तक भरा रखने और बार-बार भूख लगने की समस्या को कम करने में मदद कर सकता है. दूसरी ओर, मखाना भी अच्छी मात्रा में फाइबर देता है, लेकिन इसमें फैट बेहद कम होता है. यही वजह है कि इसे हल्का स्नैक माना जाता है.
कैलोरी और फैट का भी रखें ध्यान
100 ग्राम मखाने में लगभग 340 से 360 कैलोरी होती है, जबकि एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न में करीब 380 से 390 कैलोरी मिलती हैं. फैट की बात करें तो मखाने में यह बहुत कम होता है, जबकि पॉपकॉर्न में प्राकृतिक रूप से थोड़ी अधिक मात्रा मौजूद रहती है. हालांकि यह अंतर तब बदल जाता है, जब पॉपकॉर्न को मक्खन, चीज़ या कैरामेल के साथ तैयार किया जाता है. ऐसे पॉपकॉर्न में कैलोरी, नमक और चीनी तेजी से बढ़ जाती है.
किसे खाना ज्यादा फायदेमंद रहेगा?
वजन घटाने वालों के लिए
अगर आप वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं, तो बिना ज्यादा घी या तेल में भुना हुआ मखाना अच्छा विकल्प हो सकता है. यह हल्का होता है और लंबे समय तक पेट भरा होने का एहसास देता है.
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जिम जाने वालों के लिए
अगर आपका लक्ष्य केवल प्रोटीन बढ़ाना है, तो एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न थोड़ा बेहतर साबित हो सकता है. हालांकि मसल्स बनाने के लिए केवल स्नैक्स पर निर्भर रहने के बजाय दाल, पनीर, अंडे, दूध और अन्य प्रोटीन स्रोतों को भी डाइट में शामिल करना जरूरी है.
रोजाना स्नैक के तौर पर
कई लोग शाम की चाय के साथ कुछ कुरकुरा खाना पसंद करते हैं. ऐसे में सादा भुना हुआ मखाना और बिना बटर वाला एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न, दोनों ही पैकेट वाले तले-भुने स्नैक्स की तुलना में बेहतर विकल्प हैं.
बाजार में मिलने वाले फ्लेवर वाले स्नैक्स से रहें सावधान
आजकल बाजार में चीज़, बटर, मसाला और कैरामेल फ्लेवर वाले पॉपकॉर्न आसानी से मिल जाते हैं. इसी तरह मसालेदार और ज्यादा नमक वाले मखाने भी खूब बिकते हैं. स्वाद बढ़ाने के लिए इनमें अतिरिक्त नमक, तेल, चीनी और फ्लेवर मिलाए जाते हैं, जिससे इनकी पोषण गुणवत्ता कम हो सकती है. अगर हेल्दी स्नैक खाना चाहते हैं, तो घर पर कम नमक और कम तेल में तैयार किए गए मखाने या एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न को प्राथमिकता दें.
(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)



