बैंक खाते को बना दिया साइबर ठगी का हथियार, अजमेर में 24 गिरफ्तार, कई आरोपी खुद भी चला रहे थे ठगी का रैकेट

Last Updated:August 08, 2026, 18:07 IST
Ajmer Mule Hunter Campaign: अजमेर जिले में साइबर ठगी के खिलाफ चलाए जा रहे ‘म्यूल हंटर’ अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. पुलिस ने साइबर ठगों को बैंक खाते उपलब्ध कराने के आरोप में 24 लोगों को गिरफ्तार किया है. जानकारी के अनुसार आरोपी अपने बैंक खाते साइबर ठगी करने वाले बदमाशों को किराए पर देते थे और इसके बदले 5 से 10 प्रतिशत तक कमीशन लेते थे. बताया गया कि इस नेटवर्क में स्टूडेंट्स के साथ मजदूर वर्ग के लोग भी शामिल थे. पुलिस के अनुसार कई आरोपी खुद भी साइबर ठगी का रैकेट चला रहे थे. साइबर थाना पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है.
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बैंक खाते को बना दिया साइबर ठगी का हथियार
अजमेर: साइबर अपराधों पर विराम लगाने और अपराधियों के नेटवर्क को खत्म करने के लिए अजमेर पुलिस द्वारा चलाए जा रहे अलग ‘म्यूल हंटर’ अभियान के तहत सफलता हाथ लगी है. पुलिस ने जिलेभर में तुरंत कार्रवाई करते हुए 24 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. ये आरोपी साइबर ठगों को अपने बैंक खाते किराए पर उपलब्ध कराते थे और ठगी के पैसे को इधर-उधर करने में मदद करते थे. इस मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर थाना पुलिस अब पूरे गिरोह के नेटवर्क को खंगालने में जुट गई है.
पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए आरोपी साइबर अपराधियों को अपने बैंक खाते (म्यूल अकाउंट) उपलब्ध कराने के बदले 5 से 10 प्रतिशत तक का मोटा कमीशन वसूलते थे. ये आरोपी लंबे समय से इस अवैध गतिविधि में लिप्त थे और साइबर ठगों द्वारा लोगों से ऐंठी गई रकम को अपने खातों में जमा करवाकर आगे ट्रांसफर करते थे. इस कमीशन के लालच में आरोपियों ने लाखों रुपये के संदिग्ध लेनदेन को अंजाम दिया.
गिरोह में छात्र और मजदूर वर्ग के लोग भी शामिलइस पूरे घटने का एक चिंताजनक पहलू यह सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपियों में कॉलेज के छात्र और मजदूर वर्ग के लोग भी शामिल हैं. आसान कमाई और जल्दी पैसे कमाने के लालच में इन युवाओं व मजदूरों ने अपने बैंक खातों की जानकारी और एटीएम कार्ड साइबर ठगों को दे दिए. वहीं, जांच के दौरान यह चौंकाने वाला खुलासा भी हुआ है कि कुछ आरोपी सिर्फ खाते किराए पर देने तक सीमित नहीं थे, बल्कि वे खुद भी साइबर ठगी का रैकेट चला रहे थे.
साइबर थाना पुलिस की गहन जांच जारीकार्रवाई के बाद अजमेर की साइबर थाना पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है. पुलिस अब इन 24 आरोपियों के बैंक खातों के स्टेटमेंट, लेन-देन के रिकॉर्ड और मोबाइल डेटा की जांच कर रही है. अधिकारियों का कहना है कि इन बैंक खातों से जुड़े साइबर अपराधियों (मास्टरमाइंड) की पहचान कर उन्हें भी जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाएगा.
सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगीअजमेर पुलिस ने युवाओं से अपील की है कि वे किसी भी स्थिति में अपने बैंक खाते, पासबुक, एटीएम कार्ड या यूपीआई पिन किसी अनजान व्यक्ति को किराए पर या पैसे के लालच में न दें. बैंक खाते को साइबर अपराध में इस्तेमाल की अनुमति देना एक गंभीर कानूनी अपराध है, जिसमें शामिल पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
About the AuthorJagriti Dubey
मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…
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Ajmer,Rajasthan
First Published :
August 08, 2026, 18:07 IST



