नरेश मीणा को मिलेगी जमानत या जेल में रहेंगे? मंगलवार को आएगा बड़ा फैसला

Last Updated:August 11, 2026, 00:05 IST
Naresh Meena Bail : टोंक में नरेश मीणा की जमानत पर SC-ST कोर्ट का फैसला कल आएगा. कोर्ट ने सुनवाई पूरी कर आदेश सुरक्षित रखा है. नरेश मीणा से जुड़ा यह मामला टोंक जिले के समरावता गांव में हुए विधानसभा उपचुनाव के दौरान हुए विवाद से भी जुड़ा है.
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मंगलवार को कोर्ट में नरेश मीणा के जेल या बेल का फैसलाटोंक. टोंक जिले की एससी-एसटी कोर्ट में नरेश मीणा की जमानत अर्जी पर सोमवार को सुनवाई पूरी हो गई. कोर्ट ने जमानत याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया है. अब नरेश मीणा की जमानत पर फैसला मंगलवार को आएगा. सुनवाई के बाद नरेश मीणा के वकील फतहराम मीणा ने जमानत मिलने की उम्मीद जताई है. वकील फतहराम मीणा ने बताया कि जमानत अर्जी पर कोर्ट में सुनवाई पूरी हो चुकी थी. इसके बाद जज के मीटिंग में जाने के कारण आदेश पेंडिंग रह गया. अब कोर्ट मंगलवार को इस मामले में फैसला सुनाएगा.
वकील ने कहा कि कोर्ट के सामने नरेश मीणा का पक्ष रखते हुए बताया गया कि उन्होंने जो भी धरने और प्रदर्शन किए हैं, वे कानून के दायरे में रहकर किए गए हैं. वकील के मुताबिक नरेश मीणा 14 मामलों में बरी हो चुके हैं. ऐसे में जनहित से जुड़े प्रदर्शन के मामले में उन्हें जेल में रखना लोकतंत्र की भावना के ठीक नहीं है. इसी आधार पर जमानत की मांग की गई है.
समरावता मतदान बहिष्कार मामले से जुड़ा है विवादनरेश मीणा से जुड़ा यह मामला टोंक जिले के समरावता गांव में हुए विधानसभा उपचुनाव के दौरान हुए विवाद से भी जुड़ा है. समरावता गांव के ग्रामीण गांव को उनियारा में शामिल करने की मांग कर रहे थे. इसी मांग को लेकर ग्रामीणों ने विधानसभा उपचुनाव में मतदान का बहिष्कार किया था. उस समय निर्दलीय प्रत्याशी रहे नरेश मीणा भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठे थे. आरोप है कि तीन लोगों को जबरन मतदान कराने का विरोध करने के दौरान नरेश मीणा ने तत्कालीन एसडीएम अमित चौधरी को थप्पड़ मार दिया था. इस मामले में पुलिस ने नरेश मीणा समेत 60 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया था. बाद में नरेश मीणा को छोड़कर बाकी सभी आरोपियों को जमानत मिल गई थी. नरेश मीणा करीब 9 महीने बाद हाईकोर्ट से सशर्त जमानत मिलने पर जेल से बाहर आए थे.
पिपलोदी स्कूल हादसे के बाद प्रदर्शन में गिरफ्तारी
नरेश मीणा की मौजूदा कानूनी स्थिति का संबंध झालावाड़ के पिपलोदी सरकारी स्कूल हादसे के बाद हुए प्रदर्शन से भी है. 25 जुलाई 2025 को झालावाड़ के पिपलोदी स्थित सरकारी स्कूल का एक कमरा गिर गया था. इस हादसे में 7 बच्चों की मौत हो गई थी. हादसे के बाद नरेश मीणा एसआरजी हॉस्पिटल के बाहर प्रदर्शन करने पहुंचे थे. इसी दौरान पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था. इसके बाद नगरफोर्ट थाना पुलिस की ओर से कोर्ट में आवेदन दिया गया. 13 जुलाई 2026 को एससी-एसटी कोर्ट ने जमानत खारिज कर दी थी. इसके बाद 6 अगस्त को नरेश मीणा ने सरेंडर किया. सरेंडर के बाद से वह टोंक जेल में बंद हैं.
अब मंगलवार को साफ होगी तस्वीरसोमवार को एससी-एसटी कोर्ट में जमानत अर्जी पर दोनों पक्षों की सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया. नरेश मीणा के वकील ने कहा है कि उन्हें जमानत मिलने की पूरी उम्मीद है. अब मंगलवार को कोर्ट का फैसला आने के बाद ही यह साफ होगा कि नरेश मीणा को जमानत मिलती है या उन्हें फिलहाल जेल में ही रहना होगा.
About the Authorआनंद पाण्डेयContent Producer
आनंद पाण्डेय वर्तमान में हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अ…
Tonk,Tonk,Rajasthan
First Published :
August 11, 2026, 00:00 IST



