Sanwaliya Seth Temple | Sanwaliya Seth Bhandar Counting

Last Updated:August 12, 2026, 06:16 IST
Sanwaliya Seth Bhandar Counting: मेवाड़ के प्रसिद्ध श्री सांवलिया सेठ मंदिर का दानपात्र 11 अगस्त सावन कृष्ण चतुर्दशी को खोला गया. पहले चरण की गिनती में ही 11 करोड़ 1 लाख 51 हजार रुपए की नकद दानराशि प्राप्त हुई है. देशभर से आने वाले श्रद्धालु यहां मनोकामना पूरी होने पर दिल खोलकर चढ़ावा चढ़ाते हैं. नकद के अलावा सोना-चांदी भी अर्पित किया जाता है. पिछली बार कुल दान 45 करोड़ रुपए के रिकॉर्ड तक पहुंचा था. अब दूसरे चरण की गिनती 13 अगस्त 2026 को होगी, जिसके बाद ही दान का अंतिम आंकड़ा सामने आएगा.
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Sanwaliya Seth Temple Donation Collection Phase 1: मेवाड़ के सुप्रसिद्ध श्री सांवलिया सेठ मंदिर में एक बार फिर भगवान के भंडार से प्राप्त दानराशि की गिनती का कार्य शुरू हो गया है. सावन मास कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी के अवसर पर 11 अगस्त को विधि-विधान के साथ मंदिर का दानपात्र खोला गया. पहले चरण की गिनती पूरी होने के बाद जो आंकड़ा सामने आया है, उसने एक बार फिर श्रद्धालुओं की अटूट श्रद्धा को साबित कर दिया है. प्रथम चरण में ही 11 करोड़ 1 लाख 51 हजार रुपए की भारी-भरकम नकद राशि प्राप्त हुई है. मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक देखरेख के बीच गिनती की प्रक्रिया को पारदर्शी तरीके से अंजाम दिया जा रहा है.
श्री सांवलिया सेठ के दरबार में केवल राजस्थान ही नहीं, बल्कि देशभर से लाखों श्रद्धालु दर्शन और मन्नत मांगने पहुंचते हैं. मान्यता है कि सांवलिया सेठ को व्यापारी अपना बिजनेस पार्टनर मानते हैं और मनोकामना पूरी होने पर अपनी आय का एक हिस्सा या इच्छानुसार भेंट भगवान के चरणों में अर्पित करते हैं. यही कारण है कि हर बार जब भी दानपात्र खोला जाता है, तो दान का आंकड़ा करोड़ों में पहुंचता है. नकद राशि के अलावा बड़ी संख्या में श्रद्धालु सोने-चांदी के आभूषण, सिक्के और अन्य बहुमूल्य वस्तुएं भी गुप्त दान के रूप में अर्पित करते हैं.
पिछली बार बना था 45 करोड़ का रिकॉर्ड, इस बार भी बड़ी उम्मीदेंमंदिर प्रशासन के अनुसार, पिछली बार जब सांवलिया सेठ के भंडार की पूरी गणना की गई थी, तब कुल दानराशि करीब 45 करोड़ रुपए के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंची थी. उस रिकॉर्ड ने देशभर में मंदिर की आय और भक्तों की श्रद्धा को लेकर काफी चर्चाएं बटोरी थीं. इस बार भी पहले ही दौर में 11 करोड़ रुपए से अधिक का आंकड़ा पार हो जाने से श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है.
13 अगस्त को दूसरे चरण की गिनती में सामने आएगा अंतिम आंकड़ायह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि 11 करोड़ 1 लाख 51 हजार रुपए का यह आंकड़ा केवल पहले चरण की गिनती का है और यह अंतिम राशि नहीं है. मंदिर के भंडार में जमा बाकी बचे नोटों, सिक्कों और सोना-चांदी की गिनती का दूसरा चरण 13 अगस्त 2026 को आयोजित किया जाएगा. दूसरे दौर की गिनती पूरी होने के बाद ही इस बात का स्पष्ट खुलासा हो पाएगा कि क्या इस बार का दान पिछली बार के 45 करोड़ रुपए के विशाल रिकॉर्ड को तोड़ पाता है या नहीं.
About the Authorvicky Rathore
Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…
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Chittaurgarh,Chittaurgarh,Rajasthan
First Published :
August 12, 2026, 06:15 IST



