‘जिस दिन वे आई थीं’, जब दीप्ति नवल के घर पहली बार पहुंचीं मनीषा, मिला ऐसा यादगार तोहफा, ताउम्र नहीं भुला पाईं

नई दिल्ली: मनीषा कोइराला के जन्मदिन के 2 दिन बाद एक्ट्रेस दीप्ति नवल ने उनकी एक पुरानी तस्वीर शेयर की, जो फिल्म ‘सौदागर’ के समय की है. दीप्ति नवल ने उनकी यह खूबसूरत तस्वीर तब खींची, जब वे किसी सोच में डूब हुई थीं. एक्ट्रेस ने मनीषा को जन्मदिन की बधाई देते हुए लिखा, ‘यह तस्वीर मैंने हमारी ‘सौदागर’ फिल्म की शूटिंग के दिनों में खींची थी. उन दिनों मेरे पास हमेशा ‘कैनन ईओएस5′ कैमरा रहता था. मैं हमेशा जिंदगी के पलों को कैद करने की कोशिश करती थी. मेरे पास मनीषा की मुस्कुराती हुई तस्वीरें भी हैं, लेकिन जिस दिन वे घर आई थीं, वह सोच में डूबी हुई थीं और मैं उनकी तस्वीर लेने से खुद को रोक नहीं पाई. यहां उनकी सोच में डूबे हुए पलों में से एक पल शेयर कर रही हूं. एक ऐसा पल जो बहुत कुछ कहता है. जन्मदिन मुबारक हो प्यारी मनीषा.’
मनीषा कोइराला ने तस्वीर पर कमेंट करके दीप्ति नवल का आभार जताया. उन्होंने लिखा, ‘मुझे यह दिन याद है दी. इसे कैद करने के लिए शुक्रिया.’ साल 1991 में आई फिल्म ‘सौदागर’ से मनीषा और विवेक मुश्रान ने हिंदी फिल्मों में डेब्यू किया था. फिल्म में दीप्ति नवल ने आरती सिंह का किरदार निभाया था. इसे सुभाष घई ने निर्देशित किया था. फिल्म में हिंदी सिनेमा के दो बड़े स्टार्स दिलीप कुमार और राज कुमार एक-साथ नजर आए थे. फिल्म में दोनों सितारों ने ऐसे दोस्त का रोल निभाया था, जो अलग हो गए थे और बाद में कट्टर दुश्मन बन गए थे. कहानी में उनके पोते-पोती के बीच रोमांस दिखाया गया है. फिल्म में अमरीश पुरी, अनुपम खेर, गुलशन ग्रोवर, जैकी श्रॉफ, मुकेश खन्ना, दिलीप ताहिल, दीना पाठक, पल्लवी जोशी और दीप्ति नवल जैसे कलाकार भी हैं.
(फोटो साभार: Instagram@deepti.naval)
‘चश्मे बद्दूर’ से मिली दीप्ति नवल को पहचानहिंदी सिनेमा में दीप्ति नवल का सफर शानदार रहा है. वे बीते चार दशकों से ज्यादा समय से एंटरटेनमेंट की दुनिया का हिस्सा रही हैं. वे बड़े पर्दे पर पहली बार श्याम बेनेगल की फिल्म ‘जुनून’ में एक छोटे से रोल में नजर आई थीं. उन्हें 1980 के दशक की शुरुआत में पहचान मिली. साईं परांजपे की 1981 में आई फिल्म ‘चश्मे बद्दूर’ में उन्हें काफी पसंद किया गया. इसमें उन्होंने फारूक शेख के साथ काम किया था. रोमांटिक कॉमेडी को दर्शकों का भरपूर प्यार मिला. नतीजतन, दीप्ति नवल के साथ फारूक शेख की जोड़ी खूब पसंद की गई. उन्होंने ‘साथ-साथ’, ‘किसी से न कहना’, ‘कथा’, ‘रंग-बिरंगी’ और ‘फासले’ जैसी फिल्मों में भी साथ काम किया.
दीप्ति नवल ने प्रकाश झा से की थी शादी दीप्ति की फिल्मों की लिस्ट में ‘कमला’, ‘अनकही’, ‘मिर्च मसाला’, ‘मोहन जोशी हाजिर हो!’, ‘मैं जिंदा हूं’, ‘पंचवटी’ और ‘दीदी’ शामिल हैं. उन्होंने बाद में ‘लीला’, ‘फिराक’, ‘बवंडर’, ‘मेमोरीज इन मार्च’ और ‘लिसन… अमाया’ जैसी फिल्मों में अलग-अलग तरह के रोल किए. निजी जिंदगी की बात करें, तो दीप्ति ने प्रकाश झा से 1985 में शादी की थी, जिनसे उनका 2002 में तलाक हो गया था. उनकी एक गोद ली हुई बेटी है, जिनका नाम दिशा है.



