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Aparajita Plant Gardening Tips | मानसून में ऐसे लगाएं अपराजिता का पौधा

Last Updated:August 28, 2026, 06:42 IST

Aparajita Plant Gardening Tips: मानसून सीजन में किचन गार्डन की खूबसूरती बढ़ाने के लिए अपराजिता का पौधा एक बेहतरीन विकल्प है. नीले, सफेद और बैंगनी फूलों वाली इस बेल को 10-12 इंच के गमले में बीज या कटिंग से आसानी से उगाया जा सकता है. इसके लिए जैविक खाद मिश्रित भुरभुरी मिट्टी और पर्याप्त धूप आवश्यक है. मानसून के दौरान गमले में पानी रुकने से बचाना और बेल को सहारा देना जरूरी है ताकि पौधा तेजी से फैल सके.

मानसून के मौसम में अगर आप अपने किचन गार्डन को रंग-बिरंगे फूलों से सजाना चाहते हैं तो अपराजिता का पौधा एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है. इसकी बेल पर नीले, सफेद और बैंगनी रंग के आकर्षक फूल खिलते हैं, जो घर के गार्डन की खूबसूरती बढ़ा देते हैं. मानसून का मौसम अपराजिता की अच्छी ग्रोथ के लिए अनुकूल माना जाता है. थोड़ी सी देखभाल और सही देखरेख के साथ इसे घर पर आसानी से उगाया जा सकता है.

अपराजिता का पौधा लगाने के लिए ज्यादा जगह की जरूरत नहीं होती. इसे आप आसानी से गमले में भी उगा सकते हैं. इसके लिए करीब 10 से 12 इंच का गमला पर्याप्त रहता है. गमले में ऐसी मिट्टी का इस्तेमाल करें जिसमें पानी आसानी से बाहर निकल सके. सामान्य बगीचे की मिट्टी में थोड़ी जैविक खाद मिलाने से मिट्टी उपजाऊ बनती है और पौधे की अच्छी ग्रोथ में मदद मिल सकती है.

अपराजिता का पौधा बीज या कटिंग दोनों तरीकों से आसानी से लगाया जा सकता है. अगर आप बीज से पौधा तैयार करना चाहते हैं तो सबसे पहले बीजों को करीब एक दिन पानी में भिगोकर रखें. इसके बाद बीजों को मिट्टी में हल्की गहराई पर बो दें और मिट्टी में नमी बनाए रखें. ध्यान रखें कि गमले में पानी जमा न हो. सही देखभाल मिलने पर कुछ दिनों में बीज अंकुरित होकर पौधे की शुरुआत हो सकती है.

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अपराजिता के पौधे को ऐसी जगह रखना बेहतर होता है जहां उसे पर्याप्त मात्रा में धूप मिल सके. मानसून के दौरान बारिश और धूप का सही संतुलन मिलने से इसकी बेल तेजी से बढ़ सकती है. अगर अपराजिता का पौधा गमले में लगा है तो उसे ऐसी जगह रखें जहां तेज बारिश का पानी लगातार गमले में जमा न हो. इससे पौधे की जड़ों को नुकसान से बचाने और उसकी अच्छी ग्रोथ बनाए रखने में मदद मिल सकती है.

पौधा बढ़ने के साथ अपराजिता की बेल को सहारे की जरूरत होती है. इसके लिए गमले में लकड़ी की छोटी डंडी, जाली या कोई मजबूत सहारा लगाया जा सकता है. बेल को धीरे-धीरे सहारे पर चढ़ाते रहें ताकि उसे फैलने के लिए सही दिशा मिल सके. समय-समय पर सूखी पत्तियों और कमजोर टहनियों को हटाते रहें, इससे पौधे को साफ-सुथरा रखने के साथ उसकी अच्छी ग्रोथ में भी मदद मिल सकती है.

मानसून के मौसम में अपराजिता का पौधा किचन गार्डन की खूबसूरती को और बढ़ा सकता है. हालांकि इस मौसम में पौधे को जरूरत से ज्यादा पानी देने से बचना चाहिए, क्योंकि गमले में पानी जमा होने से जड़ों को नुकसान पहुंच सकता है. सही मिट्टी, पर्याप्त रोशनी और नियमित देखभाल के साथ घर में अपराजिता की हरी-भरी बेल आसानी से तैयार की जा सकती है और इसमें खूबसूरत फूल भी खिलाए जा सकते हैं.

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August 28, 2026, 06:42 IST

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