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न लकड़ी, न आम पत्थर; आखिर क्या है वुडन फॉसिल? दीपावली पर घर की सजावट के लिए सबसे बेस्ट

Last Updated:October 27, 2026, 15:25 IST

Diwali Home Decoration Tips : बीकानेर में दीपावली पर प्राकृतिक जीवाश्मीकृत लकड़ी यानी वुडन फॉसिल की मांग बढ़ रही है. यह प्राचीन लकड़ी का पत्थर रूप है, जिसे सजावट और उपहार देने के लिए पसंद किया जा रहा है. इसे पेट्रिफाइड वुड यानी जीवाश्मीकृत लकड़ी भी कहा जाता है. अभिषेक के अनुसार, यह प्रकृति की ओर से तैयार की गई एक अनूठी कलाकृति है. इसकी बनावट, रंग और आकार इसे दूसरे सजावटी पत्थरों से अलग बनाते हैं.

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बीकानेर. दीपावली का त्योहार आते ही लोग अपने घरों को सजाने और कुछ खास चीजें खरीदने की तैयारी में जुट जाते हैं. कोई घर में सजावटी सामान लाता है, तो कोई ऐसी वस्तु की तलाश करता है, जो खूबसूरती के साथ सकारात्मकता का अहसास भी कराए. इन दिनों प्राकृतिक पत्थरों और अनूठी कलाकृतियों के प्रति लोगों की रुचि बढ़ रही है. इन्हीं में एक खास चीज है वुडन फॉसिल, जो देखने में लकड़ी जैसी आकृति वाला होता है, लेकिन समय के साथ पत्थर का रूप ले चुका होता है. अपनी अनूठी बनावट और प्राकृतिक खूबसूरती के कारण यह लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है.

अभिषेक सांखी ने बताया कि वुडन फॉसिल मूल रूप से प्राचीन लकड़ी के जीवाश्म का एक रूप है. लंबे समय तक जमीन के भीतर रहने के दौरान लकड़ी के जैविक पदार्थों की जगह धीरे-धीरे खनिज पदार्थ आ जाते हैं. इस प्राकृतिक प्रक्रिया के कारण लकड़ी की मूल संरचना सुरक्षित रह सकती है और वह पत्थर जैसी कठोर बन जाती है. इसे पेट्रिफाइड वुड यानी जीवाश्मीकृत लकड़ी भी कहा जाता है. अभिषेक के अनुसार, यह प्रकृति की ओर से तैयार की गई एक अनूठी कलाकृति है. इसकी बनावट, रंग और आकार इसे दूसरे सजावटी पत्थरों से अलग बनाते हैं. इसकी खासियत यह है कि यह किसी मशीन से तैयार नहीं होता, बल्कि प्रकृति की लंबी प्रक्रिया के बाद अपना विशिष्ट रूप प्राप्त करता है.

दीपावली पर गिफ्ट देने का भी अच्छा विकल्पअभिषेक सांखी ने बताया कि दीपावली जैसे त्योहार पर लोग अपने घरों को सजाने के साथ ही रिश्तेदारों और दोस्तों को उपहार भी देते हैं. ऐसे में वुडन फॉसिल एक अलग तरह का गिफ्ट साबित हो सकता है. इसकी प्राकृतिक बनावट इसे सामान्य सजावटी वस्तुओं से अलग पहचान देती है. उन्होंने बताया कि कई लोग इसे सकारात्मक ऊर्जा और शुभता से जोड़कर देखते हैं. मान्यता के अनुसार, इसे घर में रखने से स्थिरता, मानसिक शांति और निर्णय लेने की क्षमता बेहतर होने का अहसास होता है. हालांकि, सकारात्मक ऊर्जा और स्वास्थ्य संबंधी इन लाभों के वैज्ञानिक प्रमाण स्थापित नहीं हैं.

घर से लेकर ऑफिस तक सजा सकते हैंवुडन फॉसिल को घर के ड्राइंग रूम, बैठक या ऐसी जगह रखा जा सकता है, जहां परिवार के सदस्य सबसे ज्यादा समय बिताते हैं. इसके अलावा, इसे ऑफिस में भी सजावटी वस्तु के रूप में रखा जा सकता है. इसकी प्राकृतिक बनावट किसी भी जगह को अलग और आकर्षक लुक दे सकती है. अभिषेक सांखी के मुताबिक, जापान में प्राकृतिक वस्तुओं को घर की सजावट और सकारात्मक वातावरण की अवधारणा से जोड़कर देखने का चलन है. भारत में भी अब लोग ऐसी प्राकृतिक वस्तुओं को अपने घरों में जगह देने लगे हैं.

प्रकृति की खूबसूरती को करीब से देखने का मौकावुडन फॉसिल की खासियत केवल इसका पत्थर जैसा रूप नहीं, बल्कि इसके पीछे छिपी प्रकृति की लंबी कहानी भी है. कभी पेड़ का हिस्सा रही लकड़ी का समय के साथ पत्थर में बदल जाना अपने आप में एक आश्चर्यजनक प्रक्रिया है. यही वजह है कि यह वस्तु सजावट के साथ-साथ प्रकृति में होने वाले बदलावों को समझने का अवसर भी देती है.

About the Authorआनंद पाण्डेयContent Producer

आनंद पाण्डेय वर्तमान में हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अ…

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Bikaner,Bikaner,Rajasthan

First Published :

October 27, 2026, 15:25 IST

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