रिजल्ट आते ही परिवार ने किया फैसला! सांवलिया सेठ के चरणों में भेंट की चांदी से बनी अनोखी किताब, सब हैरान

Last Updated:May 17, 2026, 09:40 IST
Udaipur Sanwaliya Seth Mandir: श्री सांवरिया सेठ मंदिर में एक परिवार ने अपने बेटे के शानदार परीक्षा परिणाम के बाद अनोखी मन्नत पूरी की. बेटे की सफलता से खुश होकर परिवार ने मंदिर में चांदी की विशेष किताब चढ़ाई, जिसने श्रद्धालुओं का ध्यान आकर्षित किया. परिवार का कहना है कि उन्होंने बेटे की पढ़ाई और अच्छे रिजल्ट के लिए सांवलिया सेठ से मन्नत मांगी थी, जो अब पूरी हो गई. इसके बाद पूरे परिवार ने मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और चांदी की किताब अर्पित की. मंदिर परिसर में इस अनोखे चढ़ावे को देखने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ भी जुटी. राजस्थान में सांवलिया सेठ मंदिर आस्था का बड़ा केंद्र माना जाता है, जहां देशभर से भक्त अपनी मनोकामनाएं लेकर पहुंचते हैं.
ख़बरें फटाफट
उदयपुर: सांवलियाजी मंदिर के प्रति श्रद्धा और आस्था का एक अनोखा उदाहरण सामने आया है. बेटे के शानदार परीक्षा परिणाम के बाद एक परिवार ने अपनी मन्नत पूरी होने पर मंदिर में चांदी की विशेष किताब अर्पित की. यह अनोखी भेंट अब इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है. प्रताप नगर निवासी बर्तन व्यवसायी सुनील काबरा अपने बेटे चिन्मय काबरा और पूरे परिवार के साथ सांवलियाजी मंदिर पहुंचे.
यहां राजभोग आरती के दौरान उन्होंने भगवान सांवलिया सेठ को करीब 50 ग्राम चांदी से बनी एक विशेष किताब भेंट की. परिवार की इस श्रद्धा को देखकर मंदिर में मौजूद श्रद्धालु भी भावुक नजर आए.
ऑर्डर देकर तैयार करवाई गईसुनील काबरा ने बताया कि उन्होंने बेटे के अच्छे परीक्षा परिणाम के लिए भगवान सांवलिया सेठ से मन्नत मांगी थी. हाल ही में घोषित हुए CBSE 12वीं कॉमर्स के रिजल्ट में उनके बेटे चिन्मय काबरा ने 97 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं. इतना ही नहीं, चिन्मय अपने स्कूल का टॉपर बनने के साथ-साथ जिला टॉपर भी बना है.बेटे की इस सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है.परिवार ने बताया कि यह चांदी की किताब अहमदाबाद में विशेष ऑर्डर देकर तैयार करवाई गई थी.
चिन्मय स्कूल टॉपर भी बन जाएगाकिताब में कुल पांच पन्ने बनाए गए हैं. पहले पन्ने पर एक तरफ “श्री सांवलिया सेठ की जय” और दूसरी तरफ “12th पास” लिखा गया है. दूसरे पन्ने पर भगवान सांवलिया सेठ की तस्वीर उकेरी गई है, जबकि बाकी पन्नों पर भगवान के जयकारे और धार्मिक चित्र बनाए गए हैं. चांदी की इस अनोखी किताब को देखने के लिए मंदिर में लोगों की भीड़ लग गई.सुनील काबरा ने बताया कि उन्हें बेटे के अच्छे अंक आने की पूरी उम्मीद थी. इसी वजह से उन्होंने रिजल्ट आने से करीब 15 से 20 दिन पहले ही किताब बनवाने का ऑर्डर दे दिया था.हालांकि उन्हें यह अंदाजा नहीं था कि चिन्मय स्कूल टॉपर भी बन जाएगा.
10वीं बोर्ड परीक्षा में भी टॉपर रह चुकाचिन्मय ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, शिक्षकों और भगवान सांवलिया सेठ के आशीर्वाद को दिया. उसने बताया कि वह आगे चलकर चार्टर्ड अकाउंटेंट यानी CA बनना चाहता है और इसके लिए तैयारी भी शुरू कर चुका है. परिवार के अनुसार चिन्मय शुरू से ही पढ़ाई में होशियार रहा है और 10वीं बोर्ड परीक्षा में भी टॉपर रह चुका है. मंदिर दर्शन के दौरान चिन्मय के साथ पिता सुनील काबरा, मां डिंपल काबरा और बहन चार्वी काबरा भी मौजूद रहे.
About the AuthorJagriti Dubey
Hi, I am Jagriti Dubey, a media professional with 6 years of experience in social media and content creation. I started my career with an internship at Gbn 24 news channel in 2019 and have worked with many repu…और पढ़ें
न्यूजलेटर
अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज
खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में
सबमिट करें
Location :
Udaipur,Rajasthan



