Rajasthan

Bikaner Cyber Fraud | बिना OTP खाते से उड़े 1.58 लाख

Last Updated:September 16, 2026, 10:39 IST

Bikaner cyber fraud case: बीकानेर में साइबर ठगों ने बिना ओटीपी और लिंक के एक व्यक्ति के बैंक खाते से 1,58,700 रुपए पार कर दिए. ठगों ने फोन पे के जरिए दो बार में यह राशि ट्रांसफर की. आशंका है कि शातिर ठगों ने पीड़ित का मोबाइल हैक कर इस पूरी वारदात को अंजाम दिया है. बैंक से पैसे कटने का मैसेज आने पर पीड़ित को इस बड़ी ठगी का अहसास हुआ. इसके बाद उसने तुरंत बीकानेर के मुक्ताप्रसाद थाने में मामला दर्ज करवाया. पुलिस अब साइबर सेल की मदद से मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की तलाश में जुट गई है.

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Bikaner Cyber Fraud: न OTP, न कोई लिंक... फिर कैसे खाली हो गया बैंक अकाउंट?ZoomBikaner Cyber Fraud: न OTP, न कोई लिंक… फिर कैसे खाली हो गया बैंक अकाउंट? बीकानेर में 1.58 लाख की साइबर ठगी

Bikaner: बीकानेर शहर में साइबर ठगों ने वारदातों को अंजाम देने का एक नया और खौफनाक तरीका ढूंढ निकाला है. अब तक लोगों को फर्जी लिंक भेजकर या कॉल पर ओटीपी (OTP) मांगकर ठगी की जाती थी, लेकिन ताजा मामले में न तो पीड़ित के पास कोई संदिग्ध लिंक आया और न ही किसी ने उससे फोन पर ओटीपी पूछा. इसके बावजूद उसके बैंक खाते से 1 लाख 58 हजार 700 रुपए की बड़ी रकम पार हो गई. इस सनसनीखेज घटना ने पुलिस और आम जनता दोनों की चिंता बढ़ा दी है. साइबर अपराधियों के इस नए तरीके से हर कोई हैरान है कि आखिर बिना किसी जानकारी के बैंक खाते में सेंध कैसे लग गई.

आज के डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा एक बड़ी चुनौती बन गई है. बीकानेर के इस मामले ने सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं. पीड़ित को भनक तक नहीं लगी और उसके खाते से एक लाख रुपये से अधिक की राशि कट गई. आमतौर पर साइबर पुलिस लगातार लोगों को जागरूक करती है कि वे अनजान लिंक पर क्लिक न करें और अपना ओटीपी किसी के साथ साझा न करें. पीड़ित ने भी इन सभी नियमों का पालन किया था. उसने न तो किसी अनजान लिंक को खोला और न ही अपना कोई पासवर्ड या ओटीपी किसी अन्य व्यक्ति को बताया. फिर भी उसके खून-पसीने की कमाई ठगों के हाथ लग गई.

फोन पे के जरिए दो बार निकाले गए रुपएप्राप्त जानकारी के अनुसार, ठगों ने फोन पे (PhonePe) एप्लिकेशन का इस्तेमाल कर इस वारदात को अंजाम दिया है. आशंका जताई जा रही है कि अपराधियों ने दो अलग-अलग ट्रांजैक्शन के जरिए खाते से 1 लाख 58 हजार 700 रुपए की राशि ट्रांसफर की है. शुरुआती जांच में यह बात सामने आ रही है कि शायद साइबर ठगों ने किसी नई तकनीक का इस्तेमाल कर पीड़ित का मोबाइल हैक कर लिया था. मोबाइल हैक होने के कारण ठगों को खाते से जुड़े मैसेज और अन्य जानकारियां सीधे मिल गईं, जिसके चलते उन्हें ओटीपी पूछने की जरूरत ही नहीं पड़ी. मोबाइल हैकिंग का यह तरीका बेहद खतरनाक है, क्योंकि इसमें यूजर को अपने डिवाइस के हैक होने का पता भी नहीं चलता है.

मैसेज आने पर हुआ ठगी का अहसासपीड़ित को इस बड़ी ठगी का पता तब चला जब उसके मोबाइल फोन पर बैंक खाते से राशि कटने का मैसेज आया. अचानक से लाखों रुपए कटने का मैसेज देखकर पीड़ित के होश उड़ गए. उसने तुरंत अपने बैंक खाते का बैलेंस चेक किया तो पाया कि सच में उसके खाते से 1 लाख 58 हजार 700 रुपए गायब हो चुके हैं. इसके बाद उसने बिना समय गंवाए बैंक अधिकारियों से संपर्क किया और अपना खाता ब्लॉक करवाया. इस घटना के बाद से पीड़ित मानसिक रूप से काफी परेशान है.

मुक्ताप्रसाद थाने में मामला दर्ज और पुलिस की जांचठगी का शिकार होने के बाद पीड़ित ने तुरंत बीकानेर के मुक्ताप्रसाद पुलिस थाने का रुख किया. वहां पहुंचकर उसने पूरी घटना की जानकारी पुलिस को दी और साइबर ठगी का मामला दर्ज करवाया. मुक्ताप्रसाद थाना पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और तकनीकी पहलुओं पर जांच शुरू कर दी है. पुलिस साइबर सेल की मदद से उन बैंक खातों और फोन पे नंबरों की जानकारी जुटा रही है, जिनमें यह पैसा ट्रांसफर किया गया है. पुलिस का कहना है कि यह एक गंभीर मामला है. मोबाइल और बैंकिंग ऐप्स के इस्तेमाल में अत्यधिक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. आमजन को चाहिए कि वे अपने फोन में किसी भी अनजान एप्लीकेशन को इंस्टॉल न करें और सिक्योरिटी अपडेट्स को हमेशा चालू रखें. ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई से ही पैसे वापस मिलने की उम्मीद रहती है.

About the Authorvicky Rathore

Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…

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Bikaner,Bikaner,Rajasthan

First Published :

September 16, 2026, 10:39 IST

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