National

नीले आलू की खेती से कमाएं लाखों, 100 दिन में तैयार फसल देगी लाखों का मुनाफा..जानिए इसके हेल्थ बेनिफिट्स

Last Updated:April 18, 2026, 06:19 IST

जौनपुर में किसान अब पारंपरिक खेती छोड़कर नीले आलू की खेती से शानदार मुनाफा कमा रहे हैं. 90 से 110 दिनों में तैयार होने वाली इस फसल की बाजार में कीमत 300 से 400 रुपये प्रति किलो तक मिलती है. सेहत के लिए फायदेमंद होने के कारण इसकी मांग तेजी से बढ़ रही है, जिससे यह खेती किसानों और युवाओं के लिए कम लागत में ज्यादा कमाई का बेहतरीन विकल्प बन गई है.

जौनपुर: अगर आप भी बेरोजगार हैं और अपने घर या खेत में थोड़ी सी जमीन रखते हैं, तो अब आपके लिए कमाई का एक शानदार मौका है. पारंपरिक खेती से हटकर अब किसान नीले आलू की खेती करके लाखों रुपये तक कमा रहे हैं. बाजार में इसकी कीमत सामान्य आलू से कई गुना अधिक, लगभग 300 से 400 रुपये प्रति किलो तक मिल रही है, जिससे यह खेती तेजी से लोकप्रिय हो रही है.

नीले आलू में हेल्थ बेनिफिट्स

एक्सपर्ट डॉ. बृजेश यदुवंशी ने बताया कि नीला आलू न केवल कमाई का अच्छा जरिया है बल्कि यह स्वास्थ्य के लिहाज से भी बेहद फायदेमंद होता है. इसमें एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन और पोषक तत्व भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो शरीर को कई बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं. यही कारण है कि इसकी मांग बाजार में लगातार बढ़ती जा रही है.

90 से 110 दिन में तैयार

डॉ. यदुवंशी कहा कि नीले आलू की खेती के लिए ज्यादा बड़े खेत की जरूरत नहीं होती. किसान छोटी जमीन पर भी इसकी खेती शुरू कर सकते हैं. इसकी फसल लगभग 90 से 110 दिनों में तैयार हो जाती है. सही देखभाल और आधुनिक तकनीक अपनाने से किसान कम लागत में अधिक उत्पादन कर सकते हैं.

नीले आलू की सबसे खास बात यह है कि यह दिखने में आकर्षक होता है, जिससे होटल, रेस्टोरेंट और बड़े शहरों में इसकी मांग ज्यादा रहती है. इसके चिप्स, सलाद और अन्य व्यंजन भी बनाए जाते हैं, जिससे इसकी कीमत और बढ़ जाती है.

नुकसान का खतरा कम और मुनाफा ज्यादा

किसानों के लिए यह खेती इसलिए भी फायदेमंद है, क्योंकि इसमें नुकसान का खतरा कम और मुनाफा ज्यादा है. यदि किसान सही बीज, उर्वरक और सिंचाई का ध्यान रखें, तो एक बीघा जमीन से भी अच्छी कमाई की जा सकती है.

आज के समय में जब बेरोजगारी एक बड़ी समस्या बनती जा रही है, ऐसे में नीले आलू की खेती युवाओं के लिए आत्मनिर्भर बनने का एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकती है. जरूरत है तो बस सही जानकारी और थोड़ी मेहनत की. अगर किसान इस दिशा में कदम बढ़ाते हैं, तो निश्चित ही उनकी आमदनी में बड़ा इजाफा हो सकता है.

About the AuthorVivek Kumar

विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…और पढ़ें

न्यूजलेटर

अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज

खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में

सबमिट करें

Location :

Jaunpur,Jaunpur,Uttar Pradesh

First Published :

April 18, 2026, 06:19 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj