मैं हार स्वीकार करता हूं…बांग्लादेश ने हमें तीनों डिपार्टमेंट में पछाड़ा, कप्तान बोले- कोई बहाना नहीं

नई दिल्ली. क्रिकेट के मैदान पर कंगारू टीम को उसकी आक्रामकता और कभी हार न मानने वाले जज्बे के लिए जाना जाता है. लेकिन जब एक मजबूत और विश्व विजेता टीम को किसी ऐसी टीम से हार का सामना करना पड़े, जिसे कागज पर कमजोर माना जाता है, तो सवाल उठना लाजमी है. बांग्लादेश के हाथों मिली करारी और अप्रत्याशित शिकस्त के बाद ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस ने बिना किसी लाग-लपेट के अपनी टीम की कमियों को स्वीकार किया है. हार के बाद दिए गए अपने बयान में कमिंस ने साफ तौर पर माना कि मैच के पहले ही दिन कंगारू टीम से ऐसी चूक हुई, जिसने पूरे मुकाबले का रुख बांग्लादेश के हक में मोड़ दिया.
जब ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस (Pat Cummins) से पूछा गया कि वह इस हार की शुरुआत का मुख्य कारण किस मोड़ को मानते हैं, तो उन्होंने बिना झिझक के पहले दिन के खेल की ओर इशारा किया. कमिंस ने कहा, ‘शायद वह पहला दिन ही था जहां से खेल हमारे हाथ से निकलना शुरू हुआ. हमारी तैयारी बहुत बेहतरीन थी, इसमें कोई शक नहीं है. हमने मैच से पहले अपनी तैयारी में कोई कमी नहीं छोड़ी थी, इसलिए हार के लिए हमारे पास कोई बहाना नहीं है. मेजबान टीम ने वास्तव में शानदार खेल दिखाया.
पैट कमिंस ने हार की जिम्मेदारी ली.
पिच के मिजाज पर बात करते हुए कमिंस ने माना कि शुरुआती सत्र में गेंद थोड़ा हरकत कर रही थी, लेकिन ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज उस परिस्थिति का सामना करने में नाकाम रहे. कमिंस ने कहा, ‘मुझे लगता है कि पहले दिन की पिच में शुरुआती समय में गेंदबाजों के लिए थोड़ी मदद थी. लेकिन एक पेशेवर अंतरराष्ट्रीय टीम के नाते हमें क्रीज पर टिकने और टिककर बल्लेबाजी करने का तरीका ढूंढना चाहिए था. हम उतना लंबा नहीं खेल सके जितनी जरूरत थी. इसके बाद जब हमारी गेंदबाजी की बारी आई, तो हमारे गेंदबाज विरोधी बल्लेबाजों को परेशान करने या उनकी पारी में सेंध लगाने में नाकाम रहे.’
क्या अगले मैच में दिखेगी बदली हुई टीम?ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों की सबसे बड़ी नाकामी यह रही कि कई खिलाड़ियों को अच्छी शुरुआत मिली, लेकिन वे उसे बड़ी पारी में तब्दील नहीं कर सके. कमिंस ने इस बात को स्वीकार किया कि टीम प्रबंधन को अब अपने संयोजनों पर दोबारा विचार करने की जरूरत है. जब कप्तान से प्लेइंग इलेवन में बदलावों को लेकर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा, ‘जब भी इस तरह का मैच होता है, जहां आपको हर विभाग में मात मिलती है, तो आप हमेशा अगले मुकाबले के लिए टीम के संयोजन और खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर नजर डालते हैं. लेकिन यह मैच अभी-अभी खत्म हुआ है, इसलिए हम बैठकर इस पर ठंडे दिमाग से सोचेंगे.’
हालांकि, कमिंस ने अपनी टीम के वापसी करने के इतिहास पर भी भरोसा जताया. उन्होंने कहा, ‘हमारी टीम वापसी करने में हमेशा से बहुत अच्छी रही है. मुझे इसमें कोई शक नहीं है कि हमारे बल्लेबाज और पूरा टीम प्रबंधन एक साथ बैठेगा, इस हार का गहराई से विश्लेषण करेगा और उन पहलुओं पर बात करेगा जहां हम सुधार कर सकते हैं.’
‘बांग्लादेश ने हर विभाग में हमें पछाड़ा’बांग्लादेश की ऐतिहासिक जीत की तारीफ करते हुए ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ने स्वीकार किया कि विरोधी टीम ने उन्हें खेल के तीनों विभागों में पीछे छोड़ दिया. क्रिकेट में जब कोई छोटी टीम किसी दिग्गज को हराती है, तो उसके पीछे संयम और अनुशासन सबसे बड़ा हथियार होता है, और बांग्लादेश ने इस मैच में यही कर दिखाया.
कमिंस ने विपक्षी टीम की सराहना करते हुए कहा, ‘हां, उन्होंने वाकई अद्भुत खेल दिखाया. सच कहूं तो उन्होंने हमें खेल के हर पहलू में पछाड़ दिया. उनका खेल बेहद धैर्यपूर्ण और अनुशासित था. जब आप एक बार टेस्ट मैच में पिछड़ जाते हैं, तो खासकर ऐसी परिस्थितियों में वापसी करना बेहद मुश्किल हो जाता है. बांग्लादेश ने हमें मैच में वापसी का कोई मौका ही नहीं दिया.’
हेजलवुड की उपलब्धि और ग्रीन का जुझारूपनटीम की इस दर्दनाक हार के बीच भी पैट कमिंस ने व्यक्तिगत स्तर पर शानदार प्रदर्शन करने वाले अपने दो साथियों जोश हेज़लवुड और कैमरन ग्रीन की जमकर तारीफ की. तेज़ गेंदबाज जोश हेज़लवुड ने इस मैच में अपने टेस्ट करियर के 300 विकेट पूरे किए, वहीं युवा ऑलराउंडर कैमरन ग्रीन ने एक जुझारू शतकीय पारी खेली.
हेजलवुड की तारीफ में कमिंस ने कहा, ‘जोश के लिए पिछला कुछ समय चोटों के कारण अच्छा नहीं रहा है, लेकिन वह हमारी टीम के सबसे मेहनती खिलाड़ियों में से एक हैं. उन्होंने एक बार फिर साबित कर दिया कि उनके पास कितनी क्लास है. जब पिच से सीम गेंदबाजों के लिए ज्यादा मदद नहीं मिल रही थी, तब भी उन्होंने बेहद अहम 6 विकेट चटकाए. वह वाकई शानदार थे.’
वहीं, कैमरन ग्रीन के शतक पर बोलते हुए उन्होंने कहा, ‘ग्रीनी की पारी का टेम्पो यह दर्शाता है कि वह कितने बेहतरीन खिलाड़ी हैं. उन्होंने जिस तरह से अपनी पारी को आगे बढ़ाया, वह तारीफ के काबिल था. हमें बस इतना करना था कि उनके साथ एक-दो बल्लेबाज थोड़ा और टिक जाते और उनका साथ निभाते, लेकिन ऐसा नहीं हो सका. फिर भी, ग्रीन की यह पारी अद्भुत थी.’



