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Palm Oil Side Effects: बिस्कुट-चिप्स में धड़ल्ले से इस्तेमाल हो रहा पाम ऑयल, क्या जानते हैं इसके गंभीर नुकसान?

Palm Oil Side Effects: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में पैकेटबंद फूड्स (Packaged Foods) हमारी रूटीन लाइफ का अहम हिस्सा बन चुके हैं. बच्चे हों या बड़े, हर कोई शाम की भूख मिटाने के लिए बिस्कुट, चिप्स, केक, नूडल्स और नमकीन जैसी चीजों का धड़ल्ले से सेवन करता है. क्या आपने कभी सोचा है कि ये चीजें लंबे समय तक क्रिस्पी और स्वादिष्ट कैसे बनी रहती हैं? इसके पीछे बड़ा हाथ होता है पाम ऑयल (Palm Oil) का.सस्ता होने के कारण अधिकांश फूड मैन्युफैक्चरिंग कंपनियां कुकिंग ऑयल के रूप में पाम ऑयल का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल करती हैं. लेकिन स्वाद और सहूलियत के चक्कर में हम अपनी सेहत के साथ कितना बड़ा खिलवाड़ कर रहे हैं, इसका अंदाजा शायद आपको नहीं होगा. आइए हेल्थ एक्सपर्ट्स की नजर से जानते हैं कि पाम ऑयल हमारी सेहत को किस तरह गंभीर नुकसान पहुंचा रहा है.

क्यों खतरनाक है पाम ऑयल?पाम ऑयल में सैचुरेटेड फैट (Saturated Fat) की मात्रा बहुत अधिक होती है. जब हम ऐसी चीजों का सेवन करते हैं जिनमें पाम ऑयल छिपा होता है, तो हमारे शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल यानी एलडीएल (LDL) का स्तर तेजी से बढ़ने लगता है. यह बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल न सिर्फ दिल की सेहत बिगाड़ता है, बल्कि कई अन्य शारीरिक समस्याओं को भी न्योता देता है.

सेहत पर पाम ऑयल के गंभीर नुकसान-

1. दिल की बीमारियों का बढ़ता खतरा:पाम ऑयल में मौजूद सैचुरेटेड फैट धमनियों (Arteries) में फैट जमा करने का काम करता है. इससे ब्लड सर्कुलेशन प्रभावित होता है और आगे चलकर यह हार्ट अटैक, हाई ब्लड प्रेशर और स्ट्रोक जैसी गंभीर हृदय संबंधी समस्याओं का कारण बन सकता है.2. मोटापा और वजन बढ़ना:पैकेटबंद स्नैक्स और बेकरी प्रोडक्ट्स कैलोरी और अनहेल्दी फैट से भरपूर होते हैं. पाम ऑयल युक्त इन चीजों को खाने से शरीर में चर्बी तेजी से जमती है, जिससे वजन नियंत्रित रखना मुश्किल हो जाता है और ओबेसिटी (मोटापा) की समस्या घेर लेती है.3. लिवर पर बुरा असर:अत्यधिक मात्रा में अनहेल्दी फैट का सेवन करने से फैटी लिवर डिजीज (Fatty Liver Disease) का खतरा कई गुना बढ़ जाता है. लिवर की कार्यप्रणाली प्रभावित होने से पाचन तंत्र और मेटाबॉलिज्म पर भी बुरा असर पड़ता है.

इन बातों का रखें खास ख्याल और बचाव के उपाय-

इंग्रेडिएंट्स लिस्ट (Ingredients List) जरूर पढ़ें:जब भी बाजार से कोई पैकेटबंद सामान (बिस्कुट, चिप्स, ब्रेड या केक) खरीदें, तो उसके पीछे दी गई सामग्री की सूची जरूर पढ़ें. अगर उसमें पाम ऑयल या ‘वेजिटेबल ऑयल’ लिखा हो, तो समझ जाएं कि उसमें पाम ऑयल का इस्तेमाल हुआ है-

प्रोसेस्ड फूड्स से दूरी बनाएं:कोशिश करें कि बच्चों और खुद के लिए घर का बना ताता-ताजा स्नैक्स, रोस्टेड मखाने, या फल ही चुनें. पैकेटबंद और जंक फूड्स का सेवन कम से कम करें.

हेल्दी अल्टरनेटिव अपनाएं:खाना पकाने के लिए पाम ऑयल की जगह सरसों का तेल, जैतून का तेल (Olive Oil), या घी जैसे हेल्दी विकल्पों का चुनाव करें.

डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारियां और स्वास्थ्य संबंधी सुझाव केवल सामान्य जानकारी के आधार पर हैं. किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या या गंभीर स्थिति में अपने डॉक्टर या डाइटीशियन से परामर्श जरूर करें.

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