मोरक्को में रचा गया नया इतिहास: कौन हैं पहली महिला PM फातिमा मंसूरी, किन चुनौतियों का करना होगा सामना?

Last Updated:September 30, 2026, 10:51 IST
Morocco First Woman PM: मोरक्को के इतिहास में पहली बार कोई महिला प्रधानमंत्री पद तक पहुंची है. फातिमा एज्जरा एल मंसूरी को मोरक्को की पहली महिला पीएम बनने का गौरव हासिल हुआ. फातिमा एज्जरा एल मंसूरी पेशे से वकील हैं.फातिमा मंसूरी को मोरक्को के किंग ने देश का प्रधानमंत्री नियुक्त किया. (एपी)
अरब और मुस्लिम जगत के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया है. मोरक्को के किंग मोहम्मद छठे ने 29 सितंबर को देश के राजनीतिक परिदृश्य को बदलते हुए 50 वर्षीय फातिमा एज्जरा एल मंसूरी को नया प्रधानमंत्री नियुक्त किया है. इस ऐतिहासिक फैसले के साथ ही फातिमा मुस्लिम बहुल साम्राज्य मोरक्को की पहली महिला प्रधानमंत्री बन गई हैं. ट्यूनीशिया की नजला बौडेन के बाद अरब दुनिया में सरकार का नेतृत्व करने वाली वह दूसरी महिला नेता हैं.
रॉयल पैलेस द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, आम चुनाव के नतीजों के चार दिन बाद किंग ने उन्हें नई सरकार के गठन का जिम्मा सौंपा है. मोरक्को की चुनाव प्रणाली में किसी एक पार्टी के लिए पूर्ण बहुमत हासिल करना बेहद कठिन होता है. ऐसे में मंसूरी अब आने वाले दिनों में विभिन्न दलों के साथ मिलकर एक मजबूत गठबंधन सरकार तैयार करेंगी.
कौन हैं फातिमा एज्जरा एल मंसूरी?फातिमा एज्जरा एल मंसूरी मोरक्को की राजनीति में एक बेहद प्रभावशाली और लोकप्रिय चेहरा रही हैं. पेशे से वकील 50 वर्षीय मंसूरी प्रधानमंत्री बनने से पहले देश की शहरी नियोजन मंत्री (अर्बन प्लानिंग मिनिस्टर) के रूप में अपनी सेवाएं दे रही थीं. इसके अलावा वे मोरक्को के प्रमुख और ऐतिहासिक शहर माराकेश की मेयर की जिम्मेदारी भी संभाल चुकी हैं. कानून और प्रशासन दोनों क्षेत्रों में गहरी पकड़ रखने वाली मंसूरी को एक सुलझी हुई और कड़े फैसले लेने वाली नेता के तौर पर जाना जाता है. स्थानीय निकाय से लेकर केंद्रीय मंत्रालय तक उनके शानदार कामकाज ने उन्हें इस शीर्ष पद की सबसे मजबूत दावेदार बनाया.
नई सरकार के सामने क्या-क्या होंगी चुनौतियां?पहली महिला प्रधानमंत्री के रूप में फातिमा एज्जरा एल मंसूरी का रास्ता आसान नहीं रहने वाला है. उनके सामने सबसे पहली चुनौती राजनीतिक रूप से स्थिर गठबंधन सरकार तैयार करने की होगी, जिसमें सहयोगी दलों की अलग-अलग प्राथमिकताओं के बीच संतुलन साधना होगा. इसके अलावा, मोरक्को को 2030 फीफा वर्ल्ड कप की मेजबानी करनी है. ऐसे में विश्व कप से जुड़े अरबों डॉलर के भारी-भरकम इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स और अंतरराष्ट्रीय स्तर के स्टेडियम निर्माण को समय सीमा के भीतर पूरा करना सरकार की सबसे बड़ी परीक्षा होगी. आर्थिक मोर्चे पर भी जनता की उम्मीदें काफी ऊंची हैं. देश में बढ़ती महंगाई पर काबू पाना, न्यूनतम मजदूरी में बढ़ोतरी करना और युवाओं के लिए नए रोजगार सृजित करने के चुनावी वादों को जमीन पर उतारना मंसूरी कैबिनेट के लिए एक बेहद कठिन और चुनौतीपूर्ण काम साबित होगा.
About the Authorराकेश रंजन कुमार
राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…
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September 30, 2026, 10:48 IST



