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Cyber Crime Jodhpur | साइबर ठगी से कैसे बचें

Last Updated:April 19, 2026, 09:39 IST

Cyber Crime Safety Tips Jodhpur: डिजिटल युग में साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, जहाँ अपराधी गेमिंग और इन्वेस्टमेंट ऐप्स के जरिए लोगों को निशाना बना रहे हैं. सरदारपुरा थाना अधिकारी जय किशन सोनी ने बताया कि छोटे मुनाफे का लालच देकर लाखों की ठगी की जा रही है. विशेष रूप से युवा वर्ग इस जाल में अधिक फंस रहा है. पुलिस ने अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक या ऐप पर भरोसा न करें और ठगी होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते राशि को ब्लॉक किया जा सके.

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Cyber Crime Safety Tips Jodhpur: आज के डिजिटल युग में जहाँ तकनीक ने जीवन को आसान बनाया है, वहीं साइबर अपराधियों ने भी ठगी के नए और बेहद तकनीकी तरीके ईजाद कर लिए हैं. केंद्र सरकार के 1930 साइबर पोर्टल पर हर दिन हजारों की संख्या में शिकायतें दर्ज हो रही हैं, जो इस बात का प्रमाण हैं कि अपराधी अब पहले से कहीं अधिक संगठित हो चुके हैं. सरदारपुरा पुलिस थाना अधिकारी जय किशन सोनी के अनुसार, साइबर क्राइम का पैटर्न पूरी तरह बदल चुका है. अब अपराधी केवल ओटीपी (OTP) मांगने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे सोशल मीडिया और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के जरिए लोगों के मनोविज्ञान से खेलकर उन्हें अपना शिकार बना रहे हैं.

वर्तमान में साइबर ठगी के सबसे अधिक मामले फर्जी गेमिंग ऐप्स और लुभावने इन्वेस्टमेंट प्लेटफॉर्म्स के जरिए सामने आ रहे हैं. अपराधियों का काम करने का तरीका बहुत ही शातिराना है. वे टेलीग्राम या व्हाट्सएप के जरिए अज्ञात लिंक भेजकर लोगों को ऐप डाउनलोड करने के लिए प्रेरित करते हैं. इन ऐप्स में निवेश करने पर शुरुआत में छोटे मुनाफे का लालच दिया जाता है. जब यूजर का भरोसा जीत लिया जाता है, तब उसे बड़ी रकम निवेश करने के लिए उकसाया जाता है. जैसे ही पीड़ित लाखों रुपये का निवेश करता है, अपराधी ऐप और संपर्क दोनों बंद कर देते हैं. विशेष रूप से युवा वर्ग, जो ऑनलाइन गेमिंग का शौकीन है, इस जाल में तेजी से फंस रहा है.

लालच और सतर्कता का संघर्षपुलिस जांच में यह बात बार-बार सामने आई है कि कम समय में अधिक लाभ कमाने की चाहत ही लोगों को ठगी का शिकार बना रही है. साइबर अपराधी इसी मानवीय स्वभाव का फायदा उठाते हैं. थाना अधिकारी जय किशन सोनी ने अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और न ही किसी भी अपुष्ट ऐप पर अपना पैसा निवेश करें. केवल प्रमाणित और विश्वसनीय प्लेटफॉर्म्स का उपयोग करना ही सुरक्षित है. यदि आपके पास कोई ऐसा ऑफर आता है जो ‘सच होने के लिए बहुत अच्छा’ लगता है, तो वह निश्चित रूप से एक स्कैम हो सकता है.

1930: समय पर कार्रवाई है अनिवार्यसाइबर ठगी के मामलों में समय का बहुत महत्व होता है. यदि आप ठगी का शिकार हो जाते हैं, तो बिना समय गवाए तुरंत 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं. शुरुआती घंटों में दी गई सूचना से पुलिस बैंक खातों को फ्रीज कर सकती है, जिससे आपके पैसे वापस मिलने की संभावना बढ़ जाती है. देरी होने पर पैसा कई लेयर्स में अलग-अलग खातों में भेज दिया जाता है, जिससे जांच की प्रक्रिया अत्यंत जटिल हो जाती है. सतर्कता और त्वरित प्रतिक्रिया ही साइबर अपराधियों के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार है.

About the Authorvicky Rathore

Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a seasoned multimedia journalist and digital content specialist with 8 years of experience across digital media, social media management, video production, editing, content…और पढ़ें

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Location :

Jodhpur,Jodhpur,Rajasthan

First Published :

April 19, 2026, 09:39 IST

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