धूप में निकलते ही होने लगती है खुजली और लाल चकत्ते? कहीं ये एलर्जी तो नहीं… जानें बचाव के उपाय

Last Updated:July 07, 2026, 21:22 IST
गर्मियों में धूप में निकलते ही अगर आपकी त्वचा पर लाल चकत्ते, खुजली या जलन होने लगती है, तो इसे सामान्य टैनिंग समझकर नजरअंदाज न करें. कुछ लोगों में यह सन एलर्जी (Sun Allergy) का संकेत हो सकता है. यह समस्या तब होती है, जब त्वचा सूरज की पराबैंगनी (UV) किरणों के प्रति जरूरत से ज्यादा संवेदनशील प्रतिक्रिया देने लगती है. आइए जानते हैं कि सन एलर्जी के लक्षण क्या होते हैं और कब डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी हो जाता है.
धूप हमारे शरीर के लिए जरूरी है क्योंकि इससे विटामिन D बनने में मदद मिलती है. लेकिन हर व्यक्ति की त्वचा धूप को एक जैसा सहन नहीं कर पाती. कुछ लोगों में थोड़ी देर धूप में रहने के बाद ही त्वचा पर खुजली, लालपन या छोटे-छोटे दाने निकलने लगते हैं. कई बार लोग इसे गर्मी के कारण होने वाले रैशेज या पसीने की समस्या समझ लेते हैं, जबकि यह सन एलर्जी भी हो सकती है. आमतौर पर यह समस्या शरीर के उन हिस्सों पर ज्यादा दिखाई देती है, जो सीधे धूप के संपर्क में आते हैं, जैसे चेहरा, गर्दन, हाथ, कंधे और बाजू पर हो सकते हैं.
सन एलर्जी होने पर सबसे पहले त्वचा पर खुजली महसू स हो सकती है. इसके बाद प्रभावित हिस्से पर लालपन दिखाई देने लगता है. कई लोगों की त्वचा पर छोटे-छोटे लाल दाने या उभरे हुए चकत्ते निकल आते हैं, जो काफी खुजली करते हैं. कुछ मामलों में त्वचा पर सूजन भी आ सकती है. अगर एलर्जी ज्यादा हो, तो छोटे-छोटे पानी भरे फफोले भी बन सकते हैं. धूप से हटने के बाद भी कई घंटों तक जलन और असहजता बनी रह सकती है. कुछ लोगों को ऐसा महसूस होता है जैसे त्वचा में तेज चुभन हो रही हो.
किन लोगों में ज्यादा होता है खतरा?सन एलर्जी किसी भी उम्र में हो सकती है, लेकिन जिन लोगों की त्वचा संवेदनशील होती है, उनमें इसका खतरा अधिक माना जाता है. परिवार में पहले से किसी को यह समस्या रही हो, तो जोखिम बढ़ सकता है. इसके अलावा कुछ दवाइयां, जैसे कुछ एंटीबायोटिक्स, दर्द निवारक दवाएं या मुंहासों के इलाज में इस्तेमाल होने वाली कुछ दवाएं, त्वचा को धूप के प्रति ज्यादा संवेदनशील बना सकती हैं. कुछ ऑटोइम्यून बीमारियों वाले लोगों में भी यह समस्या अधिक देखने को मिलती है.
सन एलर्जी और सामान्य टैनिंग में क्या फर्क है?धूप में रहने से त्वचा का रंग गहरा होना यानी टैनिंग एक सामान्य प्रक्रिया है. इसमें आमतौर पर खुजली या दाने नहीं होते. वहीं सन एलर्जी में धूप के संपर्क में आने के कुछ मिनटों से लेकर कुछ घंटों के भीतर खुजली, लालपन, रैशेज या फफोले जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं. यही वजह है कि दोनों को एक जैसा नहीं समझना चाहिए.
बचाव के लिए क्या करें?अगर आपको धूप में निकलने के बाद बार-बार ऐसी समस्या होती है, तो सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे के बीच तेज धूप में लंबे समय तक रहने से बचें. बाहर जाते समय पूरी बाजू के हल्के कपड़े पहनें, चौड़ी टोपी और UV-प्रोटेक्शन वाले सनग्लासेस का इस्तेमाल करें. त्वचा के खुले हिस्सों पर ब्रॉड-स्पेक्ट्रम SPF 30 या उससे अधिक वाला सनस्क्रीन लगाएं और जरूरत पड़ने पर दोबारा लगाएं. शरीर में पानी की कमी न होने दें और त्वचा को मॉइस्चराइज रखें.
About the AuthorVividha SinghSub Editor
विविधा सिंह इस समय हिंदी के डिजिटल मीडिया में सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं. वह लाइफस्टाइल बीट में हेल्थ, फूड, ट्रैवल, फैशन और टिप्स एंड ट्रिक्स जैसी स्टोरीज कवर करती हैं. कंटेंट लिखने और उसे आसान व …और पढ़ें
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