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Nagaur News I नागौर के थिरोद गांव में 61 सरकारी अफसर I local18

Last Updated:July 11, 2026, 11:20 IST

Nagaur News: नागौर जिले का छोटा सा गांव थिरोद आज अपनी अनोखी सामूहिक सोच, शिक्षा के प्रति जागरूकता और सामाजिक बदलाव की मिसाल बन चुका है. करीब ढाई हजार की आबादी वाले इस गांव ने दिखाया है कि जब पूरा समाज एकजुट होकर फैसले लेता है, तो विकास की राह खुद बन जाती है. शिक्षा के क्षेत्र में 61 लोगों का सरकारी सेवाओं तक पहुंचना, फिजूलखर्ची पर रोक लगाने जैसे सामाजिक निर्णय और पर्यावरण संरक्षण के प्रयास थिरोद को एक प्रेरणादायी गांव की पहचान दिलाते हैं.

नागौर जिले की मूंडवा पंचायत समिति का छोटा सा गांव थिरोद अपनी अनोखी परंपराओं और सामूहिक सोच के कारण जाना जाता है. करीब ढाई हजार की आबादी वाला यह गांव बताता है कि विकास केवल सरकारी योजनाओं से नहीं, बल्कि समाज की एकजुटता और सामूहिक निर्णयों से भी संभव है. यहां शिक्षा, सामाजिक सुधार और पर्यावरण संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर आज भी गांव के लोग एक ही जाजम पर बैठकर फैसला लेते हैं.

गांव की सबसे बड़ी ताकत इसकी शिक्षा है, वर्षों पहले शुरू हुई जागरूकता की मुहिम का परिणाम यह है कि आज इसी छोटे से गांव के 61 लोग विभिन्न सरकारी सेवाओं में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं. इनमें 12 डॉक्टर, 14 शिक्षक, 12 पुलिसकर्मी, एक अधीक्षण अभियंता और आईआईटी से जुड़े दो प्रतिभागी शामिल हैं. यह उपलब्धि बताती है कि सामूहिक प्रयास से ग्रामीण क्षेत्र भी शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयां हासिल कर सकते हैं.

थिरोद की कहानी यह साबित करती है कि यदि समाज एकजुट होकर सामूहिक निर्णय ले तो छोटे से गांव भी बड़ी मिसाल बन सकते हैं. शिक्षा से लेकर सामाजिक सुधार, पर्यावरण संरक्षण और जीवों की सेवा तक, यहां हर पहल गांव की एकता का परिणाम है. यही वजह है कि थिरोद आज केवल नागौर ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा का केंद्र बनकर उभर रहा है.

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