धौलपुर को मिली बड़ी सौगात! हाईटेक मदर लैब में होंगी 145 तरह की जांच, अब बड़े शहरों का नहीं करना पड़ेगा रुख

धौलपुर: धौलपुर जिले के सबसे बड़े अस्पताल स्वतंत्रता सेनानी डॉक्टर मंगल सिंह जिला चिकित्सालय में मरीजों को जल्द बड़ी राहत मिलने जा रही है. अस्पताल में अत्याधुनिक हाईटेक “मदर लैब” शुरू की जा रही है, मदर लैब का संचालन इसी 7मई से शुरू होगा . इसके लिए सभी आधुनिक मशीनें अस्पताल पहुंच चुकी हैं. नई लैब शुरू होने के बाद अब मरीजों को एक ही छत के नीचे 145 प्रकार की जांचों की सुविधा मिलेगी.
अभी तक जिला अस्पताल में केवल 56 तरह की जांचें ही हो पाती थीं, लेकिन नई व्यवस्था लागू होने के बाद 89 नई जांचें और जुड़ जाएंगी. इससे कैंसर, थायराइड, लीवर, विटामिन और कई गंभीर बीमारियों की जांच अब धौलपुर में ही हो सकेगी. मरीजों को अब महंगी जांचों के लिए जयपुर, आगरा, ग्वालियर या निजी लैब का रुख नहीं करना पड़ेगा. इससे मरीजों का समय और पैसा दोनों बचेंगे.
जिला चिकित्सालय में निशुल्क उपलब्ध होंगीमदर लैब में लीवर फंक्शन टेस्ट, किडनी फंक्शन टेस्ट, लिपिड प्रोफाइल, विटामिन बी-12, विटामिन डी, फोलिक एसिड, इंसुलिन और थायराइड जैसी जरूरी जांचें उपलब्ध होंगी. इसके अलावा PSA, AFP, CA-125 और CEA जैसे कैंसर मार्कर टेस्ट भी किए जाएंगे. निजी लैब में इन जांचों के लिए हजारों रुपए खर्च करने पड़ते थे, लेकिन अब ये धौलपुर जिले के सबसे बड़े अस्पताल स्वतंत्रता सेनानी डॉक्टर मंगल सिंह जिला चिकित्सालय में निशुल्क उपलब्ध होंगी.
संक्रामक बीमारियों की पहचान के लिए भी कई उन्नत जांचें शुरू की जा रही हैं. इनमें प्रो-कैल्सीटोनिन, रुबेला, ANA, IL-6 और एंटी-CCP जैसी जांचें शामिल हैं. वहीं माइक्रोबायोलॉजी विभाग में यूरिन कल्चर, ब्लड कल्चर, फंगल कल्चर और थ्रोट स्वैब की जांच भी होगी. खास बात यह है कि अब PCR आधारित जांचें जैसे HCV और HBV वायरल लोड टेस्ट भी मुफ्त किए जाएंगे, जिनकी कीमत निजी लैब में काफी ज्यादा होती है.
इलाज शुरू करने में देरी नहीं होगीनई मदर लैब को पूरी तरह डिजिटल सिस्टम से जोड़ा गया है. जांच रिपोर्ट मरीजों को सीधे मोबाइल और व्हाट्सएप पर भेजी जाएगी. इससे मरीजों को रिपोर्ट लेने के लिए बार-बार अस्पताल नहीं आना पड़ेगा. डॉक्टर भी तुरंत ऑनलाइन रिपोर्ट देख सकेंगे, जिससे इलाज शुरू करने में देरी नहीं होगी.
धौलपुर जिला चिकित्सालय के पीएमओ डॉक्टर समरवीर सिंह ने बताया लैब में अत्याधुनिक ऑटोमेटेड मशीनें लगाई गई हैं, जिनसे 24 घंटे जांच सुविधा उपलब्ध रहेगी. पहले संसाधनों की कमी के कारण कई जांचें समय पर नहीं हो पाती थीं, लेकिन अब रिपोर्ट तेजी से तैयार की जा सकेगी.
ग्रामीण इलाकों के मरीजों को भी राहत मिलेगीधौलपुर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए दो हब लैब और छह स्पॉक लैब भी बनाई गई हैं. बाड़ी अस्पताल में लैब का संचालन शुरू हो चुका है, जबकि बसई नबाब में अगले पांच से छह दिनों में सुविधा शुरू हो जाएगी. स्पॉक सेंटरों से कर्मचारियों द्वारा सैंपल लेकर हब लैब और मदर लैब भेजे जाएंगे, जिससे ग्रामीण इलाकों के मरीजों को भी राहत मिलेगी.
बड़े शहरों में जाने की जरूरत खत्मजिला अस्पताल के पीएमओ डॉ. समरवीर सिंह ने बताया कि मदर लैब शुरू होने से धौलपुर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा सुधार आएगा. अब धौलपुर जिले के मरीजों को बेहतर, सस्ती और आसानी से उपलब्ध जांच सुविधा मिल सकेगी और आगरा, ग्वालियर जयपुर, जैसे बड़े शहरों में जाने की जरूरत खत्म हो जाएगी.



