पहले गैस सिलेंडर, फिर सोना अब दूध भी… सामानों के बढ़ते दाम पर भीलवाड़ा के लोग चिंतित!

भीलवाड़ा. देश की बड़ी डेयरी कंपनियों में शामिल अमूल ने दूध की कीमतों में इजाफा कर दिया है. इसका असर अब आम लोगों की जेब पर भी दिखाई देने लगा है. हालांकि राजस्थान के कई इलाकों में अमूल दूध का इस्तेमाल सीमित मात्रा में होता है, लेकिन फिर भी लोगों के मन में यह चिंता बढ़ गई है कि अगर बड़ी कंपनियों ने दूध के दाम बढ़ाए हैं तो आने वाले समय में दूसरी कंपनियां और खुला दूध बेचने वाले भी कीमत बढ़ा सकते हैं.
लोगों का कहना है कि सिर्फ दूध ही नहीं, बल्कि इससे बनने वाले पनीर, चीज, घी और दूसरे डेयरी उत्पाद भी महंगे हो सकते हैं. ऐसे में घर का मासिक बजट और ज्यादा बिगड़ने का डर बना हुआ है. भीलवाड़ा शहर के कई युवाओं और स्थानीय लोगों ने बढ़ती महंगाई को लेकर चिंता जाहिर की है.
आम आदमी के बजट पर क्या असर पड़ेगाशहर के लोगों का कहना है कि पहले गैस सिलेंडर के दाम बढ़े, फिर सोने की कीमतों में तेजी आई और अब दूध भी महंगा हो गया है. लगातार बढ़ती कीमतों ने मध्यम वर्ग और मजदूर वर्ग के घरेलू बजट पर सीधा असर डाला है. पहले जहां महीने का खर्च किसी तरह संभल जाता था, अब रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना भी मुश्किल होता जा रहा है.
भीलवाड़ा के युवा भगवान लाल और लव मेहरा ने बताया कि पहले एलपीजी गैस सिलेंडर महंगे हुए, फिर पेट्रोल-डीजल और सोने को लेकर लोगों में चिंता बढ़ी. अब दूध की कीमत में इजाफा होने से आम आदमी की परेशानी और बढ़ गई है. उनका कहना है कि अगर इसी तरह रोज इस्तेमाल होने वाली चीजों के दाम बढ़ते रहे तो आने वाले समय में दूसरे सामान भी महंगे हो सकते हैं.
शंकर लाल ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति महीने में 10 हजार रुपए कमाता है और उसके घर में रोज दूध का इस्तेमाल होता है, तो दूध महंगा होने से सीधा असर उसके बजट पर पड़ेगा. उन्होंने कहा कि महंगाई के इस दौर में दूध जैसी जरूरी चीज का महंगा होना चिंता की बात है.
आने वाले समय में किन चीजों के बढ़ सकते हैं दामस्टूडेंट गौतम पायक ने कहा कि सरकार को ऐसा रास्ता निकालना चाहिए जिससे मध्यम वर्ग पर महंगाई का ज्यादा बोझ न पड़े. उनका कहना है कि अगर रोजमर्रा की जरूरत की चीजें लगातार महंगी होती गईं तो आम आदमी के लिए सामान्य जीवन जीना मुश्किल हो जाएगा.
लोगों का कहना है कि महंगाई अब हर घर की बड़ी समस्या बन चुकी है. गैस, सोना और दूध जैसे जरूरी खर्चों में लगातार बढ़ोतरी से आम आदमी की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है. लोगों को डर है कि अगर यही स्थिति बनी रही तो आने वाले समय में अन्य जरूरी सामानों के दाम भी बढ़ सकते हैं.
खुले दूध के दाम भी बढ़ने की आशंकाखुला दूध बेचने वाले शंकर लाल जाट ने बताया कि इन दिनों पशुओं का चारा और पशुपालन में काम आने वाला सामान काफी महंगा हो गया है. इसी वजह से दूध उत्पादन की लागत बढ़ रही है. उन्होंने कहा कि संभव है आने वाले समय में स्थानीय दूध कंपनियां भी अपने उत्पादों की कीमत बढ़ा दें.
उन्होंने बताया कि पशुओं के चारे, दवाइयों और देखभाल का खर्च लगातार बढ़ रहा है. ऐसे में दूध विक्रेताओं को भी मजबूरी में कीमतों में हल्की बढ़ोतरी करनी पड़ सकती है, ताकि खर्च और आमदनी के बीच संतुलन बना रहे.



