2 जुलाई से बदलेगा राजस्थान का मौसम! भरतपुर-चुरू सहित इन जिलों में भारी बारिश, तेज हवाएं और वज्रपात का अलर्ट

Rajasthan Today Weather: राजस्थान में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है. आईएमडी और जयपुर मौसम केंद्र के ताजा अपडेट के अनुसार, राज्य के दक्षिण-पूर्वी और पूर्वी हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां जारी रहेंगी, जबकि पश्चिमी राजस्थान के कई जिलों में भीषण उमस और तेज गर्मी लोगों की परेशानी बढ़ाएगी. मौसम विभाग का कहना है कि 2 जुलाई से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दायरा बढ़ने की प्रबल संभावना है. वहीं 3 से 5 जुलाई के बीच पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है.
जयपुर मौसम केन्द्र के अनुसार, फिलहाल कोटा और उदयपुर संभाग के कई इलाकों में अगले 3 से 4 दिनों तक तेज मेघगर्जन के साथ मध्यम से कहीं-कहीं तेज बारिश का दौर जारी रह सकता है. इसके अलावा जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा और उदयपुर संभाग के विभिन्न क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है. बीकानेर संभाग के कुछ हिस्सों में भी छिटपुट बारिश हो सकती है.
मौसम विभाग के अनुसार, 2 जुलाई से राजस्थान में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की प्रबल संभावना है.
2 से 3 दिनों में दक्षिण-पूर्वी राजस्थान की ओर बढ़ सकता है मानसून
जयपुर मौसम केन्द्र के अनुसार, वर्तमान में मानसून की उत्तरी सीमा गुजरात, मध्य प्रदेश, झारखंड और बिहार के कुछ हिस्सों से होकर गुजर रही है. अगले 2 से 3 दिनों में उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं. इसके बाद मानसून दक्षिण-पूर्वी राजस्थान सहित उत्तर भारत के अन्य क्षेत्रों में भी तेजी से आगे बढ़ सकता है.
2 जुलाई से नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होने से राजस्थान में होगी बारिश
आईएमडी ने बताया कि समुद्र तल पर पंजाब से बिहार तक हरियाणा और उत्तर प्रदेश के ऊपर मौसमी ट्रफ सक्रिय बना हुआ है. वहीं हरियाणा और आसपास के क्षेत्र पर पश्चिमी विक्षोभ ट्रफ के रूप में प्रभावी है. इसके अलावा 2 जुलाई से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करेगा, जिससे राजस्थान समेत आसपास के राज्यों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है.
जयपुर मौसम केंद्र ने अजमेर, जयपुर, कोटा, उदयपुर, अलवर, भरतपुर, भीलवाड़ा, समेत 30 से अधिक जिलों में अलर्ट जारी किया है
जोधपुर और बीकानेर संभाग में 44 डिग्री तक पहुंच सकता है तापमान
हालांकि, बारिश के बीच गर्मी से अभी राहत मिलने के आसार नहीं हैं. आईएमडी के अनुसार, अगले 3 से 4 दिनों तक जोधपुर और बीकानेर संभाग के कुछ क्षेत्रों में अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. वहीं जयपुर, अजमेर और भरतपुर संभाग के कुछ हिस्सों में तापमान 38 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है. हवा में नमी अधिक रहने के कारण उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान करेगी.
मौसम विभाग के अनुसार, जोधपुर और बीकानेर संभाग के कुछ क्षेत्रों में अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है
राजस्थान के इन जिलों में मेघगर्जन के साथ वज्रपात की संभावना
जयपुर मौसम केन्द्र ने कई जिलों के लिए मेघगर्जन, तेज हवाओं और वज्रपात का अलर्ट भी जारी किया है. अजमेर, बांसवाड़ा, अलवर, बारां, ब्यावर, भरतपुर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, डूंगरपुर, प्रतापगढ़, सलूंबर, राजसमंद, सिरोही, टोंक, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटा, कोटपूतली-बहरोड़, सवाई माधोपुर, सीकर और उदयपुर में मेघगर्जन के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने और वज्रपात की संभावना है. वहीं चूरू, पाली, श्रीगंगानगर, डीडवाना-कुचामन और हनुमानगढ़ में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं.
खराब मौसम के दौरान लोग रहें सतर्क
मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचने तथा वज्रपात के समय सुरक्षित स्थान पर रहने की अपील की है. साथ ही किसानों और आम नागरिकों को मौसम विभाग द्वारा जारी ताजा अपडेट पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है.
राजस्थान में बारिश कब से तेज होने की संभावना है
मौसम विभाग के अनुसार, 2 जुलाई से राजस्थान में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की प्रबल संभावना है. 3 से 5 जुलाई के दौरान पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है. कोटा, उदयपुर, जयपुर, भरतपुर और अजमेर संभाग के कई हिस्सों में मेघगर्जन के साथ बारिश का दौर देखने को मिल सकता है.
किन जिलों में वज्रपात और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है
जयपुर मौसम केंद्र ने अजमेर, जयपुर, कोटा, उदयपुर, अलवर, भरतपुर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, टोंक, सीकर, करौली, दौसा, धौलपुर, झालावाड़, राजसमंद समेत 30 से अधिक जिलों में मेघगर्जन, वज्रपात और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है.
पश्चिमी राजस्थान में गर्मी को लेकर क्या चेतावनी दी गई है
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 3 से 4 दिनों तक जोधपुर और बीकानेर संभाग के कुछ क्षेत्रों में अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. वहीं जयपुर, अजमेर और भरतपुर संभाग के कई इलाकों में 38 से 42 डिग्री तापमान और अधिक नमी के कारण उमस भरी गर्मी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है.
राजस्थान में बारिश बढ़ने की मुख्य वजह क्या है
मौसम विभाग के मुताबिक, सक्रिय मौसमी ट्रफ, दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां और 2 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय होने वाला नया पश्चिमी विक्षोभ राजस्थान में बारिश की गतिविधियों को तेज करेगा. इन मौसमी प्रणालियों के प्रभाव से कई जिलों में मेघगर्जन और अच्छी बारिश की संभावना बन रही है.
खराब मौसम के दौरान लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए
मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि मेघगर्जन और वज्रपात के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े न हों. तेज हवाओं और बारिश के समय सुरक्षित स्थान पर रहें तथा अनावश्यक यात्रा से बचें. किसानों और आम नागरिकों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है.



