Health

Do You Know: वजन घटने पर पिघली हुई चर्बी आखिर जाती कहां है? जानें शरीर में क्या होता है

Last Updated:October 17, 2026, 14:49 IST

Weight Loss Fact: क्या कभी आपने सोचा है शरीर में जमा फैट एक्सरसाइज और डाइटिंग के बाद कहा जाता है? अचानक से जब चर्बी शरीर से उतरती है तो कहां चली जाती है? ज्यादातर लोगों को इसके बारे में नहीं पता है, यदि आप भी इनमें से एक हैं तो ये लेख आपके लिए है. यहां जानिए वेट लॉस के दौरान शरीर फैट को कैसे बाहर निकालता है.

वजन कम करने के लिए लोग अक्सर डाइटिंग, एक्सरसाइज और वॉकिंग करते हैं. जब वजन घटने लगता है, तो शरीर में जमा चर्बी भी कम होने लगती है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि शरीर से ये चर्बी आखिर जाती कहां है? क्या यह पसीने के जरिए बाहर निकलती है या शरीर इसे किसी दूसरे तरीके से बाहर निकालता है? इसका जवाब थोड़ा हैरान करने वाला है.

यूनिवर्सिटी ऑफ बर्मिंघम के दो शोधकर्ताओं ने द कन्वरसेशन में प्रकाशित एक लेख में बताया कि वजन घटने पर शरीर की ज्यादातर चर्बी सांस छोड़ने के दौरान कार्बन डाइऑक्साइड के रूप में बाहर निकलती है. इसका मतलब है कि फैट कम होने की प्रक्रिया में फेफड़ों की भी अहम भूमिका होती है. हालांकि, केवल तेजी से सांस लेने से वजन कम नहीं होता. इसके लिए शरीर को भोजन से मिलने वाली ऊर्जा से ज्यादा ऊर्जा खर्च करनी पड़ती है. आइए जानते हैं कि शरीर में जमा चर्बी कैसे टूटती है और वजन घटने पर कहां जाती है.

शरीर में चर्बी जमा कैसे होती है? जब हम खाना खाते हैं, तो पाचन तंत्र भोजन में मौजूद फैट को फैटी एसिड में तोड़ता है. शरीर इनका इस्तेमाल कोशिकाएं बनाने, हार्मोन के कामकाज और अंगों की सुरक्षा जैसे जरूरी कार्यों के लिए करता है. जरूरत से ज्यादा ऊर्जा मिलने पर शरीर उसे ट्राइग्लिसराइड्स के रूप में फैट सेल्स में जमा कर सकता है. शरीर में चर्बी मुख्य रूप से दो जगह जमा होती है. पहली, त्वचा के ठीक नीचे मौजूद सबक्यूटेनियस फैट और दूसरी, अंदरूनी अंगों के आसपास जिसे विसरल फैट कहा जाता है.

Add as Preferred Source on Google

वजन घटने पर चर्बी कैसे कम होती है? जब शरीर को भोजन से मिलने वाली ऊर्जा की तुलना में ज्यादा ऊर्जा की जरूरत होती है, तो वह जमा चर्बी का इस्तेमाल करने लगता है. इस दौरान हार्मोन और तंत्रिका तंत्र से मिलने वाले संकेत फैट सेल्स में जमा ट्राइग्लिसराइड्स को तोड़ने की प्रक्रिया शुरू करते हैं. इसे लिपोलाइसिस कहते हैं. इसके बाद फैटी एसिड कोशिकाओं के माइटोकॉन्ड्रिया तक पहुंचते हैं, जहां बीटा-ऑक्सीडेशन की प्रक्रिया के जरिए उनका इस्तेमाल ऊर्जा बनाने में होता है. इस प्रक्रिया के दौरान कार्बन डाइऑक्साइड और पानी भी बनते हैं.

चर्बी शरीर से किस रास्ते बाहर निकलती है? शोधकर्ताओं के अनुसार, वजन कम होने पर घटने वाली चर्बी का लगभग 84 प्रतिशत हिस्सा कार्बन डाइऑक्साइड में बदलकर सांस छोड़ने के दौरान बाहर निकलता है. बाकी लगभग 16 प्रतिशत हिस्सा पानी बनता है, जो पसीने, पेशाब और शरीर के दूसरे तरल पदार्थों के जरिए बाहर निकल सकता है. ये आंकड़े अनुमान पर आधारित हैं. इसका मतलब है कि चर्बी केवल पसीने के जरिए बाहर नहीं निकलती. सांस छोड़ना फैट के टूटने से बने पदार्थों को बाहर निकालने का एक प्रमुख रास्ता है.

क्या तेजी से सांस लेने से वजन घटता है? नहीं, तेजी से सांस लेने से अपने आप चर्बी कम नहीं होती. वजन घटाने के लिए जरूरी है कि शरीर खर्च की गई ऊर्जा से कम कैलोरी भोजन से प्राप्त करे. संतुलित डाइट और नियमित शारीरिक गतिविधि इसमें मदद कर सकती हैं. बहुत तेजी से सांस लेने की कोशिश करने के बजाय स्वस्थ खानपान, व्यायाम और नियमित दिनचर्या पर ध्यान देना बेहतर है.

लेटेस्ट कॉमर्स डील्स, खास डिस्काउंट और बेहतरीन शॉपिंग ऑफर देखने के लिए कंपेयर इंड‍िया✅देखें.First Published :

October 17, 2026, 14:49 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj