सीकर में परीक्षा नहीं सामूहिक नकल का खेल, 72 छात्र दे रहे थे एग्जाम, वीडियो से खुला राज

Last Updated:August 13, 2026, 08:56 IST
Rajasthan Exam Cheating Case: सीकर और लालसोट में पीजीडीसीए परीक्षा के दौरान सामूहिक नकल के लगातार दो मामलों ने विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था को कटघरे में खड़ा कर दिया है. सीकर के विश्वभारती कॉलेज में विजिलेंस टीम के आकस्मिक निरीक्षण के दौरान तीन कमरों में विद्यार्थी समूह बनाकर नकल करते मिले. यहां कुल 72 विद्यार्थी परीक्षा दे रहे थे, जबकि करीब 20 विद्यार्थियों से नकल सामग्री जब्त की गई. टीम ने मौके का वीडियो और वॉइस रिकॉर्डिंग समेत अन्य साक्ष्य जुटाए. सामने आए वीडियो में परीक्षा कक्ष के अंदर सामूहिक नकल की स्थिति दिखाई दे रही है. विश्वविद्यालय ने कार्रवाई करते हुए संबंधित केंद्र की नौवें प्रश्नपत्र की परीक्षा निरस्त कर दी है. साथ ही परीक्षा केंद्र के निलंबन और कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई है. पांच दिन पहले लालसोट में भी ऐसा ही मामला सामने आया था.
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सीकर और लालसोट में परीक्षा के दौरान सामूहिक नकल के लगातार दो मामलों से मचा हड़कंप
सीकर. राजस्थान में जगद्गुरु रामानंदाचार्य राजस्थान संस्कृत विश्वविद्यालय की पीजीडीसीए परीक्षा में सामूहिक नकल के मामले सामने आने से परीक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं. महज पांच दिन के भीतर सीकर और दौसा के लालसोट में परीक्षा केंद्रों पर सामूहिक नकल पकड़ी गई. सीकर के विश्वभारती कॉलेज में तो परीक्षा कक्ष का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें विद्यार्थी समूह में बैठकर एक-दूसरे की उत्तर पुस्तिकाओं से नकल करते नजर आ रहे हैं. विश्वविद्यालय की विजिलेंस टीम ने आकस्मिक निरीक्षण के दौरान यह अनियमितता पकड़ी. इसके बाद संबंधित परीक्षा केंद्र पर आयोजित परीक्षा को निरस्त कर दिया गया है.
विश्वविद्यालय प्रशासन ने परीक्षा केंद्र के निलंबन और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है. मंगलवार को विश्वविद्यालय की विजिलेंस टीम ने सीकर स्थित विश्वभारती कॉलेज का अचानक निरीक्षण किया. यहां पीजीडीसीए परीक्षा की पहली पारी चल रही थी. परीक्षा केंद्र के तीन कमरों में कुल 72 विद्यार्थी परीक्षा दे रहे थे. विजिलेंस टीम के पहुंचने पर कई विद्यार्थी समूह में बैठकर एक-दूसरे की उत्तर पुस्तिकाओं से नकल करते मिले. कुछ विद्यार्थी नकल के लिए उत्तर सामग्री का इस्तेमाल करते हुए भी पाए गए.
वीक्षक ने कहा- आदेश पर हो रही थी नकल
सीकर परीक्षा केंद्र से सामने आए वीडियो ने मामले को और गंभीर बना दिया है. वीडियो में परीक्षा कक्ष के भीतर विद्यार्थी समूह में बैठे दिखाई दे रहे हैं. फ्लाइंग टीम ने मौके पर एक परीक्षार्थी और वीक्षक से भी बातचीत की. टीम ने मौके पर कार्रवाई करते हुए करीब 20 विद्यार्थियों से नकल में इस्तेमाल की जा रही उत्तर सामग्री जब्त की. पूरे मामले से जुड़े वीडियो, वॉइस रिकॉर्डिंग और अन्य साक्ष्य भी जुटाए गए. विजिलेंस टीम में शास्त्री कोसलेंद्रदास और डॉ. देवेंद्र कुमार शामिल थे. टीम ने मौके पर मिली अनियमितताओं की रिपोर्ट परीक्षा विभाग को सौंप दी.
सामने आए इनपुट के अनुसार वीक्षक की ओर से सामूहिक नकल करवाने का आदेश मिलने की बात कही गई. हालांकि इस संबंध में अंतिम जिम्मेदारी और दोष तय करने की प्रक्रिया विश्वविद्यालय की जांच के बाद ही स्पष्ट होगी. विजिलेंस टीम ने नकल की स्थिति और संबंधित बातचीत का वीडियो रिकॉर्ड किया है. इन साक्ष्यों को विश्वविद्यालय के परीक्षा विभाग को उपलब्ध कराया गया है.
विश्वविद्यालय ने निरस्त किया नौवां प्रश्नपत्र
मामले की गंभीरता को देखते हुए कुलपति प्रो. मदनमोहन झा के निर्देश पर परीक्षा नियंत्रक डॉ. शंभुकुमार झा ने सीकर के संबंधित परीक्षा केंद्र पर आयोजित पीजीडीसीए परीक्षा को निरस्त कर दिया. 11 अगस्त को सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित नौवें प्रश्नपत्र की परीक्षा में शामिल सभी परीक्षार्थियों की परीक्षा इस केंद्र पर निरस्त की गई है. दूसरी पारी की परीक्षा विश्वविद्यालय के उड़नदस्ते की निगरानी में कराई गई. विश्वविद्यालय प्रशासन ने परीक्षा केंद्र के निलंबन और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है. विजिलेंस टीम की रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
पांच दिन में दूसरा सामूहिक नकल का मामला
यह पांच दिन के भीतर सामूहिक नकल का दूसरा मामला है. इससे पहले 7 अगस्त को दौसा के लालसोट स्थित एमडी पीजी कॉलेज में भी पीजीडीसीए परीक्षा के दौरान सामूहिक नकल पकड़ी गई थी. विश्वविद्यालय के उड़नदस्ते ने निरीक्षण के दौरान परीक्षा में अनियमितता पकड़ी थी. इसके बाद संबंधित परीक्षा केंद्र की परीक्षा निरस्त कर दी गई और नियमानुसार कार्रवाई शुरू की गई. लगातार सामने आ रहे इन मामलों के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने परीक्षा केंद्रों की निगरानी और सख्त करने के संकेत दिए हैं. कुलपति प्रो. मदनमोहन झा ने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के हितों की रक्षा के साथ परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है. परीक्षा की शुचिता से समझौता करने वाले किसी भी प्रयास को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. दोषी पाए जाने वाले परीक्षा केंद्रों और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी.
About the Authorदीप रंजन सिंह Content Producer
दीपरंजन सिंह लगभग एक दशक से पत्रकारिता के फिल्ड से जुड़े हुए हैं. वह अभी न्यूज18 हिंदी के राजस्थान डिजिटल डेस्क से जुड़े हैं, जहां वे बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले लगभग एक दशक से सक्रिय पत…
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Sikar,Rajasthan
First Published :
August 13, 2026, 08:56 IST



