2027 वर्ल्ड कप का मास्टर प्लान तैयार, 2 अक्टूबर से आगाज! 21 नवंबर को फाइनल… गांधी जयंती, अफ्रीका कनेक्शन और बदला फॉर्मेट

नई दिल्ली. 2027 वनडे वर्ल्ड कप सिर्फ चौकों और छक्कों का रोमांच ही नहीं लाएगा, बल्कि इसके साथ इतिहास, सम्मान और एक नया प्रारूप भी जुड़ने जा रहा है. खेल और इतिहास के अद्भुत संगम की खबर यह है कि टूर्नामेंट की शुरुआत 2 अक्टूबर यानी गांधी जयंती के दिन हो सकती है. आईसीसी का यह फैसला क्रिकेट जगत और इतिहास के प्रेमियों, दोनों के लिए बेहद खास है, क्योंकि यह दिन महात्मा गांधी की 158वीं जयंती का प्रतीक होगा.
महात्मा गांधी का जीवन भारत और इस वर्ल्ड कप के मुख्य मेजबान दक्षिण अफ्रीका दोनों देशों की नियति को बदलने वाला रहा है. गांधी जी एक युवा बैरिस्टर के रूप में दक्षिण अफ्रीका पहुंचे थे, जहां उन्हें रंगभेद का सामना करना पड़ा. उसी धरती पर उनके भीतर के सत्याग्रही का जन्म हुआ. उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में बिताए दो दशकों को अपने जीवन का सबसे अहम हिस्सा माना था. वहां उन्होंने भारतीय समुदाय के अधिकारों की लड़ाई लड़ी और अहिंसक विरोध का जो रास्ता तैयार किया, उसने आगे चलकर अफ्रीकन नेशनल कांग्रेस के नेताओं को भी प्रेरित किया.
बापू की विरासत और वर्ल्ड कप का आगाजदक्षिण अफ्रीका से लौटने के बाद भारत में राष्ट्रपिता के रूप में उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम का नेतृत्व किया. असहयोग आंदोलन से लेकर सविनय अवज्ञा आंदोलन तक, और राजघाट पर आज भी गूंजते प्रार्थना सभा के सुरों तक, गांधी जी की विरासत भारत की नींव में बसी है. ऐसे में दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की संयुक्त मेजबानी में होने वाले इस महाकुंभ को 2 अक्टूबर से शुरू करना उनके प्रति एक अनूठी श्रद्धांजलि माना जा रहा है.
बदला हुआ शेड्यूल और 21 नवंबर को खिताबी जंगक्रिकबज की रिपोर्ट के मुताबिक, पहले आईसीसी इस टूर्नामेंट को 8 अक्टूबर से शुरू करने की योजना बना रहा था, लेकिन अब तारीख बदलकर 2 अक्टूबर तय की जा रही है. इसका मतलब है कि वार्म-अप मुकाबले सितंबर के आखिरी दिनों में ही शुरू हो जाएंगे. अफ्रीकी महाद्वीप के 12 मैदानों पर आयोजित होने वाले इस 14 टीमों के महाकुंभ का फाइनल मुकाबला 21 नवंबर को खेले जाने की संभावना है.
क्वालिफायर का गणित और 14 टीमों का फॉर्मेटइस बार का वर्ल्ड कप न सिर्फ अपनी शुरुआती तारीख बल्कि अपने अनोखे और थोड़े विवादास्पद प्रारूप (फॉर्मेट) की वजह से भी चर्चा में है. टूर्नामेंट में कुल 14 देश हिस्सा ले रहे हैं. 10 टीमें भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, पाकिस्तान, दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका, बांग्लादेश, अफगानिस्तान और जिम्बाब्वे पहले ही इस टूर्नामेंट के लिए क्वालिफाई कर चुकी हैं. बाकी 4 टीमों का फैसला अगले साल की शुरुआत में होने वाले 10 टीमों के क्वालिफायर मुकाबले से होगा, जिसमें नामीबिया, वेस्टइंडीज और आयरलैंड जैसी प्रमुख टीमें जोर आजमाइश करेंगी.
आईसीसी मेंस क्रिकेट वर्ल्ड कप 2027 का अगााज गांधी जयंती के दिन से शुरू हो सकता है.
‘सुपर सीरीज’ का नया ट्विस्टक्वालिफिकेशन प्रक्रिया के बाद असली ट्विस्ट इसके मुख्य टूर्नामेंट के प्रारूप में आएगा. इस बार तीन सबसे कम रैंकिंग वाली टीमों के बीच ‘सुपर सीरीज’ नाम से एक मिनी ट्राइलैटरल सीरीज खेली जाएगी. इस सीरीज की विजेता टीम मुख्य दौर की 11 टीमों के साथ जुड़ेगी, जिससे 12 टीमों का मुख्य समूह तैयार होगा. यदि 2 अक्टूबर से इसी ‘सुपर सीरीज’ की शुरुआत होती है, तो शुरुआत में भारत या दक्षिण अफ्रीका जैसी मजबूत टीमें मैदान में नजर नहीं आएंगी.
ग्रुप स्टेज से ‘सुपर सेवन’ तक का सफरसुपर सीरीज से आगे बढ़ने के बाद, 12 टीमों को 6-6 के दो ग्रुपों में बांटा जाएगा. अपने-अपने ग्रुप में एक-दूसरे से मुकाबले खेलने के बाद शीर्ष टीमें आगे बढ़ेंगी और इसके बाद ‘सुपर सेवन’ स्टेज का रोमांच देखने को मिलेगा. यहां से निकलने वाली सबसे मजबूत चार टीमों के बीच सेमीफाइनल जंग होगी और फिर 21 नवंबर को इस लंबे क्रिकेट उत्सव का खिताबी मुकाबला खेला जाएगा.
इतिहास और खेल का अनोखा मेलक्रिकेट के इस सबसे बड़े मंच पर इतिहास, गांधीवादी मूल्यों का सम्मान और बदला हुआ तकनीकी प्रारूप मिलकर 2027 के वनडे वर्ल्ड कप को बेहद दिलचस्प बनाने जा रहे हैं.



