कहानी सुनते ही भागे प्रोड्यूसर, उसी स्टोरी पर बनी मूवी ने की अंधाधुंध कमाई, देखकर भी नहीं भरता मन

Last Updated:July 06, 2026, 17:00 IST
बॉलीवुड की हर सुपरहिट-ब्लॉकबस्टर फिल्म के बनने के पीछे की कहानी उतनी ही दिलचस्प होती है. जिस स्टोरी को सुनते ही प्रोड्यूसर भाग जाए, बाद में उसी कहानी पर बनी फिल्म सुपरहिट हो जाए, ऐसा संयोग तो विरले ही देखने को मिलता है. 36 साल पहले सिनेमाघरों में ऐसी ही एक फिल्म आई थी जिसे प्रोड्यूसर्स नहीं मिल रहे थे. फिर हीरो अपने पिता के पास पहुंचा. सुपर स्टार ने अपने बेटे की फिल्म में पैसा लगाया. इस फिल्म के डायलॉग कालजयी साबित हुए. इसी फिल्म ने हीरो को अमर पहचान दी. यह मूवी कौन सी थी, आइये जानते हैं…..
बॉलीवुड के जाने-माने डायरेक्टर राज कुमार संतोषी हीरो को कहानी सुना रहे थे. जैसे-तैसे कहानी पूरी हुई तो प्रोड्यूसर ने फिल्म में पैसा लगाने से इनकार कर दिया. फिर राज कुमार संतोषी ने हीरो के साथ मिलकर कई प्रोड्यूसर खोजे लेकिन बात नहीं बनी. किसी को कहानी पसंद आती तो किसी को हीरो पसंद नहीं आता. थक-हारकर हीरो अपने सुपर स्टार पिता के पास पहुंचा. पिता ने कहानी और फिल्म प्रोड्यूस करने का फैसला किया. ऐसी फिल्म तैयार हुई जिसने बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रच दिया. यह फिल्म थी ‘घायल’ जिसके निर्माता बॉलीवुड सुपर स्टार धर्मेंद्र थे. आइये जानते हैं इस फिल्म से जुड़े दिलचस्प फैक्ट्स…….
सनी देओल-मीनाक्षी शेषाद्रि और अमरीश पुरी स्टारर ‘घायल’ फिल्म 22 जून 1990 को रिलीज हुई थी. अमरीश पुरी ने बलवंत राय और सनी देओल ने अजय मेहरा का किरदार निभाया था. बतौर डायरेक्टर राजकुमार संतोषी की यह पहली मूवी थी. उन्होंने ‘अर्ध सत्य’ में जाने-माने निर्देशक गोविंद निहलानी के असिस्टेंट के रूप में भी काम किया था. उनके पिता पीएल संतोषी एक प्रसिद्ध फिल्म निर्माता, निर्देशक, पटकथा लेखक और गीतकार थे. फिल्म की स्क्रिप्ट, स्क्रीनप्ले और डायलॉग सबकुछ राज कुमार संतोषी का था.
राजकुमार संतोषी ने ‘घायल’ फिल्म की कहानी कमल हासन को ध्यान में रखकर लिखी थी. कोई भी प्रोड्यूसर इसमें पैसा लगाने को तैयार नहीं था. ऐसे में वो सनी देओल के पास पहुंचे. सनी देओल को कहानी पसंद आई लेकिन प्रोड्यूसर सुब्बा राव ने शर्त रख दी. उनका कहना था कि सनी देओल अपनी फीस कम करें. सनी देओल इसके लिए राजी भी हो गए लेकिन बात नहीं बनी. दोनों ने कई प्रोड्यूसर्स खोजे. अंत में राज कुमार को लेकर सनी देओल अपने पिता धर्मेंद्र के पास पहुंचे. उन्हें कहानी पसंद आई. वो इस फिल्म को प्रोड्यूस करने के लिए तैयार हो गए.
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सनी देओल ने अपने एक इंटरव्यू में ‘घायल’ फिल्म से जुड़ी मुश्किलों का जिक्र किया था. उन्होंने कहा था, ‘इस फिल्म के निर्माण के समय बहुत परेशानियां आईं. जब राज कुमार संतोषी उनके पास सब्जेक्ट लेकर पहुंचे तो उनके साथ जो प्रोड्यूसर था, वो भाग गया. मैंने कहा कि तुम मुझे साइन करने आए हो लेकिन प्रोड्यूसर क्यों भाग गया. उसके बाद प्रोड्यूसर्स के लिए हमारी खोज शुरू हुई. ढेर सारे लोगों के पास गए. किसी को सब्जेक्ट अच्छा नहीं लग रहा था. मुझे लगा कि यह कैसे हो सकता है कि जो सब्जेक्ट मुझे अच्छा लग रहा है, वो इसे अच्छा क्यों नहीं लग रहा है. फिर मैं अपने पापा के पास गया. उन्हें कहानी सुनाई. उन्हें अच्छी लगी. और वहां से मुझे शक्ति मिली. उन्होंने कहा जा प्रोड्यूस कर. और इस तरह से ‘घायल’ मूवी बनी.’
‘घायल’ फिल्म का म्यूजिक बप्पी लहरी ने कंपोज किया था. फिल्म का एक गाना ‘सोचना क्या, जो भी होगा देखा जाएगा’ पॉप्युलर हुआ था. ‘घायल’ का मुहुर्त शॉट धर्मेंद्र के पिता केवल किशन सिंह देओल ने दिया था. फिल्म की लॉन्चिंग के दौरान सनी देओल की मां प्रकाश कौर भी नजर आई थीं.
कहा जाता है कि सनी देओल डिंपल कपाड़िया को फिल्म में लेना चाहते थे लेकिन धर्मेंद्र ने इनकार कर दिया था. ऐसे में मीनाक्षी शेषाद्रि को साइन किया गया. मूवी में सनी देओल ने अजय मेहरा जबकि अमरीश पुरी ने बलवंत राय के किरदार में जान फूंक दी थी. राज बब्बर, मौसमी चटर्जी, शफी इनामदार, कुलभूषण खरबंदा भी अहम भूमिकाओं में थे. फिल्म में एक छोटा सा लेकिन प्रभावी रोल अन्नू कपूर ने निभाया था.
‘घायल’ फिल्म की कहानी शुरुआत से ही दर्शकों को जोड़ लेती है. अजय मेहरा (सनी देओल) एक बॉक्सर है. उसका बड़ा भाई अशोक मेहरा (राज बब्बर) बलरंत राय (अमरीश पुरी) के लिए काम करता है. अमरीश पुरी उसे गायब कर देता है. भाई की तलाश करते-करते सनी देओल बलवंत राय तक पहुंचता है. फिल्म बहुत ही इमोशनल भी थी. मजेदार बात यह है कि ‘घायल’ फिल्म 22 जून 1990 को रिलीज हुई थी. इसी दिन आमिर खान की फिल्म ‘दिल’ भी रिलीज हुए थी. दोनों फिल्मों का क्लैश बॉक्स ऑफिस पर हुआ था. इस रेस में बाजी ‘दिल’ फिल्म के हाथ लगी थी. दिल 1990 की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म थी.
‘घायल’ फिल्म का बजट करीब ढाई करोड़ के करीब था. मूवी ने उस समय 20 करोड़ से ज्यादा की कमाई की थी. यह एक सुपरहिट फिल्म साबित हुई थी. ‘घायल’ फिल्म ने दो नेशनल अवॉर्ड, 7 फिल्म फेयर अवॉर्ड जीते थे. यह 1990 की दूसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म थी. समय के साथ यह फिल्म कल्ट बनती गई. आज इस फिल्म की एक फैन फॉलोइंग है. सनी देओल-राज कुमार संतोषी की जोड़ी ने आगे चलकर ‘दामिनी’ और ‘घातक’ जैसी सुपरहिट फिल्में दीं. इन सभी फिल्मों में अमरीश पुरी ने शानदार भूमिकाएं निभाईं.
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