भीलवाड़ा के श्रमिकों को अब घर बैठे मिलेगा रोजगार, बस करना होगा यह छोटा सा काम

Last Updated:June 28, 2026, 15:18 IST
Bhilwara Shram-Setu App: भीलवाड़ा जैसे औद्योगिक जिले में श्रमिकों और नियोक्ताओं को जोड़ने के लिए राजस्थान सरकार ‘श्रम-सेतु’ ऐप शुरू करने जा रही है. इस डिजिटल प्लेटफॉर्म पर श्रमिक ऑनलाइन पंजीकरण कर सकेंगे और नियोक्ता अपनी जरूरत के अनुसार श्रमिक तलाश सकेंगे. ऐप के जरिए रोजगार की जानकारी सीधे मोबाइल पर मिलेगी, जिससे बिचौलियों की भूमिका कम होगी और रोजगार प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनेगी. साथ ही श्रमिकों को सरकारी योजनाओं और कल्याणकारी सुविधाओं की जानकारी भी मिलेगी. इससे वस्त्र, खनन और निर्माण क्षेत्र सहित हजारों श्रमिकों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है.
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भीलवाड़ा. राजस्थान का भीलवाड़ा प्रमुख औद्योगिक नगरी के रूप में जाना जाता है. वस्त्र उद्योग, प्रोसेस हाउस, स्पिनिंग मिलों और खनन क्षेत्र के कारण यहां प्रतिदिन हजारों श्रमिक कार्य करते हैं. जिले में स्थानीय मजदूरों के साथ-साथ आसपास के जिलों तथा बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश सहित अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रमिक रोजगार की तलाश में आते हैं. ऐसे में श्रमिकों और नियोक्ताओं को एक मंच पर लाने के उद्देश्य से राजस्थान सरकार की ओर से शुरू किया जा रहा ‘श्रम-सेतु (लेबर चौक)’ एप्लीकेशन काफी उपयोगी साबित हो सकता है.
भीलवाड़ा के कई इलाकों में आज भी बड़ी संख्या में श्रमिक सुबह-सुबह लेबर चौक पर काम मिलने का इंतजार करते हैं. दूसरी ओर उद्योगों, निर्माण कार्यों, फैक्ट्रियों, खदानों और कृषि कार्यों के लिए कई बार समय पर श्रमिक नहीं मिल पाते. श्रम-सेतु ऐप इस समस्या का डिजिटल समाधान देने का प्रयास करेगा. इसके माध्यम से श्रमिक अपना ऑनलाइन पंजीकरण कर सकेंगे, जबकि उद्योगपति, ठेकेदार, व्यापारी और अन्य नियोक्ता अपनी आवश्यकता के अनुसार श्रमिकों की तलाश कर सकेंगे.
मोबाइल पर मिलेगी काम की जानकारी
इस एप्लीकेशन में पंजीकृत श्रमिकों को डिजिटल पहचान मिलेगी और काम की जानकारी सीधे उनके मोबाइल पर प्राप्त होगी. इससे रोजगार की प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सरल और तेज बनेगी. साथ ही श्रमिकों को सरकारी योजनाओं और श्रमिक कल्याण से जुड़ी सुविधाओं की जानकारी भी एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हो सकेगी. इससे असंगठित क्षेत्र में कार्य करने वाले हजारों श्रमिकों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है.
उद्योगों और श्रमिकों दोनों को होगा फायदा
भीलवाड़ा जैसे औद्योगिक जिले में इस तरह की डिजिटल व्यवस्था रोजगार प्रणाली को अधिक संगठित बनाएगी. वस्त्र उद्योग, खनन, भवन निर्माण और अन्य क्षेत्रों में श्रमिकों की मांग लगातार बनी रहती है. ऐसे में मोबाइल ऐप के माध्यम से श्रमिकों और नियोक्ताओं को जोड़ने से समय की बचत होगी, बिचौलियों की भूमिका कम होगी और जरूरत के समय आसानी से श्रमिक उपलब्ध हो सकेंगे.
औद्योगिक विकास को मिलेगी नई गति
श्रम-सेतु ऐप को श्रमिकों को तकनीक से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है. यदि इसका प्रभावी क्रियान्वयन होता है, तो भीलवाड़ा जैसे औद्योगिक शहर में हजारों श्रमिकों को रोजगार मिलने में आसानी होगी. साथ ही उद्योगों, निर्माण कार्यों और खनन क्षेत्र को समय पर आवश्यक श्रमिक उपलब्ध होने से उत्पादन क्षमता और कार्यकुशलता बढ़ाने में मदद मिलेगी. यह पहल न केवल श्रमिकों के जीवन को आसान बनाएगी, बल्कि जिले की औद्योगिक प्रगति को भी नई गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है.
About the Authordeep ranjan
दीप रंजन सिंह 2016 से मीडिया में जुड़े हुए हैं. हिंदुस्तान, दैनिक भास्कर, ईटीवी भारत और डेलीहंट में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. 2022 से हिंदी में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. एजुकेशन, कृषि, राजनीति, खेल, लाइफस्ट…और पढ़ें
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Location :
Bhilwara,Rajasthan



