Rajasthan

Udaipur News: जहां स्कूल होना था, वहां मलबे के बीच फहराया तिरंगा, बच्चों का सवाल- हमारा स्कूल कब बनेगा?

Last Updated:August 16, 2026, 11:03 IST

उदयपुर के हरियाखेड़ा गांव में स्वतंत्रता दिवस पर बच्चों ने मलबे और गाजर घास से भरे पुराने स्कूल परिसर में तिरंगा फहराया. एक साल पहले जर्जर भवन गिराए जाने के बाद से बच्चे टीनशेड के नीचे पढ़ने को मजबूर हैं, लेकिन अब तक नए भवन का निर्माण शुरू नहीं हुआ.

उदयपुर में मलबे के बीच मासूमों का तिरंगा, एक साल से नए स्कूल भवन का इंतजारZoomमलबे के बीच में तिरंगा फहराते बच्चें

उदयपुर. जिले की लूणदा ग्राम पंचायत के हरियाखेड़ा गांव से स्वतंत्रता दिवस पर व्यवस्था की बदहाली को उजागर करती तस्वीर सामने आई. देशभर में जहां आजादी का पर्व उत्साह और देशभक्ति के साथ मनाया गया, वहीं गांव के राजकीय प्राथमिक विद्यालय के बच्चों को अपने ही विद्यालय के बदहाल परिसर में राष्ट्रध्वज फहराते हुए स्वतंत्रता दिवस मनाना पड़ा. जिस विद्यालय परिसर में कभी बच्चों की कक्षाएं संचालित होती थी, आज वहां भवन के मलबे, बिखरे पत्थरों और उगी गाजर घास के बीच तिरंगा फहराया गया.

ग्रामीणों के अनुसार, विद्यालय भवन करीब एक वर्ष पहले जर्जर और असुरक्षित घोषित कर गिरा दिया गया था. उस समय ग्रामीणों और विद्यालय प्रशासन को उम्मीद थी कि जल्द ही नए भवन का निर्माण शुरू होगा और बच्चों को सुरक्षित वातावरण में पढ़ाई की सुविधा मिलेगी. लेकिन एक साल बीतने के बाद भी नया भवन नहीं बन सका है. इतना ही नहीं, पुराने भवन का मलबा भी पूरी तरह नहीं हटाया गया है.

निजी मकान के टीनशेड में चल रही कक्षाएं

विद्यालय भवन गिराए जाने के बाद से बच्चों की पढ़ाई गांव के ही एक निजी मकान में टीनशेड के नीचे कराई जा रही है. सीमित संसाधनों और अस्थायी व्यवस्था के बीच शिक्षक बच्चों को पढ़ाने के लिए मजबूर हैं. स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विद्यालय प्रशासन ने इसी स्थान पर कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी की थी, लेकिन मकान मालिक ने कार्यक्रम की अनुमति नहीं दी. इसके बाद शिक्षकों और ग्रामीणों के सामने पुराने विद्यालय परिसर में कार्यक्रम आयोजित करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा. आनन-फानन में इसी परिसर में स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया. बदहाल और असुरक्षित परिसर में शिक्षकों व ग्रामीणों की मौजूदगी में राष्ट्रध्वज फहराया गया, बच्चों ने राष्ट्रगान गाकर देश के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की.

नए भवन की मांग, जिम्मेदारों से सवाल

ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों की शिक्षा और सुरक्षा से जुड़ा यह मामला लंबे समय से लंबित है. भवन गिराए जाने के बाद नया निर्माण शुरू नहीं होने से बच्चों को अस्थायी स्थान पर पढ़ना पड़ रहा है. ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द मलबा हटवाकर नए विद्यालय भवन का निर्माण शुरू कराने की मांग की है, ताकि बच्चों को सुरक्षित और सम्मानजनक शैक्षणिक वातावरण मिल सके. स्वतंत्रता दिवस के मौके पर सामने आई यह तस्वीर सवाल खड़े करती है कि जब देश विकास और बेहतर शिक्षा व्यवस्था की बात कर रहा है, तब ग्रामीण क्षेत्र के इन नौनिहालों को अपने विद्यालय भवन के लिए आखिर कितना और इंतजार करना पड़ेगा.

About the AuthorMonali Paul

नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…

और पढ़ेंLocation :

Udaipur,Rajasthan

First Published :

August 16, 2026, 10:59 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj