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बाहर से खाना मंगवाया, पूरा परिवार पड़ा बीमार, 5 साल की बच्ची की मौत, ऐसे बचें फूड पॉइजनिंग से

बाहर का खाना आजकल हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन गया है. ऑफिस से लौटते वक्त कुछ स्वादिष्ट खा लेना हो या घर पर खाना बनाने का मन न हो, तो रेस्टोरेंट और ऑनलाइन फूड डिलीवरी आसान विकल्प लगते हैं. लेकिन कई बार स्वाद और सुविधा के चक्कर में हम खाने की साफ-सफाई और उसकी गुणवत्ता को नजरअंदाज कर देते हैं.

हाल में एक परिवार के 5 सदस्य फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए हैं, जिसमें 5 साल की बेटी की मौत हो गई है. वहीं, माता-पिता और दो बेटियों का अस्पताल में इलाज चल रहा है. इस घटना ने फूड सेफ्टी को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. रिपोर्टे्स के मुताबिक, शनिवार रात शीतल रेस्टोरेंट से खाना मंगाने के बाद परिवार को फूड पॉइजनिंग हुआ.

बाहर का खाना खाने से क्यों हो सकती है फूड पॉइजनिंग?

फूड पॉइजनिंग तब हो सकती है जब खाने में हानिकारक बैक्टीरिया, वायरस, परजीवी या उनके द्वारा बनाए गए टॉक्सिन मौजूद हों. बाहर के खाने में सबसे बड़ा जोखिम साफ-सफाई की कमी से जुड़ा होता है. अगर खाना बनाने वाले व्यक्ति ने हाथ ठीक से साफ नहीं किए, कच्चे और पके भोजन के लिए एक ही चाकू या बोर्ड इस्तेमाल किया गया या कच्ची सामग्री सही तापमान पर नहीं रखी गई, तो हानिकारक सूक्ष्मजीव खाने तक पहुंच सकते हैं.

इसके अलावा पका हुआ खाना लंबे समय तक सामान्य तापमान पर पड़ा रहे तो उसमें बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते हैं. खासकर गर्म और उमस वाले मौसम में यह जोखिम बढ़ जाता है. बासी तेल का इस्तेमाल, अधपका मांस या अंडा, ठीक से न धुली सब्जियां और असुरक्षित पानी भी फूड-बॉर्न इंफेक्शन की वजह बन सकते हैं.

सिर्फ फूड पॉइजनिंग ही नहीं, ये दिक्कतें भी

दूषित खाना खाने के बाद हर व्यक्ति में एक जैसे लक्षण नहीं होते. कुछ लोगों को कुछ घंटों में उल्टी, दस्त, पेट दर्द, मितली और कमजोरी शुरू हो सकती है. कई मामलों में बुखार भी आ सकता है. ज्यादा उल्टी और दस्त होने पर शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी यानी डिहाइड्रेशन हो सकता है, जो छोटे बच्चों और बुजुर्गों के लिए खास तौर पर गंभीर स्थिति बन सकती है.

बार-बार बाहर का बहुत तला-भुना, ज्यादा नमक या फैट वाला खाना खाने से फूड पॉइजनिंग के अलावा अपच, एसिडिटी और पेट फूलने जैसी समस्याएं भी परेशान कर सकती हैं. हालांकि हर पेट की समस्या को फूड पॉइजनिंग नहीं कहा जा सकता.

बाहर का खाना खाते समय इन बातों का रखें ध्यान

अगर बाहर खाना खा रहे हैं तो ऐसी जगह चुनें जहां साफ-सफाई दिखाई देती हो और खाना ताजा तैयार किया जाता हो. बहुत देर से रखा हुआ खाना, असामान्य गंध वाला भोजन या संदिग्ध दिखने वाली चीजें खाने से बचें. स्ट्रीट फूड खाते समय भी साफ पानी, साफ बर्तन और भोजन को ढककर रखने जैसी चीजों पर ध्यान दें.

ऑनलाइन खाना मंगाते समय भी रेस्टोरेंट की रेटिंग से ज्यादा उसकी हाइजीन और फूड सेफ्टी से जुड़ी जानकारी पर ध्यान देना चाहिए. खाना मिलने के बाद अगर वह बहुत देर तक कमरे के तापमान पर पड़ा रहे, तो उसे खाने से बचना बेहतर है.

फूड पॉइजनिंग के लक्षण

अगर खाना खाने के बाद लगातार उल्टी-दस्त, तेज बुखार, खून वाले दस्त, बहुत ज्यादा कमजोरी या डिहाइड्रेशन के लक्षण दिखाई दें, तो इसे सामान्य पेट खराब समझकर नजरअंदाज न करें. खासकर बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर स्वास्थ्य वाले लोगों में ऐसे लक्षण होने पर समय पर डॉक्टर से संपर्क करना बेहद जरूरी है.

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