तपती गर्मी में मर रही हैं मछलियां, तो यहां जानिए बचाव और देखभाल के जरूरी उपाय

कौशांबी: गर्मियों का मौसम इंसानों के साथ-साथ पशु-पक्षियों और मछलियों के लिए भी काफी चुनौतीपूर्ण होता है. बढ़ते तापमान के कारण जहां लोग बाहर निकलने से कतराते हैं, वहीं तालाब में मछली पालन करने वाले मछुआरों और किसानों के लिए भी यह समय कठिन हो जाता है. तेज धूप और अधिक गर्मी का सीधा असर पानी के तापमान और मछलियों की सेहत पर पड़ता है. ऐसे में सही देखभाल और प्रबंधन से नुकसान से बचते हुए अच्छा उत्पादन लिया जा सकता है.
गर्मियों में मछली पालन के दौरान किन बातों रखें ध्यान
सबसे पहले जिस तालाब में मछली पालन किया जा रहा है, उसकी गहराई कम से कम 5 से 6 फीट होनी चाहिए. पानी जितना गहरा होगा, तापमान उतना ही संतुलित रहेगा और मछलियों को राहत मिलेगी. इसके साथ ही समय-समय पर ताजा पानी मिलाना जरूरी है, ताकि ऑक्सीजन की कमी न हो.
मछलियों को सुबह और शाम के समय ही चारा देना चाहिए. दोपहर की तेज धूप में चारा डालने से बचें, क्योंकि इस समय मछलियां पानी की गहराई में चली जाती हैं. सुबह और शाम जब मछलियां सतह पर आती हैं, तभी चारा देना उचित होता है. चारे में चोकर, सरसों की खली, गोबर और तैयार फीड का उपयोग किया जा सकता है.
कौनसी दवाई का करें इस्तेमाल
गर्मियों में मछलियों को बीमारियों से बचाने के लिए तालाब में चूना और पोटाश का छिड़काव करना लाभकारी होता है. इससे पानी साफ रहता है और संक्रमण का खतरा कम होता है.
मत्स्य विभाग के अधिकारी पी.के. शुक्ला के अनुसार, गर्मियों में अधिक तापमान के कारण तालाबों का जलस्तर कम होने लगता है, जिससे मछलियों को परेशानी होती है. ऐसे में किसानों को पास के सबमर्सिबल पंप से नियमित रूप से तालाब में पानी भरते रहना चाहिए, ताकि जलस्तर सामान्य बना रहे और मछलियों को पर्याप्त ऑक्सीजन मिल सके.
पानी में आक्सीजन की मात्रा कैसे बनाएं
यदि मछलियों को अधिक दिक्कत हो रही हो, तो तालाब में एरेशन (हवा देने) के लिए पंखे भी लगाए जा सकते हैं. इसके लिए मत्स्य विभाग द्वारा योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनका लाभ उठाकर किसान तालाब में पंखे लगवा सकते हैं. ये पंखे बिजली या सोलर पैनल दोनों से चलाए जा सकते हैं, जिससे पानी में ऑक्सीजन की मात्रा बनी रहती है और मछलियों की वृद्धि तेज होती है.
गर्मी के मौसम में तालाब में समय-समय पर जाल चलवाते रहना चाहिए और सुबह-शाम चारा डालना चाहिए. दोपहर में मछलियां नीचे रहती हैं और शाम को तापमान कम होने पर ऊपर आती हैं, इसलिए उसी समय चारा देना अधिक लाभकारी होता है.



