पेपर राजस्थान में लीक नहीं हुआ… आईजी अजयपाल लांबा की प्रेसवार्ता, कोचिंग संस्थान की भूमिका पर कही ये बात

Last Updated:May 12, 2026, 23:36 IST
NEET-UG 2026 Paper Leak: NEET-UG पेपरलीक केस में SOG ने कहा राजस्थान मूल केंद्र नहीं, 24 आरोपी और दस्तावेज CBI को सौंपे, कई राज्यों का लिंक, 150 अभ्यर्थियों पर शक. जांच में यह भी सामने आया कि महाराष्ट्र से पेपर हासिल किया गया था और फिर हरियाणा व गुरुग्राम के लोगों के जरिए इसे वाट्सएप समेत दूसरे माध्यमों से फैलाया गया. SOG के मुताबिक कुछ अभ्यर्थियों और उनके परिजनों की भूमिका भी जांच में सामने आई है.
नीट 2026 पेपर लीक पर आईजी की प्रेस कांफ्रेंस
जयपुर. जयपुर में मंगलवार देर शाम NEET-UG पेपरलीक मामले को लेकर SOG ने बड़ी प्रेसवार्ता की. इस दौरान SOG के आईजी अजयपाल लांबा ने कई अहम जानकारियां साझा कीं और साफ कहा कि राजस्थान इस पेपरलीक का मूल केंद्र नहीं था. उन्होंने बताया कि अब यह पूरा मामला सीबीआई को सौंप दिया गया है और जांच से जुड़े दस्तावेजों के साथ दो दर्जन से ज्यादा आरोपियों को भी सीबीआई टीम के हवाले कर दिया गया है.
दिल्ली से सीबीआई की टीमें जयपुर स्थित SOG मुख्यालय पहुंचीं, जहां केस का औपचारिक हैंडओवर किया गया. चूंकि इस मामले में कई राज्यों के नाम सामने आए हैं, इसलिए केंद्रीय एजेंसी को जांच सौंपी गई है. प्रेसवार्ता के दौरान SOG ने यह भी कहा कि राजस्थान के किसी बड़े पेपरलीक गिरोह या कोचिंग संस्थान की भूमिका फिलहाल सामने नहीं आई है.
केरल के MBBS छात्र से जुड़ा मिला लिंकSOG की शुरुआती जांच में जो जानकारी सामने आई, उसने जांच को कई राज्यों तक पहुंचा दिया. आईजी अजयपाल लांबा ने बताया कि केरल में MBBS की पढ़ाई कर रहे एक छात्र के जरिए पेपर शेयर होने की बात सामने आई है. इसके बाद हरियाणा के एक व्यक्ति तक यह पेपर पहुंचा और फिर वहां से इसे आगे अलग-अलग लोगों को भेजा गया.
जांच में यह भी सामने आया कि महाराष्ट्र से पेपर हासिल किया गया था और फिर हरियाणा व गुरुग्राम के लोगों के जरिए इसे वाट्सएप समेत दूसरे माध्यमों से फैलाया गया. SOG के मुताबिक कुछ अभ्यर्थियों और उनके परिजनों की भूमिका भी जांच में सामने आई है. बताया गया कि लीक हुए पेपर में केमेस्ट्री के 45 और बायोलॉजी के 90 सवाल जवाब सहित मौजूद थे. यानी पेपर को पूरी तैयारी के साथ बेचा और फैलाया जा रहा था.
राजस्थान से नहीं हुआ पेपरलीक, SOG का दावाप्रेसवार्ता में SOG ने साफ तौर पर कहा कि पेपर राजस्थान में लीक नहीं हुआ था. आईजी अजयपाल लांबा के अनुसार आरोपियों ने इसे ओरिजिनल पेपर बताकर बेचा था और राजस्थान पहुंचने से पहले ही यह बाहर आ चुका था. उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में किसी कोचिंग संस्थान की भूमिका अभी तक जांच में सामने नहीं आई है. साथ ही राजस्थान के किसी सक्रिय पेपरलीक गिरोह का सीधा संबंध भी फिलहाल नहीं मिला है. हालांकि SOG ने माना कि जिन-जिन लोगों तक पेपर पहुंचने की संभावना जताई गई है, उनमें करीब 150 अभ्यर्थियों के नाम सामने आए हैं. इन सभी पहलुओं पर अलग-अलग एजेंसियां जांच कर रही हैं.
CBI के हवाले किए गए 24 लोगमामले में अब तक 24 लोगों को सीबीआई को सौंपा जा चुका है. इनमें संदिग्ध, आरोपी और पूछताछ से जुड़े लोग शामिल बताए जा रहे हैं. अलवर, जयपुर, जयपुर ग्रामीण, झुंझुनूं और सीकर पुलिस भी इस जांच में SOG के साथ लगी हुई थी.
अब चूंकि मामला सीबीआई के पास पहुंच चुका है, इसलिए आगे की जांच राष्ट्रीय स्तर पर और गहराई से होने की संभावना है. लाखों छात्रों से जुड़ी इस परीक्षा में पेपरलीक की खबर ने पहले ही पूरे देश में चिंता बढ़ा दी थी. अब सबकी नजर इस बात पर है कि आखिर यह नेटवर्क कितना बड़ा था और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल थे.
About the AuthorAnand Pandey
आनंद पाण्डेय वर्तमान में हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाते हुए उन्होंने राजनीति, अपराध और लाइफ…और पढ़ें
न्यूजलेटर
अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज
खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में
सबमिट करें
Location :
Jaipur,Jaipur,Rajasthan



