दुनिया में सबसे स्पेशल पासपोर्ट किसका – केवल 500 लोगों के हाथों में, इसमें क्या खूबियां

यह सवाल बेहद दिलचस्प है कि दुनिया में आखिर किन लोगों के पासपोर्ट सबसे स्पेशल माने जाते हैं. वैसे स्पेशल पासपोर्ट के कई मतलब भी हैं. जैसे यपासपोर्ट बहुत दुर्लभ लोगों को मिलते हैं. सबसे ताकतवर लोगों को दिए जाते हैं या फिर ये भी हो सकता है कि दुनिया के सबसे अनोखे लोगों को दिए जाते हैं. तो हम आपको बताएंगे कि दुनिया के सबसे स्पेशल पासपोर्ट कौन से हैं और ये किनके पास हैं.
क्या आपको मालूम है कि माल्टा के नाइट्स का पासपोर्ट दुनिया में सबसे खास और दुर्लभ है. ये दुनिया में केवल 500 लोगों के पास ही होता है. ये माल्टा के सॉवरेन मिलिट्री ऑर्डर यानि नाइट्स ऑफ माल्टा के सदस्यों को जारी किया जाता है. यह एक अनोखा संगठन है, इसके पास संयुक्त राष्ट्र में पर्यवेक्षक का दर्जा है. इनका अपना संविधान है, लेकिन इसका कोई अपना भौगोलिक देश नहीं है.
इस पासपोर्ट को दुनिया का अति दुर्लभ पासपोर्ट माना जाता है. दुनिया भर में इसके केवल 500 पासपोर्ट सर्कुलेशन में हैं. ये गहरे लाल रंग का होता है, जो यीशू मसीह के खून का प्रतीक है. इसमें सोने के अक्षरों में “आर्डर सोवेरन मिलिट्री डि माल्टा” लिखा होता है.
इसका इस्तेमाल पूरी दुनिया में चल रहे अपने मेडिकल और मानवीय मिशनों के लिए किया जाता है. यूरोप के कई देश इसे मान्यता देते हैं, हालांकि अमेरिका, ब्रिटेन और न्यूजीलैंड इसे यात्रा के लिए वैध दस्तावेज नहीं मानते. इसे दुनिया का सबसे दुर्लभ और सबसे खास पासपोर्ट मानते हैं. इसका मुख्यालय वैलेटा, माल्टा में है. ये वहां के मैजिस्ट्रेल पैलेस और ओबर्ज डि कैसल में है. वहां इसका कामकाज होता है.
माल्टा के नाइट्स का पासपोर्ट दुनिया में सबसे खास और दुर्लभ है. ( ai image)
यह संगठन सदियों पुराना है. ऐतिहासिक रूप से अपने राजनयिक प्रतिनिधियों के लिए दस्तावेज जारी करता आया है. यह संगठन मुख्यतौर पर मानवीय, चिकित्सकीय और सामाजिक सहायता का काम करता है. यह गरीबों, बीमारों, शरणार्थियों, बेघर लोगों, बुजुर्गों और विकलांगों की मदद करता है. युद्ध, महामारी या प्राकृतिक आपदाओं के समय राहत अभियान चलाता है.
इसके अलावा इसका एक कूटनीतिक पक्ष भी है. यह अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत एक संप्रभु इकाई मानी जाती है. संयुक्त राष्ट्र में इसका ऑब्जर्बर स्टेटस है. कई देशों से इसके डिप्लोमेटिक रिलेशन हैं. हैं. आसान भाषा में, यह कोई सामान्य देश नहीं, बल्कि एक धार्मिक-मानवीय संगठन है जो दुनिया भर में सेवा कार्य करता है.
माल्टा के नाइट्स संगठन का मुख्यालय माल्टा में है और ये सदियों पुराना है. इसका पासपोर्ट किसी के पास होना बहुत स्पेशल होता है. ( ai image)
इसको मूल रूप से 11वीं शताब्दी में कैथोलिक चर्च से जुड़े एक धार्मिक-सेवा संगठन के रूप में बनाया गया था. 1113 में इसको औपचारिक मान्यता मिली. बाद में ये नाइट्स हास्पिटलर की परंपरा से विकसित होकर आज के सोवेरन मिलिट्री ऑर्डर ऑफ माल्टा के रूप में बना रहा. ये सदियों से इसलिए बरकरार है क्योंकि इसने अपना केंद्र सैन्य शक्ति से हटाकर मानवीय और चिकित्सा सेवा पर टिकाए रखा.
वेटिकन सिटी का पासपोर्ट
वेटिकन का पासपोर्ट भी सबसे दुर्लभ और धार्मिक है. दुनिया के सबसे छोटे देश का पासपोर्ट अपने आप में अनोखा दर्जा रखता है. ये आम नागरिकों को नहीं बल्कि केवल वेटिकन के उच्च पादरियों, कार्डिनल्स, बिशप्स और वेटिकन के राजनयिकों को दिया जाता है. स्विस गार्ड के सदस्यों के पास भी ये होता है.
वेटिकन सिटी का पासपोर्ट भी बहुत खास मानते हैं लेकिन ये वहां के ओहदे के आधार पर दिया जाता है और वो खत्म होने पर पासपोर्ट भी वापस ले लिया जाता है. ( ai image)
ये पासपोर्ट नागरिकता के बजाय पद के आधार पर दिया जाता है. जैसे ही कोई व्यक्ति अपना पद छोड़ता है, पासपोर्ट वापस ले लिया जाता है. ये बहुत कम लोगों को मिलता है और दुनियाभर में इसे मान्यता मिली हुई है.
सिंगापुर का पासपोर्ट
सिंगापुर का पासपोर्ट सबसे स्पेशल है यानि सबसे ताकतवर. सिंगापुर का पासपोर्ट बेजोड़ है. ये सिंगापुर के नागरिकों के पास होता है. यहां का पासपोर्ट दुनिया के 192 देशों में बिना वीज़ा के यात्रा करने की सुविधा देता है. ये बात इसे दुनिया का सबसे शक्तिशाली पासपोर्ट बनाती है. अगर आप बिना किसी झंझट के पूरी दुनिया घूमना चाहते हैं, तो यह आपके लिए सबसे खास पासपोर्ट है.
सबसे खूबसूरत पासपोर्ट
कहा जाता है कि नार्वे का पासपोर्ट सबसे खूबसूरत है. अगर इसे यूवी लाइट यानि ब्लैक लाइट के नीचे देखें, तो इसके पन्नों पर फजॉर्ड, नॉर्दर्न लाइट्स और आर्कटिक की खूबसूरत तस्वीरें उभरकर सामने आती हैं. इस वजह से इसे दुनिया के सबसे खूबसूरत पासपोर्टों में गिना जाता है. वैसे जापान के पासपोर्ट के पन्नों पर भी चेरी ब्लॉसम और माउंट फूजी की छपी कलाकृतियां यूवी लाइट में दिखाई देती हैं.
संयुक्त राष्ट्र संघ के लोगों का पासपोर्ट भी स्पेशल होता है . ( ai image)
संयुक्त राष्ट्र का पासपोर्ट
संयुक्त राष्ट्र के अधिकारियों को खास ‘लेसे-पासर’ जारी की जाती है, जो उन्हें राजनयिक छूट और सुविधाएं प्रदान करती है. हालांकि, यह एक देश के पासपोर्ट की जगह नहीं लेता बल्कि उसके साथ जोड़कर इस्तेमाल किया जाता है.
पासपोर्ट क्या बताता है
पासपोर्ट केवल एक यात्रा दस्तावेज नहीं है बल्कि ये आपकी वैश्विक स्थिति, ताकत और पहचान का एक साइलेंट बिजनेस कार्ड भी होता है. ये आपकी पोजिशन भी बताता है.
पासपोर्ट का रंग और डिजाइन आपके देश और वहां के कल्चर को दिखाता है. ज्यादातर कम्युनिस्ट या पूर्व-कम्युनिस्ट देश जैसे चीन, रूस लाल रंग का पासपोर्ट जारी हैं. वैसे कई यूरोपीय संघ के देश भी इसी रंग का पासपोर्ट जारी करते हैं.
नीले रंग का पासपोर्ट आमतौर पर अमेरिका, कनाडा, ब्राजील और कैरेबियन देश जारी करते हैं. ये देश स्वतंत्रता और समृद्धि का प्रतीक माने जाते हैं. तो इस्लामिक देश हरे रंग का पासपोर्ट जारी करते हैं. ये रंग पैगंबर मोहम्मद का प्रिय रंग माना जाता है.
काला रंग सबसे दुर्लभ और एलीट माना जाता है. न्यूजीलैंड के पासपोर्ट का रंग काला है. वैसे डिप्लोमैटिक पासपोर्ट अक्सर काले रंग के होते हैं. सिंगापुर, जापान, जर्मनी और फिनलैंड देश के पासपोर्ट को एलीट लीग में रखा जाता है.
इन पासपोर्ट वालों के लिए दुनिया करीब खुली ही है. वो बगैर वीजा दुनिया के ज्यादातर देशों में घूम सकते हैं. अमेरिका, ब्रिटे, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया के लोगों के पासपोर्ट स्ट्रांग लीग में गिना जाता है. इसके लोग 180-190 देशों में घूम सकते हैं.
भारत, चीन और ब्राजील जैसे देशों के लोग बगैर वीसा 70-80 देशों में घूम सकते हैं. यहां के पासपोर्ट को डेवलपिंग लीग में गिनते हैं और टियर3 पासपोर्ट की कैटेगरी में रखते हैं. इसके बाद टियर 4 पासपोर्ट वाले देश भी हैं. यहां के लोग बगैर वीसा 30 से भी कम देशों में जा सकते हैं, इसमें अफगानिस्तान, इराक, सीरिया आते हैं.



