Health

Heat Stroke: हीट स्ट्रोक क्या होता है? गर्मी में कैसे रहें हेल्दी, जानें जरूरी हेल्थ गाइड

Last Updated:April 25, 2026, 23:46 IST

थोड़ी सी सावधानी और सही जानकारी से हीट स्ट्रोक से आसानी से बचा जा सकता है. इस मौसम में हल्का भोजन करें, ठंडा पानी पिएं और शरीर को ठंडा रखने की कोशिश करें.

ख़बरें फटाफट

 हीट स्ट्रोक क्या होता है? गर्मी में कैसे रहें हेल्दी, जानें जरूरी हेल्थ गाइडZoom

देशभर में गर्मी का असर तेजी से बढ़ रहा है. दिन का तापमान लगातार ऊपर जा रहा है और लू चलने की संभावना भी बढ़ गई है. ऐसे मौसम में हीट स्ट्रोक का खतरा ज्यादा रहता है, इसलिए सावधानी रखना बहुत जरूरी हो जाता है. स्वास्थ्य विशेषज्ञ इस स्थिति से बचाव के लिए लगातार जरूरी सलाह दे रहे हैं.

हीट स्ट्रोक तब होता है जब शरीर का तापमान बहुत ज्यादा बढ़ जाता है और शरीर खुद को ठंडा करने की क्षमता खो देता है. यह स्थिति बहुत गंभीर हो सकती है और कभी-कभी जानलेवा भी साबित हो सकती है. इसलिए गर्मी के मौसम में सतर्क रहना बेहद जरूरी है.

हेल्थ गाइडलाइन्सनेशनल हेल्थ मिशन (NHM) ने लोगों से अपील की है कि वे खुद के साथ-साथ अपने परिवार की भी सुरक्षा का ध्यान रखें. सही समय पर बचाव और प्राथमिक उपचार अपनाकर इस समस्या से बचा जा सकता है. NHM ने खासतौर पर बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों की देखभाल पर जोर दिया है. उन्हें ज्यादा देर तक धूप में न रहने दें. विशेषज्ञों का कहना है कि थोड़ी सी सावधानी अपनाकर हीट स्ट्रोक से बचाव किया जा सकता है. इस मौसम में हल्का भोजन करें, ठंडा पानी पिएं और शरीर को ठंडा रखने की कोशिश करें.

हीट स्ट्रोक से बचाव के आसान तरीके– दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक भारी काम या बाहर निकलने से बचें, क्योंकि यह सबसे गर्म समय होता है.– दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें, भले ही प्यास न लगे.– कोल्ड ड्रिंक, चाय और कॉफी जैसे पेय पदार्थों से बचें, क्योंकि ये शरीर में पानी की कमी बढ़ा सकते हैं.– हल्के रंग के ढीले और सूती कपड़े पहनें, क्योंकि गहरे रंग ज्यादा गर्मी सोखते हैं.– बाहर काम करते समय हर 15–20 मिनट में छांव में आराम जरूर करें.

हीट स्ट्रोक होने पर क्या करेंअगर किसी व्यक्ति में हीट स्ट्रोक के लक्षण दिखें जैसे चक्कर आना, उल्टी, तेज बुखार, बेहोशी या शरीर का तापमान बहुत बढ़ जाना, तो तुरंत उसे ठंडी और हवादार जगह पर ले जाएं. उसके शरीर पर ठंडे पानी की पट्टी रखें या ठंडे पानी से सेक करें, खासकर गर्दन, कलाई और पैरों पर. मरीज को धीरे-धीरे ठंडा पानी पिलाते रहें. जब हालत थोड़ी ठीक हो जाए, तो उसे हल्के और पानी वाले फल या जूस दें.

About the Authorशारदा सिंहSenior Sub Editor

शारदा सिंह मध्यप्रदेश की रहने वाली हैं. उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से पत्रकारिता के क्षेत्र में अपना सफर शुरू किया. उनके पास डिजिटल मीडिया और लाइफस्टाइल पत्रक…और पढ़ें

न्यूजलेटर

अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज

खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में

सबमिट करें

Location :

New Delhi,Delhi

First Published :

April 25, 2026, 23:46 IST

Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj